जोधपुर में आज क्यों बंद रहेगी पानी की सप्लाई? जानिए किन इलाकों में कब आएगा पानी
जोधपुर शहर के कई इलाकों में आज पानी की सप्लाई बंद रहेगी। PHED ने फिल्टर प्लांट, पंप हाउस और पाइप लाइनों के रखरखाव एवं सफाई कार्य के चलते जलापूर्ति में बदलाव किया है।
राजस्थान के दूसरे सबसे बड़े शहर जोधपुर में एक बार फिर पानी संकट गहराने वाला है। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग (PHED) ने शहर के कई प्रमुख इलाकों में गुरुवार को जलापूर्ति बंद रखने का निर्णय लिया है। विभाग की ओर से फिल्टर प्लांट, पंप हाउस और पाइप लाइनों के रखरखाव व सफाई कार्य के चलते सप्लाई शेड्यूल में बदलाव किया गया है।
खास बात यह है कि पिछले 45 दिनों के दौरान यह सातवीं बार है जब शहर में पानी की कटौती की गई है। लगातार हो रही जलापूर्ति बाधित होने की घटनाओं से आम लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
क्यों बंद की गई पानी की सप्लाई?
PHED नगर वृत्त जोधपुर के अधीक्षण अभियंता राजेंद्र मेहता ने बताया कि ग्रीष्मकालीन जल भंडारण की तैयारी और शहर के विभिन्न फिल्टर हाउस, पंप हाउस तथा पाइपलाइन नेटवर्क की आवश्यक मरम्मत, रखरखाव और सफाई का कार्य किया जा रहा है।
इसी कारण शहर के कई क्षेत्रों में जलापूर्ति अस्थायी रूप से बंद रखने का निर्णय लिया गया है ताकि भविष्य में सप्लाई व्यवस्था को बेहतर बनाया जा सके।
इन क्षेत्रों में बदला गया जलापूर्ति शेड्यूल
कायलाना, चौपासनी और सूरपुरा फिल्टर हाउस क्षेत्र
इन तीनों फिल्टर हाउस से जुड़े सभी क्षेत्रों में 4 जून को होने वाली पानी की सप्लाई अब 5 जून को की जाएगी।
वहीं 5 जून को प्रस्तावित जलापूर्ति अब 6 जून को उपलब्ध कराई जाएगी।
इस बदलाव से हजारों परिवार प्रभावित होंगे, जिन्हें निर्धारित समय पर पानी नहीं मिल पाएगा।
झालामंड और तख्त सागर फिल्टर हाउस क्षेत्र
झालामंड और तख्त सागर फिल्टर हाउस से जुड़े इलाकों में गुरुवार सुबह 10 बजे तक सामान्य जलापूर्ति जारी रहेगी।
इन क्षेत्रों में शामिल हैं—
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सरस्वती नगर
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कुड़ी भगतासनी हाउसिंग बोर्ड के विभिन्न सेक्टर
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पाल बाईपास क्षेत्र
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शिल्पग्राम के आसपास के इलाके
इन क्षेत्रों में 5 जून को होने वाली सप्लाई अब 6 जून को दी जाएगी, जबकि 6 जून की सप्लाई 7 जून को की जाएगी।
लोगों की बढ़ी चिंता
भीषण गर्मी के बीच बार-बार पानी की कटौती से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। जून माह में तापमान लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है, ऐसे में जलापूर्ति बाधित होने से घरेलू जरूरतों के साथ पेयजल संकट भी खड़ा हो सकता है।
कई क्षेत्रों के लोगों का कहना है कि पिछले डेढ़ महीने में बार-बार सप्लाई प्रभावित होने से उन्हें वैकल्पिक व्यवस्था करनी पड़ रही है।
विभाग ने की अपील
PHED अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों के लोगों से पानी का सीमित और सावधानीपूर्वक उपयोग करने की अपील की है। विभाग ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे आवश्यक जरूरतों के लिए पहले से पानी का भंडारण कर लें ताकि जलापूर्ति में बदलाव के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो।
विभाग का कहना है कि रखरखाव कार्य पूरा होते ही जलापूर्ति को पूर्व निर्धारित व्यवस्था के अनुसार बहाल कर दिया जाएगा।
गर्मी में बढ़ी चुनौती
एक ओर जहां जोधपुर सहित पश्चिमी राजस्थान भीषण गर्मी की चपेट में है, वहीं दूसरी ओर बार-बार होने वाली जल कटौती लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही है। ऐसे में शहरवासियों की नजर अब इस बात पर है कि विभाग जल्द से जल्द रखरखाव कार्य पूरा कर नियमित जलापूर्ति बहाल करे।