डिजिटल इंडिया में 2 लाख से अधिक पंचायतें जुड़ीं: मंत्री के.के. विश्नोई ने AI समिट को बताया जीवन आसान बनाने वाला माध्यम; बाड़मेर में 77वें गणतंत्र दिवस पर जोरदार समारोह, 113 लोगों का सम्मान
बाड़मेर जिले में 77वें गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह आदर्श स्टेडियम में मनाया गया, जहां उद्योग एवं वाणिज्य राज्यमंत्री के.के. विश्नोई ने ध्वजारोहण किया और मार्च पास्ट की सलामी ली। उन्होंने डिजिटल इंडिया की सफलता पर जोर देते हुए बताया कि 2 लाख से अधिक (वास्तव में 2.14 लाख+) ग्राम पंचायतें डिजिटल रूप से जुड़ चुकी हैं। पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हो रहा है। फरवरी 2026 में दिल्ली में होने वाले AI इंडिया इम्पैक्ट समिट को लोगों के जीवन आसान बनाने, पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक वृद्धि का माध्यम बताया। समारोह में 113 लोगों का सम्मान, परेड, झांकियां और राष्ट्रगान हुआ। वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने पर भावुक अपील की गई।
बाड़मेर, 26 जनवरी 2026: बाड़मेर जिले में 77वें गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह आदर्श स्टेडियम में बड़े उत्साह और देशभक्ति की भावना के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उद्योग एवं वाणिज्य राज्यमंत्री श्री के.के. विश्नोई ने तिरंगा फहराया और मार्च पास्ट की सलामी ली। समारोह में विभिन्न सुरक्षा बलों, पुलिस, एनसीसी और अन्य दलों की शानदार परेड देखने को मिली, जबकि 113 उत्कृष्ट व्यक्तियों को उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
मंत्री विश्नोई ने अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आज भारत न केवल राष्ट्रीय स्तर पर बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रहा है। विशेष रूप से उन्होंने डिजिटल इंडिया पहल की सफलता का जिक्र किया और बताया कि वर्तमान में देश की 2 लाख से अधिक ग्राम पंचायतें (वास्तविक आंकड़ों के अनुसार हालिया अपडेट में 2.14 लाख से ज्यादा) डिजिटल रूप से जुड़ चुकी हैं। भारतनेट परियोजना के तहत यह उपलब्धि ग्रामीण क्षेत्रों में हाई-स्पीड इंटरनेट और डिजिटल सेवाओं को पहुंचाने में महत्वपूर्ण कदम है, जिससे आमजन की जिंदगी आसान हो रही है।
मंत्री ने आगामी AI इंडिया इम्पैक्ट समिट (India AI Impact Summit 2026) का विशेष उल्लेख किया, जो फरवरी 2026 में दिल्ली में आयोजित होने जा रहा है। इस समिट के तीन मुख्य स्तंभ बताए गए: पीपल (People), प्रोग्रेस (Progress) और पर्यावरण-जलवायु संरक्षण के साथ आर्थिक वृद्धि। उन्होंने जोर दिया कि यह समिट आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को आम लोगों के जीवन से जोड़कर उन्हें सरल, सुगम और अधिक उत्पादक बनाएगा। AI के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन से निपटने और आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।
समारोह की शुरुआत परेड कमांडर सीआई चैनप्रकाश के नेतृत्व में भव्य मार्च पास्ट से हुई। इसमें बीएसएफ, आरएसी, राजस्थान पुलिस, राजस्थान महिला पुलिस, अरबन होम गार्ड, एनसीसी सीनियर तथा रोवर-रेंजर दल शामिल थे। एडीएम की ओर से राज्यपाल के संदेश का पाठ किया गया, इसके बाद राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' और सामूहिक गान प्रस्तुत किए गए।
मंत्री विश्नोई ने गणतंत्र दिवस को महज उत्सव नहीं बल्कि संकल्प का अवसर बताया। उन्होंने कहा, "हमारा गणतंत्र दिवस एक संवैधानिक पर्व है। यह उत्सव मनाने के साथ-साथ संकल्प लेने का समय भी है। संकल्प ऐसे भारत के निर्माण का, जो विकसित, आत्मनिर्भर, आधुनिक हो और अपनी परंपराओं व संस्कृति की जड़ों से गहराई से जुड़ा रहे।" उन्होंने यह भी याद दिलाया कि इस साल वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे हो रहे हैं, जो एक गीत नहीं बल्कि हर भारतीय की आत्मा की आवाज है।
समारोह में नागरिक सुरक्षा का संयुक्त अभ्यास भी प्रदर्शित किया गया। विभिन्न सरकारी विभागों ने जन कल्याणकारी योजनाओं पर आधारित आकर्षक झांकियां निकालीं, जिन्होंने दर्शकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
इससे पहले सुबह 8 बजे जिला मुख्यालय के विभिन्न सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। पूरे जिले में सरकारी भवनों, चौराहों और महत्वपूर्ण स्थानों को आकर्षक रोशनी से सजाया गया। जिला कलेक्टर श्रीमती टीना डाबी ने सभी बाड़मेरवासियों को 77वें गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।