करौली में 5 हजार का इनामी स्मैक तस्कर समीर खान गिरफ्तार: 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत एनडीपीएस एक्ट मामले में बड़ी सफलता
करौली पुलिस ने 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत 5 हजार रुपये के इनामी तस्कर समीर खान (24) को एनडीपीएस एक्ट के स्मैक तस्करी मामले में करौली बस स्टैंड से गिरफ्तार किया। वह लंबे समय से फरार था और मुखबिर सूचना पर पकड़ा गया। पुलिस अब उससे पूछताछ कर रही है।
करौली, राजस्थान: करौली जिला पुलिस ने अपराधियों पर शिकंजा कसने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष अभियान 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने 5 हजार रुपये के इनामी तस्कर समीर खान को एनडीपीएस एक्ट (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सबस्टेंस एक्ट) के एक गंभीर मामले में गिरफ्तार कर लिया है। यह आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था और पुलिस की तलाश में था।
गिरफ्तारी का विवरण
थाना सदर करौली के थानाधिकारी यदुवीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुखबिर की विश्वसनीय सूचना के आधार पर कार्रवाई की। टीम ने करौली बस स्टैंड क्षेत्र में छापेमारी करते हुए समीर खान (उम्र 24 वर्ष), पुत्र रईस खान, निवासी नौचौकिया मोहल्ला, जामा मस्जिद के पास, करौली को दबोच लिया।जिला पुलिस अधीक्षक लोकेश सोनवाल ने इस आरोपी पर 5 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। गिरफ्तारी महानिरीक्षक पुलिस भरतपुर रेंज के निर्देशों और एसपी के आदेश पर चल रहे 'ऑपरेशन शिकंजा' अभियान के अंतर्गत हुई है।
मामले की पृष्ठभूमि
पुलिस के अनुसार, समीर खान अवैध रूप से स्मैक (हेरोइन) रखने, परिवहन और तस्करी से जुड़े एक मामले में वांछित था। इस प्रकरण में पहले ही एक अन्य आरोपी को स्मैक और बिना नंबर प्लेट वाली मोटरसाइकिल के साथ पकड़ा गया था। उस जांच के दौरान समीर खान की संलिप्तता सामने आई थी, जिसके बाद से वह फरार था और पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी।
वर्तमान स्थिति और जांच
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने समीर खान को हिरासत में लेकर उससे गहन पूछताछ शुरू कर दी है। जांचकर्ता अन्य संभावित सहयोगियों, तस्करी के नेटवर्क, स्मैक की आपूर्ति श्रृंखला और संबंधित अन्य पहलुओं की गहराई से जांच कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से जिले में नशीले पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
पुलिस की प्रतिक्रिया
थानाधिकारी यदुवीर सिंह ने बताया कि 'ऑपरेशन शिकंजा' के तहत अपराधियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इस अभियान का उद्देश्य समाज में छिपे अपराधियों को पकड़ना और कानून का राज स्थापित करना है। जिला पुलिस अधीक्षक लोकेश सोनवाल ने टीम की सराहना की और कहा कि ऐसी सफलताएं पुलिस और जनता के बीच विश्वास बढ़ाती हैं।