उदयपुर: ट्रैफिक पुलिस ASI राकेश मीणा का घर में जला हुआ शव मिलने से सनसनी
उदयपुर के सवीना थाने के भीलिया फंदा क्षेत्र में ट्रैफिक पुलिस में तैनात एएसआई राकेश मीणा (47) का घर के बेडरूम में जला हुआ शव मिला। परिवार गांव गया था और वे अकेले थे। पत्नी के फोन न उठाने पर पड़ोसी ने पुलिस को सूचना दी। प्राथमिक जांच में बेड पर आग लगने से मौत का अनुमान। 21 दिसंबर से ड्यूटी पर अनुपस्थित थे।
उदयपुर के सवीना थाना क्षेत्र के भीलिया फंदा इलाके में मंगलवार को एक दर्दनाक घटना सामने आई। ट्रैफिक पुलिस में तैनात असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (ASI) राकेश मीणा (उम्र 47 वर्ष) का अपने ही मकान के बेडरूम में जला हुआ शव मिला। शव बेड पर लेटे हुए अवस्था में था और बेड भी पूरी तरह जल चुका था। घटना से इलाके में सनसनी फैल गई।
परिवार गांव गया था, ASI घर पर थे अकेले पुलिस जांच के अनुसार, राकेश मीणा उस समय घर में अकेले थे। उनकी पत्नी और बच्चे अपने मूल गांव कोटपुतली (जयपुर जिले) गए हुए थे। आग केवल उसी बेडरूम में लगी थी जहां ASI सो रहे थे। प्राथमिक जांच में आग लगने की वजह से मौत होने का अनुमान लगाया गया है। संभवतः बेड पर किसी कारणवश आग लगी और उसकी चपेट में आने से ASI की मौत हो गई।
पड़ोसी की सूचना पर पुलिस पहुंची, दरवाजा तोड़कर शव बरामद घटना का खुलासा तब हुआ जब ASI की पत्नी ने रात में कई बार फोन किया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। रिंग जाती रही पर कोई जवाब नहीं मिला। सुबह फिर कॉल किए गए तो चिंता बढ़ गई। पत्नी ने पड़ोसी को घर जाकर देखने के लिए कहा। पड़ोसी जब घर पहुंचे तो कई देर तक दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद उन्हें धुएं की तेज बदबू आई, जिससे अनहोनी की आशंका हुई। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।सवीना पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया। बेडरूम में बेड पर जली हुई लाश मिली। शव को एमबी हॉस्पिटल की मोर्चरी में रखवाया गया है। थानाधिकारी भंवरलाल ने बताया कि प्राथमिक जांच में यह दुर्घटना लग रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद मौत के सटीक कारण स्पष्ट हो सकेंगे।
21 दिसंबर से ड्यूटी पर अनुपस्थित थे ASI उदयपुर ट्रैफिक डिप्टी अशोक आंजना ने घटना पर दुख जताते हुए बताया कि ASI राकेश मीणा की मौत बेहद दुखद है। वे 21 दिसंबर से ड्यूटी पर अनुपस्थित चल रहे थे। इससे पहले भी वे कुछ बार इसी तरह बिना सूचना के अनुपस्थित रह चुके थे। वे स्वभाव से मिलनसार थे, लेकिन कम बोलते थे। उनके सहकर्मी उन्हें शांत और ड्यूटी के प्रति समर्पित मानते थे।
पुलिस जांच जारी, कोई संदेह नहीं फिलहाल पुलिस मामले को आकस्मिक दुर्घटना मानकर जांच कर रही है। घर में आग लगने का कोई बाहरी कारण नहीं मिला है। संभवतः सिगरेट, शॉर्ट सर्किट या कोई अन्य घरेलू वजह से आग लगी हो। परिवार के गांव गए होने से घर में कोई और मौजूद नहीं था। घटना के बाद इलाके में शोक की लहर है। ASI के परिजनों को सूचना दे दी गई है और वे उदयपुर पहुंच रहे हैं।