एक्शन में सुरक्षाबल, पाकिस्तान में किया 27 आतंकियों का एनकाउंटर
पाकिस्तान में बढ़ते आतंकवादी हमलों के बीच सेना ने खैबर पख्तूनख्वा में बड़ा अभियान चलाते हुए 27 आतंकियों को मार गिराया।
पाकिस्तान में आतंकवाद की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। वर्षों तक आतंकवाद को संरक्षण देने के आरोप झेलने वाला पाकिस्तान अब खुद आतंकी घटनाओं से बुरी तरह प्रभावित हो चुका है। देश के कई हिस्सों में आए दिन धमाके, आत्मघाती हमले और सुरक्षाबलों पर हमलों की घटनाएं सामने आ रही हैं। इसी बीच पाकिस्तान की सेना ने खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में बड़ा सैन्य अभियान चलाते हुए 27 आतंकियों को मार गिराने का दावा किया है।
यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब रविवार को बलूचिस्तान के क्वेटा में एक ट्रेन पर आत्मघाती हमला हुआ, जिसमें 24 लोगों की मौत हो गई। इस हमले के बाद पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं और आतंकियों के खिलाफ लगातार ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं।
बन्नू जिले में सर्च एंड स्ट्राइक ऑपरेशन
पाकिस्तानी सेना की मीडिया शाखा इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (ISPR) के मुताबिक, शनिवार को खैबर पख्तूनख्वा के बन्नू जिले में खुफिया जानकारी के आधार पर सर्च एंड स्ट्राइक ऑपरेशन चलाया गया। इस दौरान सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई।
सेना के अनुसार इस कार्रवाई में 16 आतंकियों को मार गिराया गया। हालांकि ऑपरेशन के दौरान 2 पुलिसकर्मियों की भी मौत हो गई। मुठभेड़ में 3 आतंकी और 8 सुरक्षाकर्मी घायल हुए हैं। घायल जवानों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
सुरक्षाबलों ने इलाके को घेरकर कई घंटों तक तलाशी अभियान चलाया। अधिकारियों का कहना है कि मारे गए आतंकी लंबे समय से क्षेत्र में आतंकी गतिविधियों में शामिल थे और सुरक्षा बलों को निशाना बनाने की योजना बना रहे थे।
नॉर्थ वजीरिस्तान में भी सेना का एक्शन
रविवार को पाकिस्तान सेना ने खैबर पख्तूनख्वा के नॉर्थ वजीरिस्तान जिले में अलग-अलग स्थानों पर अभियान चलाया। ISPR के अनुसार इन सैन्य अभियानों में 11 और आतंकियों को ढेर किया गया।
सेना ने बताया कि मारे गए आतंकियों के पास से भारी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक सामग्री बरामद हुई है। अधिकारियों के मुताबिक ये आतंकी प्रांत में कई हमलों और हिंसक गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल थे।
आतंकवाद का सबसे बड़ा गढ़ बना खैबर पख्तूनख्वा
खैबर पख्तूनख्वा प्रांत लंबे समय से आतंकवाद से सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में शामिल रहा है। इसकी सीमा अफगानिस्तान से लगती है, जिसकी वजह से आतंकी संगठन सीमा पार से घुसपैठ कर हमलों को अंजाम देते रहे हैं।
पाकिस्तान में तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) समेत कई आतंकी संगठनों की गतिविधियां इस क्षेत्र में सक्रिय मानी जाती हैं। हाल के महीनों में सुरक्षाबलों पर हमले और आत्मघाती विस्फोटों की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं, जिससे सरकार और सेना की चिंता बढ़ गई है।
सेना ने कहा- अभियान जारी रहेगा
ISPR ने स्पष्ट किया है कि खैबर पख्तूनख्वा में अभी भी आतंकियों के कई ठिकाने मौजूद हैं और खतरा पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। ऐसे में आतंकवाद के सफाए के लिए सैन्य अभियान लगातार जारी रहेगा।
पाकिस्तानी सेना का कहना है कि देश में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए आतंकियों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की जाएगी। वहीं लगातार बढ़ती आतंकी घटनाओं ने पाकिस्तान की आंतरिक सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।