PM मोदी की माता पर अभद्र टिप्पणी से भड़का आक्रोश,BJP कार्यकर्ताओं ने फूंका राहुल गांधी का पुतला.
जोधपुर के जालोरी गेट पर बीजेपी कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी के खिलाफ उग्र प्रदर्शन किया, उनका पुतला फूंका और कांग्रेस पर जमकर बरसे। यह सब बिहार के दरभंगा में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के दौरान पीएम मोदी और उनकी स्वर्गीय माता पर कथित अभद्र टिप्पणी के बाद भड़का। बीजेपी ने इसे कांग्रेस की ओछी राजनीति करार दिया, जबकि कांग्रेस ने पल्ला झाड़ते हुए इसे व्यक्तिगत हरकत बताया। मामला गर्म है, और सियासी तूफान थमने का नाम नहीं ले रहा!

जोधपुर, 31 अगस्त 2025: राजस्थान के जोधपुर में आज भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ जमकर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन दरभंगा, बिहार में राहुल गांधी की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी स्वर्गीय माता के खिलाफ की गई कथित अभद्र टिप्पणी के विरोध में था। बीजेपी कार्यकर्ताओं ने जोधपुर के जालोरी गेट पर राहुल गांधी का पुतला दहन किया और कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की, जिसमें इस तरह की टिप्पणियों को असहनीय बताया गया।
घटना का विवरण
जोधपुर में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने जालोरी गेट पर एकत्र होकर राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी के खिलाफ तीखा विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी दिवंगत माता के खिलाफ अपमानजनक भाषा का उपयोग कांग्रेस की ओछी मानसिकता को दर्शाता है। बीजेपी नेताओं ने इस घटना को लेकर कांग्रेस से बिना शर्त माफी की मांग की और चेतावनी दी कि यदि माफी नहीं मांगी गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
दरभंगा की घटना से शुरू हुआ विवाद
यह पूरा विवाद 27 अगस्त 2025 को बिहार के दरभंगा में राहुल गांधी की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के दौरान मंच से एक कथित कार्यकर्ता, मोहम्मद रिजवी उर्फ राजा, द्वारा प्रधानमंत्री और उनकी माता के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी से शुरू हुआ। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसमें मंच पर राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और तेजस्वी यादव के पोस्टर लगे थे। वीडियो में कार्यकर्ता द्वारा आपत्तिजनक भाषा का उपयोग साफ तौर पर सुना गया, जिसके बाद दरभंगा पुलिस ने रिजवी को गिरफ्तार कर लिया।
बीजेपी का तीव्र विरोध
इस घटना के बाद बीजेपी ने इसे राजनीतिक मुद्दा बनाते हुए देशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू किए। जोधपुर में जालोरी गेट पर हुए प्रदर्शन में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने कहा, “राहुल गांधी और कांग्रेस बार-बार प्रधानमंत्री और उनके परिवार को निशाना बनाकर निम्न स्तर की राजनीति कर रहे हैं। यह अब बर्दाश्त नहीं होगा।” कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी का पुतला जलाकर अपना आक्रोश जाहिर किया और नारेबाजी के दौरान कांग्रेस को “संस्कृति विरोधी” और “देश विरोधी” करार दिया।
कांग्रेस की सफाई और जवाब
दूसरी ओर, कांग्रेस ने इस मामले में सफाई देते हुए कहा कि यह टिप्पणी उनकी पार्टी की संस्कृति का हिस्सा नहीं है। कांग्रेस ने दावा किया कि यह घटना किसी व्यक्ति विशेष की हरकत थी और पार्टी इसका समर्थन नहीं करती। कांग्रेस कार्यकर्ता आशुतोष ने आरोप लगाया कि बीजेपी इस मुद्दे को तूल देकर राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है और यह सब “सरकार की शह पर” हो रहा है।
जोधपुर में प्रदर्शन की स्थिति
जालोरी गेट पर हुए प्रदर्शन के दौरान भारी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता मौजूद थे। स्थानीय पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। प्रदर्शनकारियों ने राहुल गांधी के खिलाफ नारे लगाए और कांग्रेस से इस मामले में तत्काल माफी की मांग की। बीजेपी नेताओं ने कहा कि इस तरह की टिप्पणियां न केवल प्रधानमंत्री का अपमान हैं, बल्कि भारतीय संस्कृति और मूल्यों पर भी हमला हैं।
अन्य स्थानों पर भी विरोध
जोधपुर के अलावा, बिहार के पटना, जमुई, बेगूसराय, समस्तीपुर और लखनऊ में भी बीजेपी कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी के खिलाफ प्रदर्शन किए। पटना में कांग्रेस कार्यालय के बाहर बीजेपी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच झड़प की खबरें भी सामने आईं, जहां पथराव और तोड़फोड़ के आरोप लगे। जमुई में बीजेपी विधायक श्रेयसी सिंह के नेतृत्व में पुतला दहन किया गया।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
इस घटना पर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) के नेता और बिहार सरकार में मंत्री अशोक चौधरी ने बीजेपी कार्यकर्ताओं के कांग्रेस दफ्तर में तोड़फोड़ की निंदा की। उन्होंने कहा कि किसी भी पार्टी के कार्यालय में घुसकर हंगामा करना गलत है। वहीं, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के प्रवक्ता मनोज झा ने बीजेपी पर पलटवार करते हुए कहा कि बीजेपी नेताओं ने भी अतीत में कई बार अभद्र टिप्पणियां की हैं, लेकिन उन्होंने कभी माफी नहीं मांगी।
यह घटना बिहार और राजस्थान सहित देश के कई हिस्सों में राजनीतिक तनाव को बढ़ा रही है। बीजेपी ने इसे एक बड़ा मुद्दा बनाते हुए कांग्रेस को घेरने की रणनीति अपनाई है, जबकि कांग्रेस इस मामले को व्यक्तिगत हरकत बताकर पल्ला झाड़ने की कोशिश कर रही है। जोधपुर में हुए प्रदर्शन ने स्थानीय स्तर पर भी इस मुद्दे को गर्म कर दिया है, और आने वाले दिनों में इस विवाद के और तूल पकड़ने की संभावना है।
जोधपुर के जालोरी गेट पर बीजेपी कार्यकर्ताओं द्वारा राहुल गांधी का पुतला दहन इस बात का संकेत है कि प्रधानमंत्री और उनकी माता के खिलाफ कथित अभद्र टिप्पणी ने बीजेपी को एक नया राजनीतिक हथियार दे दिया है। यह घटना न केवल बिहार बल्कि राजस्थान जैसे अन्य राज्यों में भी सियासी माहौल को गर्म कर रही है। बीजेपी ने इस मामले को लेकर कांग्रेस पर दबाव बढ़ाने की ठान ली है, जबकि कांग्रेस इसे व्यक्तिगत घटना बताकर बचने की कोशिश में है।