महिला आरक्षण पर सियासी घमासान, खरगे ने ऐसा क्या कहा जिससे बढ़ गया विवाद? जानिए पूरा मामला
महिला आरक्षण को लेकर सरकार और विपक्ष में तनाव बढ़ गया है। खरगे के बयान के बाद मामला और गर्मा गया है।
महिला आरक्षण को लेकर देश की राजनीति में एक बार फिर जोरदार बहस छिड़ गई है। इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी तेज हो गई है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने स्पष्ट कहा कि विपक्ष महिला आरक्षण के खिलाफ नहीं है, लेकिन सरकार जिस तरीके से इस बिल को आगे बढ़ा रही है, वह सही नहीं है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक विवाद और बढ़ गया है।
खरगे ने आरोप लगाया कि सरकार इस मुद्दे को राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल कर रही है और इसे डिलिमिटेशन जैसे संवेदनशील विषयों से जोड़कर भ्रम पैदा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष हमेशा से महिला आरक्षण का समर्थन करता रहा है।
विपक्षी दलों की बैठक में भी इस मुद्दे पर चर्चा हुई, जहां कई दलों ने सरकार की रणनीति पर सवाल उठाए और डिलिमिटेशन से जुड़े प्रस्तावों का विरोध करने की बात कही।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि महिला आरक्षण का समर्थन तो किया जा रहा है, लेकिन इसकी प्रक्रिया और उद्देश्य पर गंभीर सवाल उठते हैं।
वहीं सरकार की ओर से कहा गया है कि महिला आरक्षण देश की महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में ऐतिहासिक कदम है और इसे लेकर किसी तरह का विरोध नहीं होना चाहिए।
अब यह मुद्दा संसद में और गरमाने की संभावना है, जहां आने वाले सत्र में इस पर विस्तृत चर्चा हो सकती है।