बाड़मेर: विरात्रा माता मंदिर में फोटोग्राफी टेंडर को लेकर दो फोटोग्राफर गुटों में जमकर मारपीट, लाठियां-सरिए चले; ट्रस्ट ने टेंडर किया निरस्त
राजस्थान के बाड़मेर जिले में विरात्रा माता मंदिर परिसर में पर्यटकों की फोटोग्राफी के टेंडर को लेकर दो फोटोग्राफर गुटों के बीच रविवार शाम भयंकर मारपीट हुई। दोनों पक्षों ने लाठियां, डंडे और सरिए से एक-दूसरे पर हमला किया, जिससे मंदिर में अफरा-तफरी मच गई। वीडियो वायरल होने के बाद ट्रस्ट ने फोटोग्राफी टेंडर निरस्त कर दिया और पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने दो युवकों को डिटेन किया है और जांच जारी है।
राजस्थान के बाड़मेर जिले में स्थित विरात्रा माता मंदिर परिसर में पर्यटकों की फोटोग्राफी को लेकर दो फोटोग्राफरों के गुटों के बीच रविवार शाम को भयंकर मारपीट हो गई। इस घटना में दोनों पक्षों के लोग लाठियां, डंडे और सरिए लेकर एक-दूसरे पर टूट पड़े। मारपीट इतनी उग्र थी कि कोई सरिया लेकर पीछा कर रहा था, तो कोई दुकान या कमरे में घुसकर हमला कर रहा था। इस दौरान मंदिर परिसर में अफरा-तफरी मच गई और वहां मौजूद महिलाएं एवं अन्य श्रद्धालु सहमकर घटना देखते रह गए।
यह घटना बाड़मेर के चौहटन थाना क्षेत्र अंतर्गत विरात्रा माता मंदिर की है। मारपीट का वीडियो सोमवार देर शाम सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जो करीब 1 मिनट 3 सेकंड लंबा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि दो गुटों के 10-12 युवक एक-दूसरे पर लाठी-डंडों और सरिए से हमला कर रहे हैं। एक युवक दुकान के अंदर घुसता दिख रहा है, फिर भागता नजर आता है। मारपीट करने आए युवकों को दूसरे पक्ष ने सामने से मुकाबला कर भगा दिया।
झगड़े की वजह: फोटोग्राफी का टेंडर विरात्रा माता ट्रस्ट के अध्यक्ष भैरू सिंह ढोक ने बताया कि मंदिर परिसर में पर्यटकों की फोटोग्राफी के लिए ट्रस्ट की ओर से टेंडर दिया जाता है। इस बार टेंडर रिड़मल सिंह नामक व्यक्ति के पास था। शनिवार को कुछ पर्यटक मंदिर में अपना अलग फोटोग्राफर लेकर आए, जिस पर टेंडरधारक पक्ष और उस फोटोग्राफर के बीच बहस हो गई।इस बहस के अगले दिन यानी रविवार शाम को दूसरे पक्ष के लोग गाड़ियों में भरकर मंदिर पहुंचे और मारपीट शुरू कर दी। दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे और सरिए लेकर एक-दूसरे पर टूट पड़े। ट्रस्ट अध्यक्ष ने कहा कि यह झगड़ा पूरी तरह फोटोग्राफी के अधिकार को लेकर दोनों पक्षों के बीच हुआ है।
ट्रस्ट का फैसला: टेंडर निरस्त, रिपोर्ट दर्ज वीडियो वायरल होने और घटना का संज्ञान लेते हुए विरात्रा ट्रस्ट ने तुरंत फोटोग्राफी का टेंडर निरस्त कर दिया। ट्रस्ट अध्यक्ष भैरू सिंह ढोक ने कहा, "वीडियो हमारे पास भी आया। सभी लोग लाठी-डंडों और सरिए से मारपीट कर रहे थे। हमारी व्यवस्था को बिगाड़ा गया और हमारे लोगों के साथ दुर्व्यवहार व मारपीट की गई। इसलिए ट्रस्ट ने टेंडर निरस्त करने का फैसला लिया और पुलिस में रिपोर्ट भी दर्ज कराई है।"
पुलिस की कार्रवाई चौहटन थाने के सर्किल इंस्पेक्टर ललित किशोर ने बताया कि वीडियो संज्ञान में आने के बाद युवकों की पहचान की जा रही है। फिलहाल दो युवकों को डिटेन किया गया है। अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से थाने में लिखित शिकायत नहीं दी गई है। जैसे ही रिपोर्ट मिलेगी, उसी आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मंदिर का महत्व विरात्रा माता मंदिर (जिसे वांकल माता मंदिर भी कहा जाता है) बाड़मेर जिले के चौहटन क्षेत्र में एक पहाड़ी पर स्थित प्राचीन और चमत्कारी मंदिर है। यह मंदिर करीब 900 साल पुराना माना जाता है और मां हिंगलाज की शक्तिपीठ से जुड़ा हुआ है। यहां राजस्थान सहित गुजरात और अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। मंदिर ट्रस्ट पर्यटकों की सुविधा के लिए फोटोग्राफी जैसे व्यवस्था करता है, लेकिन इस बार यह व्यवस्था ही विवाद का कारण बन गई।