HIV से भगवान को ठहराया जिम्मेदार, 30 से ज्यादा चोरियां कबूलीं

दुर्ग जिले में 30 से ज्यादा मंदिरों में चोरी करने वाले सागर उपाध्याय को पुलिस ने गिरफ्तार किया, जो जेल में HIV से संक्रमित होने के बाद भगवान से बदला लेने के लिए चोरी करता था।

Aug 29, 2025 - 18:54
HIV से भगवान को ठहराया जिम्मेदार, 30 से ज्यादा चोरियां कबूलीं

छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में मंदिरों में चोरी की वारदातों ने पुलिस और स्थानीय लोगों को हैरान कर रखा था। आखिरकार, पुलिस ने एक ऐसे शख्स को गिरफ्तार किया है, जो पिछले 10 सालों से 30 से ज्यादा मंदिरों में चोरी को अंजाम दे चुका था। चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी ने चोरी की वजह भगवान से बदला लेना बताया, क्योंकि वह जेल में HIV से संक्रमित हो गया था।

चोरी से पहले प्रणाम, बाद में माफी: अनोखा चोर

पुलिस ने आरोपी सागर उपाध्याय (बदला हुआ नाम) को नेवई थाना क्षेत्र में 23-24 अगस्त की रात जैन मंदिर में हुई चोरी के बाद गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने बताया कि वह चोरी से पहले मंदिर में भगवान को प्रणाम करता था और चोरी के बाद हाथ जोड़कर माफी मांगते हुए निकलता था। उसका कहना था कि वह सोने-चांदी या गहनों को हाथ नहीं लगाता था, क्योंकि उसे पकड़े जाने का डर था। वह केवल दान पेटी से नकदी और सिक्के चुराता था।

कैसे पकड़ा गया चोर?

नेवई थाना क्षेत्र के जैन मंदिर में हुई चोरी की शिकायत के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की। CCTV फुटेज और त्रिनयन एप की मदद से पुलिस ने सागर को हिरासत में लिया। उसके पास से 1282 रुपये के सिक्के और एक स्कूटी बरामद की गई। मंदिर प्रबंधन के मुताबिक, दान पेटी में करीब 60 हजार रुपये थे। जांच में पता चला कि सागर ने नेवई, सुपेला, पद्मनाभपुर, भिलाई भट्ठी और भिलाई नगर थाना क्षेत्रों में 30 से ज्यादा मंदिरों में चोरी की थी।

चोरी का अनोखा तरीका

पुलिस के अनुसार, सागर हर चोरी से पहले मंदिर की रेकी करता था। वह कपड़े बदलकर पैदल मंदिर पहुंचता, ताले तोड़कर दान पेटी से पैसे चुराता और फिर कपड़े बदलकर स्कूटी से गलियों के रास्ते निकल जाता ताकि CCTV में न पकड़ा जाए। उसकी सावधानी और तरीके ने पुलिस को भी लंबे समय तक चकमा दिया।

जेल में HIV, भगवान से नाराजगी

सीएसपी सत्य प्रकाश तिवारी ने बताया कि सागर 2011-12 में मारपीट के मामले में जेल में था। उस दौरान वह HIV से संक्रमित हो गया। उसने इसके लिए भगवान को जिम्मेदार ठहराया और जेल से छूटने के बाद मंदिरों में चोरी शुरू कर दी। उसका मानना था कि यह उसका भगवान से बदला लेने का तरीका था।

पुलिस ने सागर के खिलाफ चोरी की धारा के तहत मामला दर्ज किया और उसे कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। 

Yashaswani Journalist at The Khatak .