राजस्थान के जालोर में भयानक स्लीपर बस हादसा: दंपती सहित तीन की दर्दनाक मौत, 13 से अधिक घायल
राजस्थान के जालोर जिले में NH-325 पर सांचौर से करौली जा रही एक स्लीपर बस रविवार देर रात पलट गई। ड्राइवर की लापरवाही और कथित नशे के कारण बस नीम के पेड़ से टकराई। हादसे में एक बुजुर्ग दंपती सहित तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 13 से अधिक यात्री गंभीर रूप से घायल हुए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
राजस्थान के जालोर जिले में नेशनल हाईवे-325 (NH-325) पर एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हुआ। रविवार देर रात करीब 11:30 बजे आहोर थाना क्षेत्र के अगवरी गांव और गुड़ा बालोतान के बीच एक स्लीपर बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे नीम के पेड़ से टकराई और पलट गई। इस हादसे में एक बुजुर्ग दंपती सहित तीन यात्रियों की मौके पर या इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि 13 से अधिक यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के समय बस में सवार अधिकतर यात्री गहरी नींद में थे, जिससे चीख-पुकार मच गई और कई लोग बस के मलबे में फंस गए।
हादसे का कारण: ड्राइवर की घोर लापरवाही पुलिस और यात्रियों के अनुसार, हादसे की मुख्य वजह बस ड्राइवर की लापरवाही थी। यात्रियों ने आरोप लगाया कि ड्राइवर शराब के नशे में था और ड्राइविंग के दौरान स्टीयरिंग छोड़कर पान मसाला मिला रहा था। बस की रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक बताई जा रही है। हादसे से कुछ देर पहले एक होटल पर बस रोकने का इशारा किया गया था, लेकिन तेज स्पीड के कारण ड्राइवर ने बस नहीं रोकी। इसी असावधानी में बस बेकाबू होकर पेड़ से टकराई और पलट गई।आहोर SHO करण सिंह ने बताया कि बस टीआर जाणी ट्रेवल्स की निजी स्लीपर बस थी, जो सांचौर से शाम करीब 6 बजे रवाना हुई थी। बस जालोर, आहोर और जयपुर होते हुए करौली जा रही थी।
मृतकों की दर्दनाक मौत फगलूराम बिश्नोई (75 वर्ष): सांचौर के लियादरा गांव निवासी। उनका एक पैर पूरी तरह कटकर अलग हो गया। शव बस के नीचे बुरी तरह दबा हुआ था।हाऊ देवी (65 वर्ष): फगलूराम की पत्नी। उनका सिर धड़ से अलग हो गया। दोनों बुजुर्ग दंपती अपने बेटे के परिवार से मिलने अजमेर जा रहे थे।अमृतलाल (उम्र अज्ञात): भरतपुर निवासी। गंभीर घायल होने के कारण जालोर जनरल हॉस्पिटल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।ये तीनों मौतें हादसे की भयावहता को बयां करती हैं। दंपती के शव बस से कुचले हुए मिले, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घायलों की स्थिति और राहत कार्य हादसे में 13 यात्री गंभीर रूप से घायल हुए, जिनमें से कुछ को आहोर के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। दो गंभीर घायलों को जालोर रेफर किया गया, जहां एक की मौत हो गई। घायलों में शामिल हैं:प्रवीण कुमार (सांचौर),मन बिश्नोई (सांचौर),भावना (सांचौर),पूजा (बांसवाड़ा),हरीश गुर्जर (दौसा),कुलदीप बंजारा,संदीप महेश्वरी (सांचौर),पवन (अलवर),हर्षन पुरी गोस्वामी (मेडाबागोड़ा),दिलीप बिश्नोई (सांचौर)।एक यात्री हरी गुर्जर ने बताया कि वे सांचौर से जयपुर जा रहे थे और सो रहे थे। अचानक तेज झटके से बस पलट गई। यात्रियों ने शीशे तोड़कर खुद को बाहर निकाला और जान बचाई।सूचना मिलते ही आहोर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। बस को सीधा करने और फंसे यात्रियों को निकालने के लिए तीन क्रेनों की मदद ली गई। राहत कार्य देर रात तक चला।
पुलिस जांच और सड़क सुरक्षा पर सवाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हादसे के कारणों की गहन जांच शुरू कर दी है। ड्राइवर की लापरवाही, नशे में ड्राइविंग और ओवरस्पीडिंग की आशंका पर फोकस है। ड्राइवर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा के मुद्दे को उजागर करता है। निजी ट्रेवल्स बसों में ड्राइवरों की लापरवाही, नशा और तेज रफ्तार अक्सर जानलेवा साबित होती है। विशेषकर रात के समय स्लीपर बसों में यात्री नींद में होने से हादसे और घातक हो जाते हैं।