50 लाख रुपये की बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाई ने रची खौफनाक साजिश, पत्थरों से सिर कुचलकर भाई की हत्या; चार गिरफ्तार

50 लाख रुपये की दुर्घटना बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाइयों समेत चार आरोपियों ने गुजरात से बुलाकर अपने भाई देवीसिंह रावत की निर्मम हत्या कर दी। होली और जमीन रजिस्ट्री के बहाने शराब पिलाकर सुनसान जगह पर पत्थरों से सिर कुचल दिया और शव को सड़क हादसा दिखाने के लिए फेंक दिया। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और एफएसएल जांच के आधार पर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। ग्रामीणों ने शुरू से ही हत्या का शक जताया था।

Mohit Parihar
Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
April 1, 2026 • 10:53 AM  14
क
क्राइम
NEWS CARD
Logo
50 लाख रुपये की बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाई ने रची खौफनाक साजिश, पत्थरों से सिर कुचलकर भाई की हत्या; चार गिरफ्तार
“50 लाख रुपये की बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाई ने रची खौफनाक साजिश, पत्थरों से सिर कुचलकर भाई की हत्या; चार गिरफ्तार”
Favicon
Read more on thekhatak.com
1 Apr 2026
https://www.thekhatak.com/50-lakh-insurance-murder-brother-killed-by-siblings-in-rajsamand
Google News
Copied
50 लाख रुपये की बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाई ने रची खौफनाक साजिश, पत्थरों से सिर कुचलकर भाई की हत्या; चार गिरफ्तार

राजसमंद जिले के देवगढ़ थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली हत्या का मामला सामने आया है। 50 लाख रुपये की दुर्घटना बीमा राशि हड़पने के लालच में सगे भाइयों समेत चार लोगों ने मिलकर अपने ही भाई की निर्मम हत्या कर दी। आरोपियों ने होली के बहाने और जमीन रजिस्ट्री का झांसा देकर गुजरात से पीड़ित को बुलाया, शराब पिलाई और फिर सुनसान जगह पर पत्थरों से सिर कुचलकर हत्या कर दी। शव को सड़क हादसा दिखाने के लिए चलती बाइक से सड़क किनारे फेंक दिया गया।

घटना का विवरण

मामला बड़ावास बग्गड़ गांव का है। मृतक देवीसिंह रावत (निवासी बड़ावास बग्गड़) की लाश 7 मार्च 2026 को रीको एरिया के पास कुंडेली रोड पर मिली थी। शुरुआत में पुलिस और ग्रामीणों ने इसे सड़क दुर्घटना मान लिया था, लेकिन बाद में जांच में यह पूरी तरह से सुनियोजित हत्या निकली।

थानाधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि आरोपियों ने कुछ महीने पहले देवीसिंह के नाम पर करीब 50 लाख रुपये की दुर्घटना बीमा पॉलिसी करवाई थी। उसी रकम को हड़पने के लिए हत्या की साजिश रची गई।

आरोपी कौन हैं?

पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है: दुधसिंह उर्फ दिनेश सिंह (27 वर्ष) — मृतक देवीसिंह का सगा भाई, मुख्य साजिशकर्ता।भगवान सिंह (26 वर्ष) — मृतक का सगा भाई।सुरेंद्र सिंह (29 वर्ष), निवासी गणेशपुरा रावली, थाना टॉडगढ़ (जिला ब्यावर)।टीकम सिंह (30 वर्ष), निवासी जस्साखेड़ा भीम।सभी आरोपी अहमदाबाद (गुजरात) में मजदूरी करते थे।

साजिश कैसे रची गई?

दुधसिंह ने गुजरात में रहते हुए ही हत्या की योजना बनाई।होली सेलिब्रेशन और गांव में जमीन रजिस्ट्री का बहाना बनाकर देवीसिंह को गुजरात से राजसमंद बुलाया गया।4 मार्च को दुधसिंह ने भाई भगवान सिंह और अन्य दो आरोपियों के साथ साजिश रची।6 मार्च की रात को भगवान सिंह देवीसिंह को बाइक पर करमाल चौराहे ले गया। वहां शराब पिलाई गई और मृतक का मोबाइल फ्लाइट मोड पर डाल दिया गया।फिर सभी आरोपी कामलीघाट क्षेत्र के सुनसान जगह पर पहुंचे और मिलकर देवीसिंह के सिर पर भारी पत्थरों से वार किए। पत्थरों से सिर कुचल दिया गया, जिससे मौत हो गई।

हादसा दिखाने की कोशिश

हत्या के बाद आरोपियों ने शव को सड़क हादसा दिखाने के लिए एक चलती बाइक से कुंडेली रोड पर फेंक दिया। बाइक को भी पास में ही पटक दिया गया ताकि लगे कि अनियंत्रित वाहन से टकराकर मौत हुई है। इसके बाद सभी आरोपी खेतों के रास्ते भागकर अपने घर पहुंच गए और सो गए।अगले दिन 7 मार्च को शव मिलने पर दुधसिंह ने खुद थाने में झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई कि अज्ञात वाहन ने टक्कर मारी और भाई की मौत हो गई। रिपोर्ट में उसने बताया कि देवीसिंह 6 मार्च की रात ननिहाल जा रहा था और सुबह वापस आते समय हादसा हुआ।

पुलिस जांच और खुलासा

ग्रामीणों ने शुरू से ही हादसे पर शक जताया था। उन्होंने कहा कि यह दुर्घटना नहीं, बल्कि बीमा राशि के लालच में हत्या है। आक्रोशित ग्रामीणों ने बग्गड़ टोल नाके पर प्रदर्शन किया, कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा और 24 गांवों की महापंचायत भी आयोजित की। भीम विधायक हरिसिंह रावत और डीएसपी राकेश वर्मा ने मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया।

पुलिस ने घटनास्थल का दोबारा निरीक्षण किया और एफएसएल टीम (Forensic Science Laboratory) से जांच करवाई। तकनीकी साक्ष्यों में:घटना के समय मृतक के साथ भगवान सिंह की मोबाइल लोकेशन मिली।बाद में मोबाइल बंद पाया गया।संदेह के आधार पर पूछताछ की गई तो सभी आरोपियों ने हत्या की पूरी साजिश और वारदात कबूल कर ली। उन्हें हत्या और साक्ष्य मिटाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है।

ग्रामीणों की प्रतिक्रिया

घटना के बाद से ही गांव वालों ने हादसा मानने से इनकार कर दिया था। मृतक के परिजनों ने भी शुरुआत से दुधसिंह और उसके साथियों पर साजिश का आरोप लगाया था, जो अब पुलिस जांच में सही साबित हो गया है। महापंचायत और प्रदर्शन में लोगों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों को सख्त सजा देने की मांग की थी।

Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.

Digital Archives

home Home amp_stories Web Stories local_fire_department Trending play_circle Videos mark_email_unread Newsletter