शादी की खुशियों से सूरत लौटते परिवार पर टूटा काला साया भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर रोंगटे खड़े कर देने वाली भिड़ंत, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की दर्दनाक मौत!

भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर सांचौर के पास मरम्मत कार्य के कारण एक ही लेन से चल रहे यातायात में रॉंग साइड से आई फॉर्च्यूनर ने जसोल (बाड़मेर) के एक परिवार की किया सेल्टोस कार को जोरदार टक्कर मार दी। शादी समारोह से सूरत लौट रहे परिवार के अरुण भाई (35), पत्नी वंदना (33) और 4 साल की बेटी धीयारा की मौत हो गई। चचेरा भाई भरत और बेटा पहल गंभीर रूप से घायल। फॉर्च्यूनर के दो युवक भी जख्मी। पुलिस जांच जारी, जाम लगा रहा।

Basanti Parmar
Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
October 28, 2025 • 1:27 PM  3.9k
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राजस्थान
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शादी की खुशियों से सूरत लौटते परिवार पर टूटा काला साया भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर रोंगटे खड़े कर देने वाली भिड़ंत, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की दर्दनाक मौत!
“शादी की खुशियों से सूरत लौटते परिवार पर टूटा काला साया भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर रोंगटे खड़े कर देने वाली भिड़ंत, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की दर्दनाक मौत!”
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शादी की खुशियों से सूरत लौटते परिवार पर टूटा काला साया भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर रोंगटे खड़े कर देने वाली भिड़ंत, एक ही परिवार के तीन सदस्यों की दर्दनाक मौत!

सांचौर: मंगलवार सुबह भारतमाला एक्सप्रेस-वे पर एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया, जिसमें जसोल (बाड़मेर) के एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौके पर ही जान चली गई। यह हादसा सूरत लौटते वक्त हुआ, जब शादी समारोह की खुशियां मातम में बदल गईं। परिवार की किया सेल्टोस कार को रॉंग साइड से तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर ने जबरदस्त टक्कर मार दी, जिससे कार के परखच्चे उड़ गए। इस भयावह दुर्घटना में दो अन्य सदस्य गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि फॉर्च्यूनर सवार दो युवक भी चोटें खा चुके हैं।

परिवार का सफर जो बन गया अंतिम यात्रा: 

जानकारी के मुताबिक, जसोल निवासी 35 वर्षीय अरुण भाई अपनी पत्नी 33 वर्षीय वंदना, चार वर्षीय पुत्री धीयारा, पुत्र पहल और चचेरा भाई भरत के साथ रिश्तेदारी में शादी समारोह में शरीक होकर सूरत वापस लौट रहे थे। सुबह के समय सांचौर के पास एक्सप्रेस-वे के किलोमीटर 754 पर मोड़ के पास फॉर्च्यूनर रॉंग साइड से आ रही थी। दोनों वाहनों की आमने-सामने की जोरदार भिड़ंत इतनी प्रबल थी कि किया कार पूरी तरह चूर-चूर हो गई। हादसे में वंदना की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि अरुण भाई और मासूम धीयारा को अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही दम तोड़ना पड़ा। बचे हुए पहल और भरत गंभीर रूप से जख्मी हैं, जिन्हें सांचौर के एक निजी अस्पताल में तुरंत भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों का कहना है कि उनकी हालत नाजुक बनी हुई है।

रॉंग साइड ड्राइविंग और मरम्मत कार्य बने मौत का सबब: 

प्रत्यक्षदर्शियों के बयानों से सामने आया है कि हादसे वाली जगह पर एक्सप्रेस-वे का एक हिस्सा मरम्मत के चलते बंद पड़ा था। यातायात को एक ही लेन से डायवर्ट किया गया था, जिसके कारण मोड़ पर दोनों वाहन अनियोजित रूप से आमने-सामने आ गए। फॉर्च्यूनर चालक की लापरवाही से रॉंग साइड पर ड्राइविंग करना इस हादसे की मुख्य वजह मानी जा रही है। फॉर्च्यूनर में सवार दो युवकों को भी मामूली से गंभीर चोटें आई हैं, और उनकी पहचान अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है।

तुरंत पहुंची पुलिस, जाम और जांच का दौर: 

हादसे की सूचना मिलते ही सांचौर पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई। उन्होंने घायलों को फौरन मेडिकल सहायता पहुंचाई, शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा और दोनों वाहनों को जब्त कर लिया। प्रारंभिक जांच में रॉंग साइड ड्राइविंग और मरम्मत कार्य के दौरान यातायात प्रबंधन की कमी को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। हादसे के बाद एक्सप्रेस-वे पर करीब एक घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही, जिसे ट्रैफिक पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद सुचारू किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी है, जिसमें फॉर्च्यूनर चालक के खिलाफ लापरवाही का केस भी दर्ज हो सकता है।

जसोल में शोक की लहर, पूरा गांव स्तब्ध: 

जसोल गांव में इस हादसे की खबर फैलते ही सन्नाटा छा गया। अरुण भाई का परिवार स्थानीय स्तर पर जाना-पहचाना था, और उनकी अचानक मौत से रिश्तेदारों व पड़ोसियों में गहरा सदमा पहुंचा है। गांववासी एकजुट होकर शवों के अंतिम संस्कार की तैयारी में जुटे हैं, जबकि घायल सदस्यों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की जा रही है। यह घटना एक्सप्रेस-वे पर बढ़ते हादसों की ओर इशारा करती है, जहां मरम्मत कार्यों के दौरान सुरक्षा उपायों की कमी जानलेवा साबित हो रही है।यह हादसा न केवल एक परिवार की जिंदगी को तहस-नहस कर गया, बल्कि राजस्थान के इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट पर सवाल भी खड़े कर रहा है। अधिकारियों से मांग उठ रही है कि मरम्मत स्थलों पर बेहतर साइनेज, बैरिकेडिंग और ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू किया जाए, ताकि ऐसी त्रासदियां दोबारा न हों।

 

Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

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