सऊदी अरब से लौटे युवक का शव रखने से जोधपुर AIIMS ने किया इनकार, परिजन रातभर बैठे रहे, सुबह दूसरे अस्पताल ले गए.
सऊदी अरब में काम के दौरान बालोतरा जिले के गिड़ा निवासी रमेश कुमार मेघवाल की मौत हो गई। शव भारत लाने के बाद परिजन पोस्टमॉर्टम के लिए जोधपुर एम्स पहुंचे, लेकिन मॉर्च्यूरी में शव रखने से इनकार कर दिया गया। मजबूरी में परिजन पूरी रात एम्स परिसर में डेडबॉडी के साथ बैठे रहे और सुबह शव को दूसरे अस्पताल ले जाया गया।
जोधपुर/बालोतरा, 19 दिसंबर 2025: राजस्थान के बालोतरा जिले के गिड़ा तहसील स्थित मेघवालों की ढाणी (सोहड़ा) निवासी 19 वर्षीय रमेश कुमार मेघवाल की सऊदी अरब में 13 नवंबर 2025 को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। लंबी कानूनी लड़ाई और राजस्थान हाईकोर्ट के हस्तक्षेप के बाद आखिरकार उनका शव एक महीने से अधिक समय बाद गुरुवार (18 दिसंबर) को भारत लाया गया। शव जयपुर एयरपोर्ट पहुंचा, जहां से परिजन इसे जोधपुर ले आए।परिजनों का इरादा जोधपुर के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) में शव का पोस्टमॉर्टम करवाने का था, क्योंकि मौत संदिग्ध हालात में हुई थी और परिवार को आत्महत्या की बजाय हत्या का शक है। सऊदी अरब की ओर से जारी डेथ सर्टिफिकेट में मौत का कारण सुसाइड बताया गया है, लेकिन परिवार इससे सहमत नहीं है। वे पोस्टमॉर्टम करवाकर असल कारण जानना चाहते थे।हालांकि, जोधपुर AIIMS पहुंचने पर अस्पताल प्रशासन ने मॉर्च्यूरी में शव रखने से इनकार कर दिया। इसका कारण स्पष्ट नहीं बताया गया, लेकिन संभवतः विदेश से आए शव की प्रक्रिया या अन्य प्रशासनिक कारण हो सकते हैं। परिजन शव के साथ रातभर AIIMS परिसर में ही बैठे रहे और काफी मशक्कत की। अंत में सुबह वे शव को लेकर दूसरे अस्पताल चले गए, जहां पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी की जा सके।रमेश कुमार मेघवाल अक्टूबर 2025 में रोजगार की तलाश में सऊदी अरब गए थे। वहां उनकी मौत की खबर आने के बाद परिवार ने शव लाने के लिए काफी प्रयास किए। मामला राजस्थान हाईकोर्ट तक पहुंचा, जहां मृतक की मां तेजू बाई की याचिका पर कोर्ट ने सऊदी दूतावास और केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया था। हाईकोर्ट के दखल और सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल समेत अन्य जनप्रतिनिधियों के प्रयासों से शव भारत लाया जा सका।परिजनों का कहना है कि रमेश पूरी तरह स्वस्थ थे और वहां उत्पीड़न या मारपीट की शिकायत कर रहे थे। वे पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई चाहते हैं ताकि मौत के असली कारण का पता चल सके। इस घटना से क्षेत्र में शोक की लहर है और परिवार आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण पहले से ही परेशान था।शव अब गांव पहुंच चुका है और अंतिम संस्कार की तैयारी चल रही है। पुलिस और प्रशासन इस मामले पर नजर रखे हुए है।