मारवाड़ का डोडा पोस्त किंग धराया 25 हजार का इनामी तस्कर दिनेश बिश्नोई गिरफ्तार, 4 साल से दे रहा था पुलिस को चकमा
राजस्थान ANTIF ने 4 साल से फरार चल रहे मारवाड़ के कुख्यात डोडा पोस्त किंग 27 वर्षीय दिनेश बिश्नोई को ऑपरेशन “मदानिश” में गिरफ्तार किया। आरोपी पर 5 जिलों में 6 NDPS मामले दर्ज थे, 25 हजार रुपये का इनामी था। पुलिस को चकमा देने के लिए घर के बाहर 4 मोटरसाइकिलें चाबी लगी रखता था, लेकिन इस बार ANTIF ने सभी बाइकों के पेट्रोल पाइप खोल दिए और मुखबिर की मदद से उसे 1 किमी खदेड़कर पकड़ लिया।
जोधपुर, 22 नवंबर 2025 :-राजस्थान की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTIF) ने नशे के बड़े सरगनाओं के खिलाफ अपनी कार्रवाई का सिलसिला बरकरार रखते हुए एक और बड़ी सफलता हासिल की है। लंबे समय से मारवाड़ क्षेत्र में डोडा पोस्त तस्करी का किंगपिन कहे जाने वाले 27 वर्षीय शातिर अपराधी दिनेश बिश्नोई को ऑपरेशन “मदानिश” के तहत आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी पर राजस्थान के पांच जिलों में छह NDPS मामले दर्ज थे और जालोर व प्रतापगढ़ पुलिस ने उसके सिर पर कुल 25,000 रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।
आरोपी की पूरी प्रोफाइल
नाम: दिनेश पुत्र भोमाराम बिश्नोई
उम्र: 27 वर्ष
जाति: बिश्नोई (लोल)
पता: इंदो की ढाणी, तलिया गोलिया मगरा, थाना लूणी, जोधपुर कमिश्नरेट (पश्चिम)
मात्र आठवीं तक पढ़ाई करने के बाद दिनेश चेन्नई मजदूरी करने गया, लेकिन मेहनत से शौक पूरे न होने पर उसने नशे के धंधे में कदम रख दिया। सन् 2021 में बुआ के लड़के मदन बेनिवाल विश्नोई के साथ मिलकर उसने मध्यप्रदेश से डोडा पोस्त की तस्करी शुरू की। बाद में दोस्त अशोक के साथ मिलकर बड़े स्तर पर कारोबार किया और कुछ ही सालों में कोठियां, लग्जरी गाड़ियां और खेतों का मालिक बन बैठा।
नशे का पारिवारिक धंधा
पिता भारी नशेड़ी ,बड़ा भाई पुसराराम माल लाने का काम करता है ,बुआ का बेटा मदन बेनिवाल मुख्य पार्टनर और साझेदार ,गाँव वालों की छोटी-मोटी मदद करके दिनेश ने अपना मजबूत मुखबिरी तंत्र बना रखा था, जिससे पुलिस की हर दबिश की खबर पहले मिल जाती थी।दर्ज आपराधिक मामलेथाना पारसोला (प्रतापगढ़) – 42 किलो डोडा पोस्त (2022) → 10,000 ₹ इनामी
थाना देवगढ़ (प्रतापगढ़) – 98.300 किलो डोडा पोस्त (2022) → 10,000 ₹ इनामी
थाना भाद्राजून (पाली) – 30 किलो (गाड़ी छोड़कर फरार)
थाना नाणा (पाली) – 25 किलो (2023)
थाना नाणा (पाली) – 170 किलो (2024)
थाना कैलाश नगर (सिरोही) – 18 किलो
पुलिस को 4 साल तक चकमा देता रहा
पिछले चार वर्षों में दर्जनों बार अलग-अलग जिलों की पुलिस और जोधपुर रेंज की साइक्लोन टीम ने दबिश दी, लेकिन दिनेश हर बार तैयार खड़ी चार मोटरसाइकिलों और गाँव की तंग पगडंडियों का इस्तेमाल कर फरार हो जाता था।गिरफ्तारी की पूरी पटकथा
ANTIF जोधपुर की टीम ने इस बार बेहद चालाकी से काम लिया: मुखबिर को मेहमान बनाकर दिनेश के साथ बैठाया गया
घर के बाहर खड़ी सभी मोटरसाइकिलों के पेट्रोल पाइप चुपके से खोल दिए गए
एक टीम ने घर पर छापा मारा, चार टीमों ने गाँव के बाहर नaka बंदी की
छापे के दौरान दिनेश पुरानी आदत से बाइक स्टार्ट कर भागा, लेकिन कुछ सौ मीटर बाद बाइक बंद
पैदल भागते हुए करीब 1 किलोमीटर तक पीछा किया गया
आखिरकार ANTIF टीम ने उसे दबोच लिया
पकड़े जाने पर बोला – “सोन चिड़िया ने दिया अपशगुन”
गिरफ्तार होते ही दिनेश टूट गया और बोला,“सुबह सूखे पेड़ पर सोन चिड़िया बहुत देर तक बैठी रही। मन हुआ था दूसरे गाँव चला जाऊँ, लेकिन मेहमान आने की वजह से रुक गया। काश चला गया होता…”एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के महानिरीक्षक श्री विकास कुमार, IPS ने बताया कि यह कार्रवाई अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस श्री एम.एन. दिनेश के मार्गदर्शन में हुई। पूरी टीम को शीघ्र ही ATS मुख्यालय जयपुर में विशेष सम्मान समारोह में सम्मानित किया जाएगा।नशे के खिलाफ राजस्थान पुलिस की जंग तेज होती जा रही है। मारवाड़ का डोडा पोस्त किंग अब सलाखों के पीछे है!