Balotra Water Crisis: पेयजल संकट से परेशान ग्रामीणों का कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन, 14 गांवों में पानी की भारी किल्लत
बालोतरा जिले की आकड़ली बक्सीराम ग्राम पंचायत में गहराए पेयजल संकट को लेकर ग्रामीणों ने जिला कलेक्ट्रेट पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का आरोप है कि 14 गांवों में पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है और प्रशासन अब तक समाधान नहीं कर पाया है।
बालोतरा में पेयजल संकट को लेकर ग्रामीणों का प्रदर्शन
राजस्थान के बालोतरा जिले में भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट लगातार गहराता जा रहा है। बुधवार को आकड़ली बक्सीराम ग्राम पंचायत के ग्रामीण बड़ी संख्या में जिला कलेक्ट्रेट पहुंचे और विरोध प्रदर्शन किया।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि इलाके के करीब 14 गांव गंभीर जल संकट से जूझ रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर जल्द समाधान की मांग की।
कई बार शिकायत के बावजूद नहीं हुआ समाधान
पूर्व सरपंच रईसदान चारण ने बताया कि पानी की समस्या को लेकर स्थानीय प्रशासन और जलदाय विभाग को कई बार अवगत कराया जा चुका है। इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
ग्रामीणों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण हालात और खराब हो गए हैं। गांवों में नियमित जलापूर्ति नहीं होने से लोगों को निजी टैंकरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
एक टैंकर के लिए खर्च करने पड़ रहे 2000 रुपए
ग्रामीणों के अनुसार पानी की कमी के कारण उन्हें निजी टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं। एक टैंकर पानी के लिए करीब 2000 रुपए तक खर्च करने पड़ रहे हैं।
इससे गरीब और मजदूर वर्ग के परिवारों की आर्थिक स्थिति पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। कई परिवारों के लिए रोजमर्रा की जरूरत का पानी जुटाना भी मुश्किल हो गया है।
जल जीवन मिशन पर भी उठे सवाल
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने जल जीवन मिशन (JJM) योजना के कार्यों पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि कई आबादी ढाणियों में अब तक केवल 30 प्रतिशत घरों तक ही पानी के कनेक्शन पहुंच पाए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि योजना की धीमी प्रगति के कारण बड़ी संख्या में परिवार आज भी पेयजल सुविधा से वंचित हैं।
गर्मी में बढ़ी लोगों की परेशानी
भीषण गर्मी और तापमान बढ़ने के कारण पानी की समस्या ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। महिलाओं और बच्चों को दूर-दूर से पानी लाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और बड़ा किया जाएगा।
प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग
प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने मांग की कि प्रभावित गांवों में नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जाए, टैंकरों की संख्या बढ़ाई जाए और जल जीवन मिशन के अधूरे कार्यों को जल्द पूरा किया जाए।
ग्रामीणों का कहना है कि पानी जैसी मूलभूत जरूरत के लिए उन्हें बार-बार संघर्ष करना पड़ रहा है, जबकि प्रशासन अब तक समस्या के समाधान में गंभीरता नहीं दिखा रहा।