फेसबुक विज्ञापन से शुरू हुआ निवेश का जाल, जोधपुर के प्रॉपर्टी डीलर से करीब डेढ़ करोड़ की साइबर ठगी...

जोधपुर में फेसबुक पर दिखे निवेश विज्ञापन के जरिए एक प्रॉपर्टी डीलर को साइबर ठगों ने निशाना बनाया। विज्ञापन पर क्लिक करने के बाद पीड़ित को व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़कर फर्जी शेयर ट्रेडिंग के नाम पर भरोसे में लिया गया और अलग-अलग खातों में करीब डेढ़ करोड़ रुपए निवेश करवाकर ठगी कर ली गई। मामले में शास्त्री नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस जांच कर रही है।

Feb 18, 2026 - 11:31
फेसबुक विज्ञापन से शुरू हुआ निवेश का जाल, जोधपुर के प्रॉपर्टी डीलर से करीब डेढ़ करोड़ की साइबर ठगी...

जोधपुर (राजस्थान):- जोधपुर में ऑनलाइन निवेश के नाम पर बड़ी साइबर ठगी का मामला सामने आया है, जहां फेसबुक पर दिखे एक आकर्षक विज्ञापन पर क्लिक करना एक प्रॉपर्टी डीलर के लिए भारी पड़ गया। ठगों ने पहले सोशल मीडिया के जरिए भरोसा जीता, फिर व्हाट्सएप ग्रुप और फर्जी ट्रेडिंग एप के माध्यम से करीब डेढ़ करोड़ रुपए हड़प लिए। घटना कुछ माह पुरानी बताई जा रही है, जिसकी रिपोर्ट अब शास्त्री नगर थाने में दर्ज कराई गई है।

फेसबुक विज्ञापन बना ठगी का पहला कदम

पीड़ित लीलाधर खत्री, जो जोधपुर में प्रॉपर्टी डीलिंग और शेयर बाजार से जुड़े काम करते हैं, ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि अक्टूबर 2025 में फेसबुक इस्तेमाल करते समय उन्हें निवेश से जुड़े कई आकर्षक विज्ञापन दिखाई दिए। बेहतर मुनाफे के लालच में उन्होंने एक विज्ञापन पर क्लिक किया, जिसके बाद उन्हें तुरंत तीन अलग-अलग व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ दिया गया।

महिला ने कॉल कर दिलाया भरोसा

व्हाट्सएप ग्रुप में शामिल होने के कुछ समय बाद एक महिला ने खुद को कंपनी की प्रतिनिधि बताते हुए उनसे संपर्क किया। उसने शेयर ट्रेडिंग और निवेश के जरिए कम समय में अधिक रिटर्न मिलने का भरोसा दिलाया। लगातार बातचीत और निवेश से जुड़े स्क्रीनशॉट दिखाकर विश्वास बनाया गया।

फर्जी ट्रेडिंग एप डाउनलोड करवाया

ठगों ने पीड़ित को एक ट्रेडिंग एप डाउनलोड करवाया और उसमें अकाउंट खुलवाने के लिए कहा। एप पर निवेश बढ़ता हुआ दिखाया जाता रहा, जिससे पीड़ित का भरोसा और मजबूत हो गया। इसके बाद अलग-अलग बैंक खातों में किस्तों में बड़ी रकम जमा करवाई गई।

अलग-अलग खातों में जमा करवाए करोड़ों रुपए

नवंबर 2025 से शुरू हुई निवेश प्रक्रिया के दौरान पीड़ित से धीरे-धीरे करीब डेढ़ करोड़ रुपए विभिन्न खातों में ट्रांसफर करवाए गए। शुरुआत में एप पर मुनाफा दिखता रहा, लेकिन बाद में अचानक उन्हें एप से हटा दिया गया और संपर्क भी बंद हो गया।

तब हुआ ठगी का अहसास

जब पीड़ित ने पैसे निकालने की कोशिश की और कोई जवाब नहीं मिला, तब उन्हें धोखाधड़ी का संदेह हुआ। इसके बाद उन्होंने राष्ट्रीय साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज करवाई और अब शास्त्री नगर थाने में भी मामला दर्ज कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और खातों व डिजिटल ट्रांजैक्शन की पड़ताल की जा रही है।

पुलिस की अपील

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर दिखने वाले निवेश विज्ञापनों पर बिना जांच-पड़ताल भरोसा न करें। किसी भी अनजान लिंक, एप या व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से निवेश करने से पहले कंपनी की सत्यता जरूर जांचें और लालच भरे रिटर्न के दावों से सावधान रहें।