दिल्ली के मालवीय नगर के रेस्टोरेंट में भीषण आग... जान बचाने को खिड़कियों से कूदे लोग
दिल्ली के मालवीय नगर स्थित हौज रानी इलाके में होटल-रेस्टोरेंट में लगी भीषण आग में 10 लोगों की मौत हो गई। कई लोग घायल हुए हैं। हादसे के बाद फायर सेफ्टी व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
राजधानी दिल्ली के पॉश इलाके मालवीय नगर में बुधवार सुबह एक भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। हौज रानी इलाके में स्थित एक होटल-रेस्टोरेंट में अचानक आग भड़कने के बाद कुछ ही मिनटों में धुएं ने पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। अंदर मौजूद लोगों में चीख-पुकार मच गई और कई लोग अपनी जान बचाने के लिए खिड़कियों व बालकनी से नीचे कूदने पर मजबूर हो गए।
इस दर्दनाक हादसे में 10 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य लोग घायल हुए हैं। घायलों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में चल रहा है।
कुछ ही मिनटों में विकराल हुई आग
जानकारी के अनुसार, आग मालवीय नगर के हौज रानी स्थित लेमन ग्रीन रेस्टोरेंट में लगी थी। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि हादसा शॉर्ट सर्किट के कारण हुआ हो सकता है। हालांकि, आग लगने की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए जांच जारी है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को बाहर निकलने का पर्याप्त समय तक नहीं मिला। धुएं से पूरा परिसर भर गया, जिससे कई लोग ऊपरी मंजिलों में फंस गए।
खिड़कियों से कूदकर बचाई जान
हादसे के दौरान कई लोगों ने अपनी जान बचाने के लिए खिड़कियों और बालकनी से छलांग लगा दी। स्थानीय लोगों ने भी राहत कार्य में अहम भूमिका निभाई।
स्थानीय विधायक सोमनाथ भारती के अनुसार, पास की एक गद्दे की दुकान के मालिक ने नीचे गद्दे बिछा दिए, जिसकी मदद से कई लोगों ने ऊपर से कूदकर अपनी जान बचाई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक 20 से 25 लोग घायल हुए हैं।
दमकल विभाग ने चलाया बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन
दिल्ली फायर सर्विस को सुबह करीब 9 बजे आग लगने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही कई दमकल गाड़ियां, वाटर बाउजर और क्विक रिस्पॉन्स वाहन मौके पर भेजे गए।
दमकल कर्मियों ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान बेसमेंट और अन्य हिस्सों में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घायलों को तत्काल CATS एम्बुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया।
प्रशासन और पुलिस जांच में जुटी
एसडीएम जितेंद्र कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस और अन्य एजेंसियों को मौके पर भेज दिया गया था। शुरुआती जांच में आग होटल परिसर से फैलने की बात सामने आई है।
प्रशासन यह भी जांच कर रहा है कि होटल सभी आवश्यक नियमों और लाइसेंस शर्तों का पालन कर रहा था या नहीं। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि इमारत में फायर सेफ्टी के पर्याप्त इंतजाम मौजूद थे या नहीं।
फायर सेफ्टी व्यवस्था पर फिर उठे सवाल
दिल्ली में समय-समय पर सामने आने वाले आगजनी के मामलों के बाद भी कई व्यावसायिक इमारतों में सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल उठते रहे हैं। मालवीय नगर का यह हादसा भी एक बार फिर फायर सेफ्टी व्यवस्था की गंभीरता को उजागर करता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित फायर ऑडिट, इमरजेंसी एग्जिट और सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता ऐसे हादसों में जान-माल के नुकसान को कम कर सकती है।
मालवीय नगर के होटल-रेस्टोरेंट में लगी आग ने कई परिवारों को गहरा सदमा दिया है। हादसे में 10 लोगों की जान चली गई, जबकि कई घायल अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट पर है, जिससे आग लगने के वास्तविक कारण और संभावित लापरवाही की तस्वीर साफ हो सकेगी।