सात अंकों वाले वाहनों के पंजीकरण बैकलॉग मामलों में परिवहन विभाग की सख्ती अनुपालन न करने वालों को अंतिम मौका.
जोधपुर परिवहन विभाग ने सात अंकों वाले पुराने वाहन पंजीकरण के बैकलॉग मामलों में सख्ती दिखाते हुए 880 वाहन मालिकों को पहले जारी नोटिस का पालन न करने पर अंतिम मौका दिया है। 14 और 15 जनवरी 2026 को कार्यालय में दस्तावेजों सहित हाजिर न होने पर संबंधित वाहनों की आरसी (पंजीकरण प्रमाण-पत्र) निरस्त कर दी जाएगी।
जोधपुर, 6 जनवरी 2026: राजस्थान के जोधपुर जिले में परिवहन विभाग ने सात अंकों वाले पुराने वाहन पंजीकरण नंबरों से जुड़े बैकलॉग और अन्य संबंधित मामलों को निपटाने के लिए कड़ा रुख अख्तियार किया है। विभाग ने उन वाहन मालिकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है, जिन्होंने पहले जारी नोटिस का पालन नहीं किया है। ऐसे मालिकों को अब अंतिम अवसर दिया जा रहा है, ताकि वे आवश्यक दस्तावेजों के साथ विभाग के समक्ष उपस्थित होकर अपना पक्ष रख सकें।
परिवहन विभाग के अनुसार
जिला परिवहन अधिकारी (डीटीओ) के अनुसार, कार्यालय द्वारा नोटिस संख्या 1047 से 1926 (दिनांक 24 दिसंबर 2025) के तहत कुल 880 वाहन मालिकों को सूचना जारी की गई थी। इन नोटिसों में वाहन मालिकों को अपने वाहन तथा उससे जुड़े सभी जरूरी दस्तावेजों (जैसे आरसी, इंश्योरेंस, फिटनेस सर्टिफिकेट आदि) के साथ जिला परिवहन कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से हाजिर होने के सख्त निर्देश दिए गए थे।अब उन शेष वाहन मालिकों को, जिन्होंने अभी तक इन नोटिसों का अनुपालन नहीं किया है, 14 जनवरी और 15 जनवरी 2026 को कार्यालय में उपस्थित होने का अंतिम मौका दिया जा रहा है।
डीटीओ ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्धारित तारीखों के बाद भी यदि कोई वाहन मालिक हाजिर नहीं होता है, तो संबंधित वाहनों के पंजीकरण प्रमाण-पत्र (आरसी) को नियमों के अनुसार निरस्त कर दिया जाएगा। इससे वाहन का संचालन अवैध हो जाएगा और आगे कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।
यह कार्रवाई मुख्य रूप से पुराने सात डिजिट वाले पंजीकरण नंबरों के संदिग्ध या बैकलॉग मामलों को साफ करने के लिए की जा रही है, ताकि फर्जी या अनियमित पंजीकरणों पर अंकुश लगाया जा सके। विभाग का कहना है कि इससे वाहन रिकॉर्ड को अपडेट और पारदर्शी बनाने में मदद मिलेगी। प्रभावित वाहन मालिकों से अपील की गई है कि वे समय रहते कार्यालय में संपर्क करें और अनावश्यक परेशानी से बचें।
वाहन मालिक अधिक जानकारी के लिए जोधपुर जिला परिवहन कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। यह कदम राज्य भर में चल रही समान अभियानों का हिस्सा है, जहां संदिग्ध पुराने पंजीकरणों की जांच की जा रही है।