बारमेर में मिठी ईद (ईद-उल-फितर) का उत्साहपूर्ण आयोजन: हजारों मौमिनों ने ईदगाह में अदा की नमाज, गले मिलकर दी मुबारकबाद, सामुदायिक सद्भाव की मिसाल पेश की

बाड़मेर में मिठी ईद (ईद-उल-फितर) बड़े उत्साह से मनाई गई। गेहूं रोड स्थित जामा मस्जिद और ईदगाह में हजारों मौमिनों ने इमाम हाजी मौलाना लाल मोहम्मद सिद्दीकी की अगुवाई में नमाज अदा की। नमाज के बाद एक-दूसरे को गले मिलकर मुबारकबाद दी गई और देश में अमन-शांति की दुआएं मांगीं। कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह गोदारा सहित गैर-मुस्लिम नेताओं ने भी मुस्लिम भाइयों को गले लगाकर बधाई दी। जिलाध्यक्ष ने बाड़मेर की अनूठी कौमी एकता और सर्वधर्म समभाव की सराहना की, जिसे पूरे देश के लिए मिसाल बताया। यह आयोजन सामाजिक सद्भाव और भाईचारे का शानदार उदाहरण रहा।

Mar 21, 2026 - 10:48
बारमेर में मिठी ईद (ईद-उल-फितर) का उत्साहपूर्ण आयोजन: हजारों मौमिनों ने ईदगाह में अदा की नमाज, गले मिलकर दी मुबारकबाद, सामुदायिक सद्भाव की मिसाल पेश की

बारमेर, राजस्थान: राजस्थान के बाड़मेर जिले में ईद-उल-फितर, जिसे लोकप्रिय रूप से मिठी ईद कहा जाता है, बड़े ही उत्साह और भाईचारे के साथ मनाया गया। इस पवित्र त्योहार पर मुस्लिम समुदाय के हजारों मौमिनों ने शहर के गेहूं रोड स्थित जामा मस्जिद और ईदगाह में एकत्र होकर ईद की नमाज अदा की। नमाज के बाद सभी ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद मुबारकबाद दी और देश में अमन, शांति, भाईचारा तथा तरक्की की दुआएं मांगीं।

सुबह से शुरू हुई तैयारियां और नमाज का सिलसिला

शनिवार की सुबह से ही मौमिन ईदगाह की ओर बढ़ने लगे। सुबह लगभग 8 बजे हजारों लोग—जिनमें युवा, बुजुर्ग और बच्चे शामिल थे—ईद की नमाज अदा करने के लिए पंक्तिबद्ध होकर बैठ गए। जामा मस्जिद के पेश इमाम हाजी मौलाना लाल मोहम्मद सिद्दीकी की इमामत में नमाज अदा की गई। नमाज के दौरान मौमिनों ने सिर झुकाकर सजदा किया और अल्लाह तआला से देश की खुशहाली, भाईचारे, अमन-चैन तथा समृद्धि के लिए दुआएं मांगीं।

नमाज के बाद का माहौल बेहद भावुक और हर्षोल्लास से भरा रहा। मौमिनों ने एक-दूसरे को गले मिलकर भाईचारे का संदेश दिया और देश-दुनिया में शांति की कामना की। यह दृश्य सामाजिक सद्भाव की जीती-जागती मिसाल था, जहां हर उम्र के लोग शामिल हुए और त्योहार की खुशियां साझा कीं।

गैर-मुस्लिम नेताओं और अधिकारियों ने भी दी बधाई

ईद के इस पवित्र अवसर पर विभिन्न समुदायों के बीच एकता का खूबसूरत नजारा देखने को मिला। कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह गोदारा, नगर परिषद के पूर्व सभापति दिलीप माली, कांग्रेस नेता मांगीलाल वडेरा, युवा नेता ठाकराराम माली सहित पुलिस और प्रशासन के कई अधिकारी ईदगाह पहुंचे। उन्होंने मुस्लिम भाइयों को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और त्योहार की खुशियां साझा कीं।

नमाज के दौरान पुलिस प्रशासन ने चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की, जिससे पूरा आयोजन शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित रहा।जिलाध्यक्ष ने बारमेर की कौमी एकता की सराहना की,कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह गोदारा ने इस मौके पर कहा,"बारमेर की सामाजिक समरसता अनूठी और बेमिसाल है। एक-दूसरे के त्योहारों के प्रति आस्था रखना, उनका सम्मान करना और पुष्प वर्षा करना सर्वधर्म समभाव तथा इंसानियत का पैगाम देता है। बारमेर की कौमी एकता से पूरे देश और समाज को सीख लेने की जरूरत है।"

यह बयान बारमेर की उस खास पहचान को रेखांकित करता है, जहां विभिन्न धर्मों और समुदायों के लोग सदियों से सद्भाव और आपसी सम्मान के साथ रहते आए हैं।

त्योहार का महत्व

ईद-उल-फितर रमजान के पवित्र महीने के रोजों के बाद मनाया जाने वाला त्योहार है, जो अल्लाह की रहमत और इनाम का प्रतीक है। बारमेर में यह न केवल धार्मिक उत्सव रहा, बल्कि सामाजिक एकता और भाईचारे का मजबूत संदेश देने वाला अवसर भी साबित हुआ।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.