कमीशनखोरी के आरोपों में घिरे तीन विधायकों पर लटकी कार्रवाई की तलवार सदाचार समिति आज करेगी पूछताछ.

राजस्थान में दैनिक भास्कर के स्टिंग ऑपरेशन में तीन विधायकों - भाजपा के रेवंतराम डांगा (खींवसर), कांग्रेस की अनीता जाटव (हिंडौन) और निर्दलीय ऋतु बनावत (बयाना) पर MLA LAD फंड से विकास कार्यों की सिफारिश के बदले 40% तक कमीशन मांगने का गंभीर आरोप लगा। स्टिंग में ये विधायक सौदेबाजी करते दिखे। सरकार ने उनके फंड फ्रीज कर दिए और उच्चस्तरीय जांच शुरू की। आज (19 दिसंबर 2025) विधानसभा की सदाचार समिति इन तीनों से व्यक्तिगत पूछताछ कर रही है, जिसमें 12 सदस्य सवाल पूछेंगे। दोनों पार्टियों ने अपने विधायकों को नोटिस जारी किया है।

Dec 19, 2025 - 10:54
कमीशनखोरी के आरोपों में घिरे तीन विधायकों पर लटकी कार्रवाई की तलवार सदाचार समिति आज करेगी पूछताछ.

जयपुर। राजस्थान की राजनीति में उस समय भूचाल आ गया जब दैनिक भास्कर के एक बड़े स्टिंग ऑपरेशन में तीन विधायकों पर विधायक निधि (MLA LAD फंड) से विकास कार्यों की अनुशंसा करने के बदले कमीशन मांगने के गंभीर आरोप लगे। ये विधायक हैं - खींवसर से भाजपा के रेवंतराम डांगा, हिंडौन से कांग्रेस की अनीता जाटव और बयाना (भरतपुर) से निर्दलीय ऋतु बनावत। स्टिंग में इन पर 40% तक कमीशन की डील करने का खुलासा हुआ, जिसने सत्ता और विपक्ष दोनों को असहज कर दिया।

स्टिंग ऑपरेशन में क्या हुआ खुलासा?

भास्कर के रिपोर्टर ने खुद को एक डमी फर्म का मालिक बताकर इन विधायकों से संपर्क किया। फर्म खादी ग्रामोद्योग से जुड़ी बताई गई, जो सरकारी स्कूलों में दरी-फर्श जैसे कार्य करवाती है। भाजपा विधायक रेवंतराम डांगा ने कथित तौर पर 50 लाख रुपये के काम के बदले 40% कमीशन मांगा और अधिकारियों को 'थोड़ा-थोड़ा देने' की बात कही।

कांग्रेस विधायक अनीता जाटव ने 80 लाख के काम के लिए 50 हजार रुपये लिए और जिला परिषद CEO के नाम अनुशंसा पत्र जारी कर दिया।

निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत ने बजट का हवाला देकर सीधी डील से इनकार किया, लेकिन उनके पति ने अलग कमरे में रिपोर्टर से 40 लाख रुपये की डील फाइनल कर ली।

ये सभी पहली बार विधायक बने हैं और स्टिंग वीडियो में खुलेआम सौदेबाजी करते नजर आए। राजस्थान में हर विधायक को सालाना 5 करोड़ रुपये की MLA LAD निधि मिलती है, जिसका इस्तेमाल स्थानीय विकास कार्यों के लिए होता है। 

सरकार और पार्टियों का एक्शन

मामला सामने आते ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जीरो टॉलरेंस नीति दिखाते हुए तत्काल कार्रवाई की: तीनों विधायकों के MLA LAD खाते फ्रीज कर दिए गए।

ACS होम भास्कर ए सावंत की अध्यक्षता में चार सदस्यीय उच्चस्तरीय जांच समिति गठित की गई, जो 15 दिनों में रिपोर्ट सौंपेगी।

विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मामले को सदाचार समिति (एथिक्स कमिटी) को सौंप दिया। समिति के अध्यक्ष कैलाश वर्मा ने तीनों विधायकों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। आज (19 दिसंबर 2025) सुबह 11 बजे समिति इनसे व्यक्तिगत रूप से पूछताछ करेगी, जिसमें 12 सदस्यीय पैनल सवाल पूछेगा। इसके अलावा: भाजपा ने अपने विधायक डांगा को शो-कॉज नोटिस जारी कर 3 दिनों में जवाब मांगा। 

कांग्रेस ने अनीता जाटव को नोटिस देकर जांच शुरू की। 

पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने इसे 'अत्यंत गंभीर' बताते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की।

तीनों विधायकों ने आरोपों को खारिज किया है। डांगा ने इसे 'निराधार और तथ्यहीन' बताया, जबकि अन्य ने भी सफाई दी है। लेकिन स्टिंग के वीडियो ने राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है। यह मामला न केवल व्यक्तिगत विधायकों की छवि पर सवाल उठाता है, बल्कि विधायक निधि के दुरुपयोग की गहरी समस्या को भी उजागर करता है। सदाचार समिति की पूछताछ और जांच रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी, जिसमें निलंबन या अन्य सजा तक की संभावना है। राजस्थान की सियासत में यह स्टिंग भ्रष्टाचार पर बड़ा झटका साबित हो रहा है।