कोटा में दर्दनाक सड़क हादसा: बाइक सवार को बचाने के चक्कर में ऑटो ड्राइवर की मौत, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
कोटा के खाई रोड पर देर रात एक ऑटो चालक शंभू केवट की मौत हो गई। अज्ञात बाइक सवार को बचाने के प्रयास में उनका ऑटो बेकाबू होकर डिवाइडर से टकराया और पलट गया। सिर में गंभीर चोट लगने से अस्पताल में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। शंभू परिवार के इकलौते कमाने वाले थे, जिनके पीछे पांच बेटियां और एक छोटा बेटा रह गया है। पुलिस जांच कर रही है।
राजस्थान के कोटा शहर में एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हुआ, जिसमें एक ऑटो रिक्शा चालक की जान चली गई। यह घटना नयापुरा थाना क्षेत्र के खाई रोड इलाके में करबला के पास देर रात करीब 11 बजे हुई। मृतक की पहचान शंभू केवट के रूप में हुई है, जो किराए के ऑटो चलाकर अपने बड़े परिवार का भरण-पोषण करते थे।
घटना की जानकारी के अनुसार, शंभू केवट अपना ऑटो चला रहे थे जब अचानक एक अज्ञात बाइक सवार उनकी ओर आया। बाइक सवार को बचाने के प्रयास में शंभू ने ऑटो का संतुलन खो दिया और वाहन बेकाबू होकर सड़क के डिवाइडर से जा टकराया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑटो पलट गया और शंभू डिवाइडर पर जा गिरे। गिरने से उनके सिर में गंभीर चोटें आईं, जिससे उनकी मौके पर ही हालत बिगड़ गई।
हादसे के तुरंत बाद वहां मौजूद राहगीरों ने सूझबूझ दिखाते हुए एम्बुलेंस को सूचना दी। घायल शंभू को फौरन कोटा के एमबीएस अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। शंभू की मौत से इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।
पड़ोसियों और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के मुताबिक, शंभू केवट एक मेहनती और जिम्मेदार व्यक्ति थे। वे रोजाना ऑटो चलाकर परिवार की जिम्मेदारियां निभाते थे। उनके परिवार में पांच बेटियां और एक छोटा बेटा है। शंभू परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य थे, जिसके कारण उनकी अचानक मौत ने पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिवार अब आर्थिक संकट और भावनात्मक सदमे से जूझ रहा है। बेटियों की शादी और छोटे बेटे के भविष्य की चिंता अब परिवार के सामने बड़ी चुनौती बन गई है।
नयापुरा थाना पुलिस ने घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है। पुलिस का कहना है कि अज्ञात बाइक सवार की तलाश की जा रही है और मामले की गहन जांच चल रही है। सड़क सुरक्षा के लिहाज से यह हादसा एक बार फिर लापरवाही और तेज रफ्तार के खतरों को उजागर करता है।
यह घटना कोटा जैसे व्यस्त शहर में सड़क हादसों की बढ़ती संख्या पर सवाल उठाती है। स्थानीय लोग मांग कर रहे हैं कि खाई रोड जैसे इलाकों में बेहतर लाइटिंग, डिवाइडर की मजबूती और ट्रैफिक नियंत्रण के इंतजाम किए जाएं ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाएं न हों।शंभू केवट की मौत ने न केवल उनके परिवार को बल्कि पूरे इलाके को गहरे शोक में डुबो दिया है।