बेंगलुरु को लगातार दूसरी बार चैंपियन बनाने वाले टॉप-5 फैक्टर: 675 रन, 28 विकेट और 8 मैच विनर्स ने दिलाई ट्रॉफी
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने IPL 2026 के फाइनल में गुजरात टाइटंस को 5 विकेट से हराकर लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम कर लिया।
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने IPL 2026 में इतिहास रचते हुए लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम कर लिया है। अहमदाबाद में खेले गए फाइनल मुकाबले में RCB ने गुजरात टाइटंस को 5 विकेट से हराकर ट्रॉफी पर कब्जा जमाया। इस जीत के साथ टीम ने उन आलोचनाओं को भी पीछे छोड़ दिया, जिनमें उसे वर्षों तक "अंडरअचीवर" कहा जाता रहा था।
RCB के लिए यह सफलता केवल एक खिताब की कहानी नहीं, बल्कि लंबे संघर्ष, टीम वर्क और सही रणनीति का परिणाम है। 18 साल तक ट्रॉफी का इंतजार करने वाली टीम अब लगातार दो सीजन की चैंपियन बन चुकी है।
विराट कोहली ने फाइनल में खेली मैच जिताऊ पारी
फाइनल मुकाबले में विराट कोहली ने एक बार फिर बड़े मैच के खिलाड़ी होने का परिचय दिया। उन्होंने नाबाद 75 रन बनाकर टीम को जीत दिलाई और अंत तक क्रीज पर टिके रहे। कोहली ने पूरे सीजन में 16 मैचों में 675 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 165.84 रहा और उन्होंने एक शतक के साथ पांच अर्धशतक भी लगाए।
सीजन के दौरान लगातार चौथी बार 600 से अधिक रन बनाकर विराट ने साबित कर दिया कि वह अब भी RCB की सबसे बड़ी ताकत हैं।
रजत पाटीदार की कप्तानी बनी जीत का आधार
RCB के कप्तान रजत पाटीदार ने लगातार दूसरी बार टीम को चैंपियन बनाया। इसके साथ ही वे IPL इतिहास में लगातार दो खिताब जीतने वाले तीसरे कप्तान बन गए हैं। उनसे पहले केवल महेंद्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा ही यह उपलब्धि हासिल कर पाए थे।
पाटीदार ने पूरे टूर्नामेंट में आक्रामक बल्लेबाजी और बेहतरीन कप्तानी का प्रदर्शन किया। उन्होंने 15 मैचों में 501 रन बनाए और उनका स्ट्राइक रेट 192.69 रहा।
RCB की बल्लेबाजी बनी सबसे बड़ी ताकत
इस सीजन RCB की बल्लेबाजी किसी एक खिलाड़ी पर निर्भर नहीं रही। विराट कोहली, रजत पाटीदार और देवदत्त पडिक्कल ने मिलकर 1640 रन बनाए।
- विराट कोहली – 675 रन
- रजत पाटीदार – 501 रन
- देवदत्त पडिक्कल – 464 रन
वहीं वेंकटेश अय्यर ने भी महत्वपूर्ण मौकों पर उपयोगी पारियां खेलीं। फाइनल में उनकी 16 गेंदों में 32 रन की तेज पारी ने टीम की जीत आसान बना दी।
भुवनेश्वर और हेजलवुड ने संभाली गेंदबाजी
RCB की गेंदबाजी भी पूरे सीजन शानदार रही। अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने 16 मैचों में 28 विकेट लेकर टीम की गेंदबाजी आक्रमण की अगुआई की।
प्रमुख गेंदबाजों का प्रदर्शन:
- भुवनेश्वर कुमार – 28 विकेट
- रसिख सलाम – 19 विकेट
- जोश हेजलवुड – 15 विकेट
- क्रुणाल पंड्या – 14 विकेट
क्रुणाल ने बल्ले और गेंद दोनों से योगदान देकर टीम को संतुलन प्रदान किया। वहीं स्पिनर सुयश शर्मा ने भी मध्य ओवरों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
टीम के पास थे कई मैच विनर
RCB की सफलता का एक बड़ा कारण यह भी रहा कि टीम किसी एक स्टार खिलाड़ी पर निर्भर नहीं रही। पूरे सीजन में 8 अलग-अलग खिलाड़ी प्लेयर ऑफ द मैच बने।
विराट कोहली ने सबसे ज्यादा तीन बार यह पुरस्कार जीता, जबकि जोश हेजलवुड, टिम डेविड, जैकब डफी, वेंकटेश अय्यर, भुवनेश्वर कुमार, रजत पाटीदार और फिल सॉल्ट ने भी अलग-अलग मैचों में जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
घरेलू मैदान बना RCB का किला
RCB ने अपने घरेलू मैदानों पर शानदार प्रदर्शन किया। टीम ने घर में खेले गए 7 मुकाबलों में से 6 जीते और 86 प्रतिशत जीत दर्ज की।
चिन्नास्वामी स्टेडियम और रायपुर में खेले गए मुकाबलों में टीम ने सनराइजर्स हैदराबाद, चेन्नई सुपर किंग्स, गुजरात टाइटंस और लखनऊ सुपर जायंट्स जैसी मजबूत टीमों को हराया।
RCB ने बदल दी अपनी पहचान
कभी IPL की सबसे चर्चित लेकिन ट्रॉफी से दूर रहने वाली टीम कही जाने वाली RCB अब लगातार दो खिताब जीतकर नई पहचान बना चुकी है। टीम ने साबित कर दिया कि सिर्फ बड़े नाम नहीं, बल्कि संतुलित टीम, मजबूत रणनीति और सामूहिक प्रदर्शन ही चैंपियन बनाते हैं।
IPL 2026 में RCB की सफलता क्रिकेट जगत के लिए एक बड़ा संदेश है कि सही नेतृत्व, मजबूत टीम संयोजन और लगातार प्रदर्शन किसी भी टीम को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकता है।