बलजीत यादव बोले- भाजपा विधायक मुझे फंसाना चाहता है: कोर्ट में ED की दलील- फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों का फंड हड़पा; पूर्व विधायक ने कहा- संपत्ति विवाद चल रहा, राजनीतिक साजिश है

बहरोड़ के पूर्व निर्दलीय विधायक बलजीत यादव को ईडी ने एमएलए लोकल एरिया डेवलपमेंट फंड से 3.72 करोड़ रुपये के दुरुपयोग और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में गिरफ्तार किया। 2021-22 में 32 सरकारी स्कूलों के लिए स्पोर्ट्स किट खरीद के नाम पर फर्जी बिलिंग और घटिया सामग्री का आरोप है। कोर्ट में यादव ने राजनीतिक साजिश का दावा किया, जबकि ईडी ने 6 दिन का रिमांड मांगा। पूर्व में भ्रष्टाचार विरोधी प्रदर्शन करने वाले नेता अब खुद घोटाले में फंसे।

Mohit Parihar
Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
February 4, 2026 • 4:05 PM  11
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राजस्थान
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बलजीत यादव बोले- भाजपा विधायक मुझे फंसाना चाहता है: कोर्ट में ED की दलील- फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों का फंड हड़पा; पूर्व विधायक ने कहा- संपत्ति विवाद चल रहा, राजनीतिक साजिश है
“बलजीत यादव बोले- भाजपा विधायक मुझे फंसाना चाहता है: कोर्ट में ED की दलील- फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों का फंड हड़पा; पूर्व विधायक ने कहा- संपत्ति विवाद चल रहा, राजनीतिक साजिश है”
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4 Feb 2026
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बलजीत यादव बोले- भाजपा विधायक मुझे फंसाना चाहता है: कोर्ट में ED की दलील- फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों का फंड हड़पा; पूर्व विधायक ने कहा- संपत्ति विवाद चल रहा, राजनीतिक साजिश है

जयपुर, 4 फरवरी 2026: राजस्थान की राजनीति में एक बड़ा विवाद छिड़ गया है, जहां बहरोड़ (अलवर जिला) के पूर्व निर्दलीय विधायक बलजीत यादव को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने MLA लोकल एरिया डेवलपमेंट (LAD) फंड के दुरुपयोग और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में गिरफ्तार किया है। आज जयपुर की विशेष ED कोर्ट में उन्हें पेश किया गया, जहां ED ने 6 दिन का रिमांड मांगा, जबकि उनके वकीलों ने इसका जोरदार विरोध किया। मामला करीब 3.72 करोड़ रुपये के सरकारी फंड के गबन से जुड़ा है, जो सरकारी स्कूलों के लिए स्पोर्ट्स किट खरीद के नाम पर हुआ बताया जा रहा है।

गिरफ्तारी और कोर्ट में पेशी का विवरण

ED ने मंगलवार रात अलवर जिले के शाहजहांपुर टोल प्लाजा (दिल्ली-जयपुर हाईवे पर NHAI ऑफिस के पास) से बलजीत यादव को हिरासत में लिया। रातभर पूछताछ के बाद जयपुर ED ऑफिस में उन्हें औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया। बुधवार को जयपुर स्थित ED कोर्ट (जज खगेंद्र कुमार शर्मा की अदालत) में पेशी हुई।

कोर्ट में बलजीत यादव ने खुद को निर्दोष बताते हुए कहा:

"मुझे राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया जा रहा है। बहरोड़ के वर्तमान BJP विधायक जसवंत यादव अपने मंदबुद्धि बेटे को विधायक बनाना चाहते हैं और खुद स्टेज-4 कैंसर से जूझ रहे हैं। इसी वजह से मुझे झूठे मामले में फंसाया गया है।"उनके वकीलों ने ED के आरोपों का खंडन करते हुए तर्क दिया:जिस फर्म के खाते में पैसा गया, उस व्यक्ति से बलजीत यादव का पहले से संपत्ति विवाद चल रहा है।टेंडर अखबार में प्रकाशित किए गए थे और पंचायत समिति ने प्रक्रिया पूरी की, बलजीत यादव का इसमें कोई सीधा लेना-देना नहीं।ED के दावे पूरी तरह गलत हैं। अगर बलजीत यादव BJP में शामिल हो जाते तो यह कार्रवाई नहीं होती।उन्होंने ED को हर समन पर सहयोग का लिखित जवाब दिया था, फिर भी गिरफ्तारी अवैध तरीके से की गई।कोर्ट ने दोनों पक्ष सुने और लंच के बाद आगे सुनवाई तय की।

ED की प्रमुख दलीलें और आरोप

ED ने कोर्ट में दावा किया कि बलजीत यादव ने खुद फर्जी फर्म बनवाकर फंड डायवर्ट किया। जांच के अनुसार:2021-22 में बहरोड़ विधानसभा क्षेत्र के 32 सरकारी स्कूलों के लिए बैडमिंटन और क्रिकेट किट खरीद के नाम पर विधायक निधि से करीब 3.72 करोड़ रुपये खर्च किए गए।आरोप है कि राशि का बड़े पैमाने पर दुरुपयोग हुआ—कई जगह बिना आपूर्ति के या घटिया सामग्री देकर भुगतान किया गया।फर्जी बिलिंग, ठेकेदारों से मिलीभगत और सरकारी धन का गबन जैसे गंभीर आरोप हैं।पहले ACB ने FIR दर्ज की थी, जिसके आधार पर ED ने PMLA के तहत मनी लॉन्ड्रिंग की जांच शुरू की।जनवरी 2025 में जयपुर (8 ठिकाने), दौसा और बहरोड़ में कुल 10 स्थानों पर छापेमारी की गई, जहां महत्वपूर्ण दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस और सबूत बरामद हुए। (कुछ रिपोर्ट्स में 31 लाख रुपये जब्त होने का भी जिक्र है।)

बलजीत यादव का भ्रष्टाचार विरोधी छवि और विडंबना

बलजीत यादव पहले बहरोड़ से निर्दलीय विधायक थे और खुद को भ्रष्टाचार के खिलाफ कठोर लड़ाकू के रूप में पेश करते थे। पूर्व कांग्रेस सरकार के समय उन्होंने जयपुर के सेंट्रल पार्क में काले कपड़े पहनकर सुबह से शाम तक दौड़ लगाई और भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदर्शन किया। क्षेत्र में पोस्टर लगवाकर भ्रष्टाचार उजागर करने वालों को 51 हजार रुपये इनाम देने की घोषणा भी की थी। अब खुद करोड़ों के गबन और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों में फंसने से उनकी इस छवि पर सवाल उठ रहे हैं।

Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.

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