ट्रोल-डीजल और CNG की बढ़ती कीमतों पर गहलोत का हमला, बोले- जनता परेशान और सरकार कर रही तमाशा

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की बढ़ती कीमतों और किल्लत को लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि जनता लाइन में खड़ी है, लेकिन सरकार स्थिति स्वीकार करने की बजाय केवल दिखावा कर रही है।

May 26, 2026 - 14:49
ट्रोल-डीजल और CNG की बढ़ती कीमतों पर गहलोत का हमला, बोले- जनता परेशान और सरकार कर रही तमाशा

राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की बढ़ती कीमतों तथा ईंधन की किल्लत को लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। जयपुर में मीडिया से बातचीत करते हुए गहलोत ने कहा कि सरकार जनता की परेशानियों को समझने की बजाय केवल दिखावा और राजनीतिक तमाशा करने में लगी हुई है।

गहलोत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देशवासियों से कुछ कदम उठाने की अपील के बाद बीजेपी शासित राज्यों में मुख्यमंत्री और मंत्री अलग-अलग तरीके से दिखावे करने लगे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कोई रिक्शा में बैठकर गया, कोई पैदल चला और कोई इलेक्ट्रिक वाहन में घूमता नजर आया, लेकिन इससे आम जनता की समस्या का समाधान नहीं होता।

“तमाशे से जनता को राहत नहीं मिलेगी”

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल प्रतीकात्मक कदम उठाने से जनता प्रभावित नहीं होती। यदि सरकार वास्तव में कोई त्याग करती या ईमानदारी से स्थिति स्पष्ट करती तो लोगों को भरोसा होता। उन्होंने कहा कि जनता समझदार है और उसे वास्तविकता चाहिए, केवल दिखावा नहीं।

गहलोत ने कहा कि पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। ऐसे में सरकार को साफ शब्दों में बताना चाहिए कि आखिर स्थिति क्या है और दाम क्यों बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर सरकार मजबूरी बताकर पारदर्शिता रखती तो लोग स्थिति को बेहतर तरीके से समझते।

“पेट्रोल पंपों पर लाइनें लग रही हैं”

गहलोत ने दावा किया कि कई जगहों पर पेट्रोल पंपों पर लंबी लाइनें देखने को मिल रही हैं, लेकिन सरकार इस स्थिति को स्वीकार नहीं कर रही। उन्होंने कहा कि लोगों के मन में यह डर बना हुआ है कि अगले दिन कीमतें और बढ़ सकती हैं या ईंधन की कमी हो सकती है।

उन्होंने कहा कि हालात ऐसे हो गए हैं कि लोग सीमित मात्रा में पेट्रोल भरवा पा रहे हैं। कई यात्रियों को लंबी दूरी तय करने के दौरान बीच रास्ते में बार-बार पेट्रोल भरवाना पड़ रहा है।

“सरकार केवल इनकार कर रही है”

पूर्व मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री और बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ पर निशाना साधते हुए कहा कि दोनों वास्तविक स्थिति को स्वीकार करने से बच रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता परेशान है, लेकिन सरकार बार-बार इनकार कर रही है कि कोई समस्या नहीं है।

गहलोत ने कहा कि गांवों से लगातार शिकायतें आ रही हैं कि एलपीजी सिलेंडर समय पर नहीं मिल रहे। कई क्षेत्रों में 10 से 15 दिन तक गैस की सप्लाई प्रभावित रहने की खबरें सामने आ रही हैं।

गैस एजेंसियों और पेट्रोल पंप संचालकों की बढ़ी परेशानी

गहलोत ने कहा कि पेट्रोल पंप संचालक और गैस एजेंसी संचालक भी दबाव में हैं क्योंकि जनता सीधे उन्हीं से सवाल पूछती है। उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार स्थिति स्पष्ट करती तो स्थानीय स्तर पर जनता का गुस्सा डीलर्स और एजेंसियों को नहीं झेलना पड़ता।

उन्होंने आरोप लगाया कि स्थिति को लेकर स्पष्ट जानकारी नहीं देने के कारण भ्रम की स्थिति बनी हुई है। इससे आम जनता के साथ-साथ व्यापारियों और वितरकों की परेशानी भी बढ़ रही है।

सरकार से पारदर्शिता की मांग

गहलोत ने कहा कि सरकार को जनता के सामने वास्तविक स्थिति रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि महंगाई और ईंधन संकट जैसे मुद्दों पर राजनीति से ज्यादा जरूरी जनता को राहत देना है।

अब इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में ईंधन कीमतों और सप्लाई व्यवस्था को लेकर बहस और तेज होने की संभावना है।

Web Desk Web Desk The Khatak