PM मोदी को झालमुड़ी खिलाने वाले दुकानदार को धमकियां... ‘दुकान उड़ा देंगे’, पाकिस्तान-बांग्लादेश से आ रहे कॉल
पश्चिम बंगाल के झाड़ग्राम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को झालमुड़ी खिलाने वाले दुकानदार दीपक कुमार को कथित तौर पर पाकिस्तान और बांग्लादेश से धमकी भरे कॉल आ रहे हैं।
पश्चिम बंगाल के झाड़ग्राम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को झालमुड़ी खिलाने के बाद चर्चा में आए दुकानदार दीपक कुमार अब डर और तनाव के माहौल में जी रहे हैं। दीपक का दावा है कि उन्हें पाकिस्तान और बांग्लादेश से धमकी भरे फोन कॉल आ रहे हैं। कॉल करने वाले उनकी दुकान उड़ाने और जान से मारने की धमकी दे रहे हैं।
इस घटना के बाद दीपक और उनका परिवार काफी डरा हुआ है। मामला सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर भी चिंता बढ़ गई है।
वीडियो कॉल पर दिखाए हथियार
दीपक कुमार ने बताया कि कुछ दिनों से लगातार अनजान विदेशी नंबरों से कॉल आ रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि एक वीडियो कॉल के दौरान कुछ लोगों ने हथियार दिखाकर उन्हें धमकाया।
दीपक के अनुसार, कॉल करने वाले कह रहे थे कि—
“दुकान बंद कर दो, नहीं तो उड़ा देंगे।”
धमकियों के बाद परिवार ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है।
पीएम मोदी ने रोड शो के दौरान खाई थी झालमुड़ी
दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 20 अप्रैल को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान झाड़ग्राम में रोड शो किया था। इसी दौरान उन्होंने सड़क किनारे स्थित दीपक कुमार की दुकान पर रुककर झालमुड़ी खरीदी और खाई थी।
इस मुलाकात का करीब 40 सेकेंड का वीडियो और तस्वीरें प्रधानमंत्री मोदी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भी शेयर की थीं। इसके बाद दीपक कुमार अचानक सुर्खियों में आ गए थे।
‘कभी नहीं सोचा था पीएम मेरी दुकान पर आएंगे’
पीएम मोदी से मुलाकात के बाद दीपक कुमार ने मीडिया से बातचीत में कहा था—
“मैंने कभी नहीं सोचा था कि प्रधानमंत्री मेरी दुकान पर आकर झालमुड़ी खाएंगे।”
उन्होंने बताया कि उन्होंने पैसे लेने से मना किया था, लेकिन पीएम मोदी ने जबरदस्ती पैसे दिए।
दीपक के मुताबिक—
- पीएम ने झालमुड़ी खाकर तारीफ की
- उनकी पढ़ाई और कमाई के बारे में पूछा
- करीब 10 मिनट तक दुकान पर रुके
- बातचीत में राजनीति की कोई चर्चा नहीं हुई
बिहार से बंगाल आकर बस गया परिवार
दीपक कुमार मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं। फिलहाल वह अपने माता-पिता के साथ पश्चिम बंगाल में रहते हैं और झालमुड़ी बेचकर परिवार चलाते हैं।पीएम मोदी के दौरे के बाद उनकी दुकान चर्चा का विषय बन गई थी और आसपास बड़ी संख्या में लोग वहां पहुंचने लगे थे।
धमकियों के बाद बढ़ी सुरक्षा की मांग
विदेशी नंबरों से धमकियों के दावे के बाद स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों से मामले की जांच की मांग उठ रही है। हालांकि फिलहाल आधिकारिक तौर पर इन कॉल्स की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन परिवार ने सुरक्षा देने की मांग की है।