RPSC एग्जाम में इस बार सख्त तैयारी… नकल करने वालों पर कड़ी नजर, जानिए क्या है पूरा प्लान
RPSC SI परीक्षा 2025 में इस बार नकल रोकने के लिए खास और सख्त इंतजाम किए गए हैं। ऐसी तैयारी की गई है जिससे छिपे हुए तरीके भी पकड़ में आ जाएंगे।
राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने उप निरीक्षक/प्लाटून कमांडर संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा-2025 को नकल मुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए इस बार सख्त और हाईटेक तैयारियां की हैं। 5 और 6 अप्रैल को होने वाली इस भर्ती परीक्षा में किसी भी तरह की धोखाधड़ी रोकने के लिए विशेष रणनीति लागू की गई है।
पिछली परीक्षाओं में हाईटेक नकल के सामने आने के बाद आयोग ने इस बार तकनीक के साथ-साथ मेडिकल विशेषज्ञों की मदद लेने का फैसला किया है। खास बात यह है कि अभ्यर्थियों के कान के अंदर छिपे सूक्ष्म ब्लूटूथ डिवाइस पकड़ने के लिए ईएनटी (ENT) चिकित्सकों की टीम तैनात रहेगी। ये विशेषज्ञ पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण देंगे कि किस तरह माइक्रो ब्लूटूथ, स्मार्ट चश्मे और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की पहचान की जाए।
दो दिन, दो पारियों में होगी परीक्षा
5 और 6 अप्रैल को परीक्षा दो पारियों में आयोजित होगी। पहली पारी सुबह 11 बजे से 1 बजे तक सामान्य हिंदी की होगी, जबकि दूसरी पारी दोपहर 3 बजे से 5 बजे तक सामान्य ज्ञान एवं सामान्य विज्ञान की परीक्षा आयोजित की जाएगी।
परीक्षा केंद्रों पर कड़े इंतजाम
हर परीक्षा केंद्र पर वीडियोग्राफी अनिवार्य रहेगी और केंद्र के बाहर सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात होंगे। प्रत्येक परीक्षा कक्ष में दीवार घड़ी चालू रखना जरूरी होगा। अभ्यर्थियों और स्टाफ दोनों के लिए मोबाइल फोन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे।
प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की पहचान आधार कार्ड से मिलाई जाएगी और हैंड मेटल डिटेक्टर (HMD) से जांच की जाएगी। बिना स्पष्ट फोटोयुक्त पहचान पत्र के किसी को भी प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
7 लाख से ज्यादा अभ्यर्थी होंगे शामिल
RPSC सचिव रामनिवास मेहता के अनुसार, यह परीक्षा 1015 पदों के लिए आयोजित की जा रही है। इसमें 7 लाख 70 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया है। परीक्षा राज्य के 26 जिला मुख्यालयों और 15 उपखंड मुख्यालयों सहित कुल 41 शहरों के 1174 केंद्रों पर आयोजित होगी।
आयोग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि किसी भी अभ्यर्थी द्वारा अनुचित साधनों का उपयोग करने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।