बांसवाड़ा में दर्दनाक हादसा: गड्ढे में भरे पानी में डूबने से दो मासूम बच्चियों की मौत, 4 घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन
बांसवाड़ा के आबापुरा थाना क्षेत्र में गड्ढे में भरे पानी में नहाने गई दो मासूम बच्चियों की डूबने से मौत हो गई। परिजनों की सूचना पर पुलिस और ग्रामीणों ने 4 घंटे तक सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसके बाद रात 1 बजे दोनों के शव बरामद किए गए।
राजस्थान के बांसवाड़ा जिले में मंगलवार को एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां गड्ढे में भरे पानी में नहाने गई दो मासूम बच्चियों की डूबने से मौत हो गई। इस घटना ने पूरे नादिया गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है।
यह हादसा आबापुरा थाना क्षेत्र के नादिया गांव स्थित उमरी नाला डाबरा में हुआ, जहां दोपहर के समय दोनों बच्चियां खेलने और नहाने के लिए गई थीं, लेकिन वापस नहीं लौटीं।
दोपहर से लापता थीं बच्चियां
जानकारी के अनुसार, दोनों बच्चियां एक ही मोहल्ले की रहने वाली थीं। दोपहर करीब 1 बजे वे घर से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर नाले के गड्ढे में नहाने गई थीं। जब शाम 6 बजे तक वे वापस नहीं लौटीं तो परिजनों को चिंता हुई और उनकी तलाश शुरू कर दी गई।
गांव में शुरू हुई तलाश
परिजनों और ग्रामीणों ने पहले अपने स्तर पर खोजबीन की। लोगों ने बताया कि दोनों बच्चियों को आखिरी बार गड्ढे के आसपास देखा गया था। इसके बाद पानी में डूबने की आशंका जताई गई और पुलिस को सूचना दी गई।
करीब रात 9:30 बजे आबापुरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया।
4 घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन
रात का अंधेरा और गड्ढे में भरा गहरा पानी रेस्क्यू टीम के लिए बड़ी चुनौती बन गया। पुलिस और ग्रामीणों ने मिलकर लगातार तलाश अभियान चलाया। करीब 4 घंटे की मशक्कत के बाद रात 1 बजे दोनों बच्चियों के शव पानी से बाहर निकाले गए।
शव मिलने के बाद पूरे गांव में मातम पसर गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
शवों को पानी से बाहर निकालने में मुश्किलें
रेस्क्यू के दौरान टीम को पानी के बीच से होकर शवों को बाहर लाना पड़ा। काफी सावधानी से दोनों बच्चियों को दूसरी तरफ लाया गया, जिसके बाद उन्हें सुरक्षित तरीके से बाहर निकाला गया।
कौन थीं दोनों बच्चियां
मृत बच्चियों की पहचान इस प्रकार हुई है—
- भूली (9 वर्ष), पुत्री दिलीप निनामा – कक्षा 5वीं की छात्रा
- रोनिका (8 वर्ष), पुत्री रामप्रसाद निनामा – कक्षा 4वीं की छात्रा
दोनों ही मासूम बच्चियां गांव के ही स्कूल में पढ़ाई करती थीं।
पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे गए
बुधवार दोपहर करीब 12 बजे दोनों शवों का पोस्टमॉर्टम महात्मा गांधी अस्पताल की मॉर्च्युरी में कराया गया और बाद में परिजनों को सौंप दिया गया।
गांव में मातम
इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है। परिजन और ग्रामीण इस घटना से सदमे में हैं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर सवाल भी उठा रहे हैं।