कोटा-झालावाड़ हाईवे पर भीषण सड़क हादसा: ट्रेलर पीछे से ट्रक में घुसा, ड्राइवर केबिन में फंसा; आधे घंटे की मशक्कत के बाद बचाया गया
कोटा-झालावाड़ नेशनल हाईवे 52 पर मोडक थाना क्षेत्र के जालिमपुरा पेट्रोल पंप के पास शनिवार रात एक ट्रेलर ने पीछे से रुके ट्रक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि ट्रेलर का चालक केबिन में फंस गया। पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से आधे घंटे की मशक्कत के बाद उसे निकाला गया और झालावाड़ अस्पताल भेजा गया। हादसे से हाईवे पर लंबा जाम लग गया, जिसे क्रेन की मदद से हटाए गए वाहनों के बाद बहाल किया गया।
राजस्थान के कोटा-झालावाड़ नेशनल हाईवे 52 पर शनिवार रात एक भयावह सड़क दुर्घटना हुई। मोडक थाना क्षेत्र के जालिमपुरा पेट्रोल पंप के पास यह हादसा हुआ, जहां कोटा की ओर जा रहे एक ट्रक में पीछे से तेज रफ्तार ट्रेलर ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर की तीव्रता इतनी अधिक थी कि ट्रेलर का आगे का हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसका चालक केबिन में बुरी तरह फंस गया। हादसे के तुरंत बाद हाईवे पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे घंटों ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही।
हादसे का कारण: पहले से लगा था जाम मोडक थाना अधिकारी सज्जन गोठवाल के अनुसार, दुर्घटना से पहले इस क्षेत्र में पहले से ही ट्रैफिक जाम लगा हुआ था। जाम के कारण आगे जा रहा ट्रक रुका हुआ था। पीछे से आ रहा ट्रेलर चालक संभवतः स्थिति का आकलन नहीं कर पाया या वाहन पर नियंत्रण खो बैठा, जिसके चलते उसने सीधे ट्रक के पीछे जोरदार धक्का मार दिया। ट्रेलर में कोटा स्टोन (एक प्रकार का प्रसिद्ध राजस्थानी पत्थर) भरा हुआ था, जो झालावाड़ क्षेत्र से कोटा की ओर ले जाया जा रहा था। भारी वजन और तेज गति के कारण टक्कर का प्रभाव और भी गंभीर हो गया।
रेस्क्यू ऑपरेशन: पुलिस और स्थानीय लोगों की मेहनत हादसे की सूचना मिलते ही मोडक थाना पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। ट्रेलर का केबिन बुरी तरह विकृत हो चुका था, जिससे चालक अंदर फंस गया था। पुलिसकर्मियों और स्थानीय लोगों की संयुक्त मदद से करीब आधे घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद चालक को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घायल चालक को तत्काल प्राथमिक उपचार दिया गया और गंभीर चोटों को देखते हुए उसे झालावाड़ के सरकारी अस्पताल में रेफर कर दिया गया। गनीमत रही कि हादसे में चालक की जान बच गई, हालांकि उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
जाम दूर करने में लगी क्रेन हादसे के बाद क्षतिग्रस्त ट्रक और ट्रेलर सड़क पर ही अड़ गए थे, जिससे हाईवे पूरी तरह ब्लॉक हो गया। पुलिस ने क्रेन की मदद से दोनों वाहनों को सड़क से हटवाया। इस प्रक्रिया में कुछ समय लगा, लेकिन अंततः यातायात को पुनः सुचारू रूप से बहाल कर दिया गया। इस दौरान कई यात्री घंटों जाम में फंसे रहे, जिससे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल रहा।यह हादसा राजस्थान के व्यस्त हाईवे पर होने वाली दुर्घटनाओं की बढ़ती संख्या को उजागर करता है, जहां जाम, तेज रफ्तार और लोडेड भारी वाहनों के कारण ऐसे मामले आम हो रहे हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और ट्रेलर चालक की लापरवाही को मुख्य कारण मानकर आगे की कार्रवाई की जा रही है।