तूफान थामे खड़ा रहा फौजी, सिर्फ एक परफेक्ट फोटो के लिए वायरल वीडियो ने जीता दिल....

पूर्व भारतीय नौसेना अधिकारी रिटायर्ड लेफ्टिनेंट कमांडर नवतेज सिंह का गोवा तट पर तूफानी हवाओं में डटकर परफेक्ट फोटो लेने का वीडियो वायरल हो गया। 50-60 किमी/घंटा की रफ्तार वाली हवाओं और ऊँची लहरों के बावजूद वे हिले नहीं। आखिरकार गोल्डन आवर में परफेक्ट शॉट मिलने पर मुस्कुराते हुए लौटे। यह वीडियो नौसेना के अनुशासन, धैर्य और कभी हार न मानने वाले जज्बे का जीता-जागता प्रमाण बन गया है। 48 घंटे में 2 करोड़+ व्यूज, लाखों लोग सलाम कर रहे हैं।

Nov 26, 2025 - 18:49
तूफान थामे खड़ा रहा फौजी, सिर्फ एक परफेक्ट फोटो के लिए वायरल वीडियो ने जीता दिल....

गोवा: समुद्र की लहरें ऊंची उठ रही थीं, हवा 50-60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी। कोई आम इंसान तो दूर, छाता भी टिक नहीं पा रहा था। लेकिन वहाँ गोवा के किसी बीच पर एक शख्स बिना हिले-डुले खड़ा था। हाथ में प्रोफेशनल कैमरा, नजर सूरज और लहरों के मिलन बिंदु पर। नाम है — रिटायर्ड लेफ्टिनेंट कमांडर नवतेज सिंह।वीडियो में साफ दिखता है कि हर झोंके के साथ उनका शरीर पीछे झुक जाता है, रेत में पैर धंस जाते हैं, लेकिन वे गिरते नहीं। कैमरा एक सेकंड के लिए भी नहीं डगमगाता। आखिरकार सूरज बादलों के पीछे से ठीक उसी कोण पर निकला, लहर ने छलांग लगाई और गोल्डन रिफ्लेक्शन बना — क्लिक! परफेक्ट फोटो कैप्चर। इसके बाद नवतेज सिंह के चेहरे पर पहली बार मुस्कान आई और वे शांतिपूर्वक लौट गए।यह छोटा-सा वीडियो किसी और ने बनाया और सोशल मीडिया पर डाला। बस 48 घंटों में 2 करोड़ से ज्यादा बार देखा जा चुका है। इंस्टाग्राम, X (ट्विटर), व्हाट्सएप — हर जगह यही वीडियो वायरल है।लोग लिख रहे हैं:

 “समंदर से लड़ने वाला हवा से क्या डरेगा!”

“नेवी की ट्रेनिंग कभी रिटायर नहीं होती।”

“Respect बटन दबाते-दबाते उंगली दर्द कर गई।”

खुद नवतेज सिंह ने बाद में लिखा:

“समुद्र ने 22 साल तक रोज यही सिखाया — धैर्य रखो, मौका आएगा, बस डटे रहो। आज भी वही सबक काम आया।”1988 बैच के इस पूर्व नौसेना अधिकारी ने INS विक्रांत और INS विराट जैसे एयरक्राफ्ट कैरियर्स पर सेवा दी है। रिटायरमेंट के बाद वे अवॉर्ड विनिंग वाइल्डलाइफ और लैंडस्केप फोटोग्राफर हैं। लेकिन इस बार उनकी फोटो से ज्यादा उनका फौजी जज्बा वायरल हो गया।देश एक ही बात कह रहा है —

वर्दी उतर गई, जज्बा नहीं उतरा।

जय हिंद!