बाड़मेर में नए साल की शुरुआत घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के साथ

बाड़मेर में नए साल 2026 की शुरुआत मावठ की बारिश और सीजन के सबसे घने कोहरे के साथ हुई। बारिश के बाद तापमान में 4 डिग्री की गिरावट आई और शीतलहर बढ़ गई। हाईवे पर विजिबिलिटी मात्र 50 फीट रह गई, वाहनों की रफ्तार थम गई। मौसम विभाग ने घने कोहरे और कड़ाके की ठंड का अलर्ट जारी किया है। मावठ से रबी फसलों को बड़ा फायदा होने की उम्मीद है।

Jan 1, 2026 - 11:42
बाड़मेर में नए साल की शुरुआत घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के साथ

बाड़मेर, 1 जनवरी 2026: राजस्थान के मरुस्थलीय जिले बाड़मेर में नया साल 2026 ठंडी हवाओं, घने कोहरे और शीतलहर की चपेट में शुरू हुआ। मावठ की बारिश के बाद मौसम ने अचानक करवट बदली और गुरुवार (1 जनवरी) सुबह जिलेभर में सीजन का अब तक का सबसे घना कोहरा छा गया। कोहरे की मोटी चादर ने विजिबिलिटी को इतना कम कर दिया कि हाईवे और सड़कों पर मात्र 50 फीट की दूरी पर भी कुछ दिखाई नहीं दे रहा था। वाहन चालकों को दिन के उजाले में भी हेडलाइट जलाकर बेहद धीमी गति से गाड़ी चलानी पड़ी। कई जगहों पर वाहनों की रफ्तार पूरी तरह थम गई और यातायात प्रभावित रहा।

बारिश ने बदला मौसम का मिजाज साल 2025 की विदाई बारिश की बूंदों के साथ हुई। 31 दिसंबर (बुधवार) सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे। दोपहर करीब 1 बजे काले बादलों की गर्जना के साथ बारिश शुरू हो गई, जो रुक-रुक कर करीब एक घंटे तक जारी रही। रात करीब 8:30 बजे भी जिले के कई इलाकों में तेज बौछारें पड़ीं। इस मावठ (सर्दियों की बारिश) ने रेगिस्तानी इलाके में ठंडक घोल दी और शीतलहर को बढ़ावा दिया।पिछले पांच सालों में दिसंबर सबसे गर्म रहा था। इस बार दिसंबर में न्यूनतम तापमान 11.4 डिग्री सेल्सियस से नीचे नहीं गया, जो सामान्य से काफी ऊपर था। लेकिन बारिश के बाद तापमान में अचानक गिरावट आई। बुधवार को अधिकतम तापमान 24.2 डिग्री और न्यूनतम 14.6 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि एक दिन पहले अधिकतम तापमान 28.2 डिग्री था – यानी करीब 4 डिग्री की गिरावट।

रबी फसलों को मिलेगा बड़ा फायदा बाड़मेर के ग्रामीण इलाकों में कई जगहों पर अच्छी बारिश दर्ज की गई। नवंबर में बोई गई रबी फसलें (जैसे जीरा, इसबगोल, गेहूं आदि) अब ग्रोथ की अवस्था में हैं। पहले कम सर्दी के कारण फसलों की बढ़वार कमजोर थी, लेकिन मावठ की इस बारिश से मीठे पानी की उपलब्धता बढ़ेगी और फसलों की पैदावार में इजाफा होने की उम्मीद है। ठंड बढ़ने से भी फसलों को लाभ मिलेगा। किसान इस बारिश को वरदान मान रहे हैं।

मौसम विभाग का अलर्ट: कड़ाके की ठंड और कोहरे की चेतावनी मौसम विभाग ने शुक्रवार (2 जनवरी) को भी बाड़मेर सहित पूरे जिले में घने कोहरे का यलो अलर्ट जारी किया है। बारिश के बाद ओस जमने से कोहरा घना बना हुआ है। जनवरी महीने में कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना है, जिससे फसलों पर पाले का खतरा भी बढ़ सकता है। विभाग ने वाहन चालकों को सलाह दी है कि कोहरे में हेडलाइट जलाकर रखें, फॉग लाइट का इस्तेमाल करें और रफ्तार बेहद धीमी रखें। अनावश्यक यात्रा से बचें।राजस्थान के अन्य हिस्सों में भी ठंड और कोहरे का असर जारी है। नए साल पर पूरे उत्तर भारत में शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित किया है। बाड़मेर जैसे रेगिस्तानी इलाके में भी यह असामान्य ठंड लोगों के लिए चुनौती बन गई है। लोग अलाव का सहारा ले रहे हैं और गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आ रहे हैं।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.