भुसावर के कमालपुरा में निराश्रित गोवंश से निजात की मांग: मौके पर समस्याओं का किया निस्तारण, रात्रि चौपाल में उठाया मुद्दा

भुसावर के कमालपुरा में रात्रि चौपाल में ग्रामीणों ने निराश्रित गोवंश से निजात की मांग की; एसडीएम ने मौके पर कई समस्याओं का निस्तारण किया और शेष के लिए विभागों को त्वरित कार्रवाई के आदेश दिए।

Nov 12, 2025 - 12:15
भुसावर के कमालपुरा में निराश्रित गोवंश से निजात की मांग: मौके पर समस्याओं का किया निस्तारण, रात्रि चौपाल में उठाया मुद्दा

भरतपुर, 12 नवंबर। राजस्थान के भरतपुर जिले के भुसावर उपखंड अंतर्गत कमालपुरा गांव में मंगलवार 11 नवंबर की देर शाम प्रशासन द्वारा रात्रि चौपाल एवं जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में उपखंड अधिकारी राधेश्याम मीणा स्वयं मौजूद रहे और ग्रामीणों की समस्याओं को ध्यान से सुना। कई मुद्दों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को सौंपकर त्वरित कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए।

रात्रि चौपाल का उद्देश्य और आयोजन;  प्रशासन की ओर से समय-समय पर आयोजित होने वाली रात्रि चौपाल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को उनके घर-द्वार पर ही न्याय और समाधान उपलब्ध कराना है। इस बार कमालपुरा गांव में आयोजित चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हुए। उपखंड अधिकारी राधेश्याम मीणा ने शाम करीब 7 बजे से रात 10 बजे तक चली इस जनसुनवाई में हर शिकायत को गंभीरता से लिया। ग्रामीणों ने पानी, बिजली, सड़क, गोवंश समस्या सहित कई मुद्दे उठाए।

प्रमुख मुद्दा: निराश्रित गोवंश की समस्या: चौपाल में सबसे प्रमुख मुद्दा निराश्रित गोवंश का रहा। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में सैकड़ों की संख्या में आवारा गायें घूम रही हैं, जो फसलों को नुकसान पहुंचा रही हैं। किसानों की फसलें बार-बार बर्बाद हो रही हैं, जिससे उनकी आजीविका पर संकट आ गया है। ग्रामीणों ने मांग की कि इन गोवंश को तुरंत पकड़कर गोशाला या अन्य सुरक्षित स्थान पर भेजा जाए। उपखंड अधिकारी ने इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए मौके पर ही पशुपालन विभाग और नगर पालिका के अधिकारियों को फोन कर निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अगले 48 घंटों में निराश्रित गोवंश को पकड़ने की कार्रवाई शुरू की जाएगी। साथ ही, गांव में अस्थायी गोवंश आश्रय केंद्र बनाने पर विचार करने का आश्वासन दिया।

अन्य समस्याओं का मौके पर निस्तारण; पेयजल संकट: कई ग्रामीणों ने हैंडपंप खराब होने और पानी की कमी की शिकायत की। एसडीएम ने जलदाय विभाग के जेईएन को मौके पर बुलाकर दो हैंडपंपों की मरम्मत कराई और एक नया हैंडपंप स्वीकृत किया।,बिजली की समस्या: गांव में ट्रांसफार्मर खराब होने से बिजली गुल होने की शिकायत पर जेवीवीएनएल के अधिकारियों को तुरंत सुधार के निर्देश दिए। एक ट्रांसफार्मर को मौके पर बदला गया।,सड़क और सफाई: गांव की मुख्य सड़क पर गड्ढे और कचरा जमा होने की समस्या पर पीडब्ल्यूडी और ग्राम पंचायत को साफ-सफाई व मरम्मत के आदेश जारी किए।,राशन वितरण और पेंशन: कुछ ग्रामीणों की राशन कार्ड और वृद्धावस्था पेंशन में अनियमितता की शिकायत पर संबंधित विभागों को जांच और सुधार के निर्देश दिए गए।,जिन समस्याओं का तत्काल समाधान नहीं हुआकुछ जटिल मामले जैसे भूमि विवाद, अवैध कब्जे और स्कूल में शिक्षकों की कमी आदि को एसडीएम ने संबंधित विभागों (तहसील, पटवारखाना, शिक्षा विभाग) को सौंपा। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि 7 दिनों के अंदर कार्रवाई रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। ग्रामीणों को विश्वास दिलाया गया कि उनकी हर शिकायत पर काम होगा।

ग्रामीणों की प्रतिक्रिया;  चौपाल के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना की। कमालपुरा के सरपंच ने कहा, “पहली बार अधिकारी रात में गांव आए और समस्याएं सुनीं। कई मुद्दों का तुरंत समाधान हुआ, उम्मीद है बाकी भी जल्द हल होंगे।” एक किसान ने गोवंश समस्या पर कहा, “अगर आवारा पशु हट गए तो हमारी फसलें बच जाएंगी।”

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.