कोटा में बड़ा हादसा टला: पेट्रोल पंप से महज 300 मीटर दूर राख के टैंकर में भीषण आग, पास के धान लदे ट्रक की त्रिपाल भी जली
कोटा के ट्रांसपोर्ट नगर में पेट्रोल पंप से सिर्फ 300 मीटर दूर राख से भरे टैंकर में स्पार्किंग से भीषण आग लग गई। पास खड़े धान के ट्रक की त्रिपाल भी जल गई, लेकिन सतर्क ड्राइवर ने ट्रक हटाकर बड़ा हादसा टाल दिया। महज 5 मिनट में दमकल पहुंची और आग पर काबू पा लिया। कोई जनहानि नहीं हुई।
कोटा, 4 दिसंबर 2025: राजस्थान के कोटा शहर में आज दोपहर एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। अनंतपुरा थाना क्षेत्र के ट्रांसपोर्ट नगर में पेट्रोल पंप से मात्र 300 मीटर की दूरी पर खड़े एक राख (फ्लाई ऐश) से भरे टैंकर में अचानक स्पार्किंग होने से भीषण आग लग गई। आग ने टैंकर के आगे वाले केबिन को पूरी तरह अपनी चपेट में ले लिया, जबकि पास ही खड़े धान से लदे एक ट्रक की त्रिपाल भी जल गई। सतर्क ड्राइवर की त्वरित कार्रवाई और दमकल विभाग की फौरन पहुंच ने स्थिति को नियंत्रण में ला दिया, जिससे जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ।
घटना का पूरा विवरण ट्रांसपोर्ट नगर इलाका कोटा का व्यस्त व्यापारिक केंद्र है, जहां सैकड़ों ट्रक और टैंकर खड़े रहते हैं। आज दोपहर करीब 1 बजे का समय था, जब राख से भरा एक बड़ा टैंकर सामान्य रूप से खड़ा था। अचानक टैंकर के इलेक्ट्रिकल सिस्टम से स्पार्किंग शुरू हो गई, जो देखते ही देखते आग में बदल गई। शुरुआत में आग टैंकर के इंजन के आसपास भड़की और पलक झपकते ही पूरे आगे वाले केबिन को लपेट लिया। लपटें इतनी तेज थीं कि आसपास खड़े अन्य वाहनों को खतरा हो गया।पास में ही एक धान से भरा ट्रक खड़ा था, जिसकी त्रिपाल आग की चपेट में आ गई। ट्रक ड्राइवर ने स्थिति को भांपते हुए तुरंत वाहन को स्टार्ट किया और उसे सुरक्षित खाली जगह पर ले जाकर रोक दिया। इस सतर्कता से आग का फैलाव रुक गया और ट्रक का मुख्य हिस्सा बच गया। यदि ड्राइवर ने ऐसा न किया होता, तो आग तेजी से फैल सकती थी, खासकर क्योंकि टैंकर राख से भरा था, जो ज्वलनशील पदार्थ नहीं होने के बावजूद आसपास के अन्य वाहनों को प्रभावित कर सकता था।
दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय दमकल विभाग ने फौरन अमला तैनात किया। मात्र 5 मिनट के अंदर दमकल की गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंच गईं। दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पाने के लिए पानी की बौछारें शुरू कर दीं। लगभग आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग को पूरी तरह बुझा दिया गया। विभाग के एक अधिकारी ने बताया, "स्पार्किंग के कारण आग लगने की आशंका इलेक्ट्रिकल शॉर्ट सर्किट से थी। सौभाग्य से टैंकर में ज्वलनशील पदार्थ नहीं था, इसलिए स्थिति बिगड़ने से पहले ही नियंत्रित हो गई।"
नुकसान और सबक हादसे में टैंकर के केबिन को भारी नुकसान पहुंचा है, जबकि धान लदे ट्रक की त्रिपाल पूरी तरह जल गई। धान को कोई क्षति नहीं पहुंची। जानमाल के नुकसान से बचा, लेकिन यह घटना ट्रांसपोर्ट नगर जैसे संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा मानकों की पुनरावलोकन की मांग करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि वाहनों की नियमित इलेक्ट्रिकल जांच और स्पार्किंग रोकने वाले उपकरणों का उपयोग अनिवार्य होना चाहिए। स्थानीय प्रशासन ने जांच के आदेश दिए हैं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।