सवाई माधोपुर में 17 गुना मुनाफे का लालच देकर ठगी करने वाले फर्जी इन्वेस्टमेंट गिरोह का बड़ा खुलासा: 2 हजार रुपये का इनामी बदमाश फिरदोस खान गिरफ्तार
सवाई माधोपुर के मानटाउन थाने की पुलिस ने 2 हजार रुपये के इनामी आरोपी फिरदोस खान को गिरफ्तार किया। आरोपी इंस्टाग्राम पर फर्जी निवेश स्कीम चलाकर लोगों को 17 गुना मुनाफे का लालच देकर ठगी करता था। जीएसटी, विड्रॉल और कमीशन चार्ज के नाम पर अतिरिक्त पैसे ऐंठता और बाद में पीड़ितों को ब्लॉक कर देता था। फर्जी सिम और बैंक खातों का इस्तेमाल कर ठगी की राशि जमा की जाती थी। पुलिस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।
सवाई माधोपुर, राजस्थान: साइबर ठगी के एक बड़े मामले में मानटाउन थाना पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने 2 हजार रुपये के इनामी फरार आरोपी फिरदोस खान (20 वर्ष) पुत्र आजाद खान, निवासी करमोदा (थाना मानटाउन, जिला सवाई माधोपुर) को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी करमोदा गांव से की गई, जहां पुलिस ने आरोपी को डिटेन किया और आवश्यक पूछताछ के बाद उसे विधिवत गिरफ्तार किया।
ठगी का तरीका और फर्जी स्कीम
आरोपी गिरोह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के माध्यम से लोगों को संपर्क करता था। वे लोगों को लुभाने के लिए दावा करते थे कि निवेश की गई राशि 17 गुना तक बढ़ जाएगी। शुरुआत में छोटी रकम निवेश करवाकर कुछ रिटर्न दिखाते थे ताकि पीड़ित का भरोसा जीता जा सके।
इसके बाद ठगी का असली खेल शुरू हो जाता था:
जीएसटी चार्ज, विड्रॉल चार्ज (निकासी शुल्क) और कमीशन चार्ज के नाम पर बार-बार अतिरिक्त पैसे मांगते थे।पीड़ित जब ज्यादा राशि ट्रांसफर कर देते थे, तो आरोपी उन्हें ब्लॉक कर देते थे और संपर्क समाप्त कर देते थे।पूरे ऑपरेशन में फर्जी सिम कार्ड का इस्तेमाल किया जाता था ताकि असली पहचान छिपी रहे।जांच में पता चला कि ठगी से प्राप्त राशि विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती थी, जिनमें से एक खाता फिरदोस खान के नाम पर था। यह खाता मुख्य रूप से पैसे जमा करने के लिए इस्तेमाल होता था।
मामले की शुरुआत और पिछली गिरफ्तारी
यह मामला 5 मई को सामने आया था, जब मानटाउन थाना पुलिस ने कलेक्ट्रेट के पीछे मैदान से इसरोज खान (20 वर्ष) उर्फ गोलू पुत्र नबौशेर खान, निवासी शेषा (थाना मलारना डूंगर) को गिरफ्तार किया था।उसके पास से दो मोबाइल फोन बरामद हुए थे। इन मोबाइल्स की जांच में इंस्टाग्राम पर चल रही फर्जी निवेश योजनाओं के ठोस सबूत मिले। जांच के दौरान फिरदोस खान की संलिप्तता सामने आई, जो इस नेटवर्क का महत्वपूर्ण हिस्सा था।इसरोज खान की गिरफ्तारी के बाद फिरदोस खान फरार हो गया था। कोर्ट से उसके खिलाफ 37 पुलिस एक्ट के तहत वारंट जारी किया गया और जिला पुलिस ने उसके सिर पर 2 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था।
पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच
लगातार प्रयासों और मुखबिरों की मदद से पुलिस ने आरोपी को करमोदा से पकड़ लिया। मानटाउन थानाधिकारी सुनील कुमार गुप्ता ने बताया कि आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस इस पूरे ठगी नेटवर्क को उजागर करने में जुटी है और अन्य शामिल लोगों की तलाश जारी है।