कड़ाके की सर्दी का असर जोधपुर में स्कूलों की टाइमिंग बदली, अब कक्षाएं सुबह 10 बजे से...

जोधपुर में कड़ाके की सर्दी और शीतलहर को देखते हुए जिला प्रशासन ने सभी सरकारी व निजी स्कूलों की टाइमिंग बदल दी है। अब स्कूलों में कक्षाएं सुबह 10 बजे से शुरू होंगी। यह निर्णय विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। परीक्षाओं के शेड्यूल में कोई बदलाव नहीं किया गया है।

Jan 6, 2026 - 19:26
कड़ाके की सर्दी का असर जोधपुर में स्कूलों की टाइमिंग बदली, अब कक्षाएं सुबह 10 बजे से...

जोधपुर:- प्रदेशभर में जारी कड़ाके की सर्दी और शीतलहर के चलते जोधपुर जिला प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्कूलों की समय-सारणी में बदलाव किया है। जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल के निर्देशानुसार जोधपुर जिले के सभी सरकारी एवं निजी स्कूलों में अब कक्षाएं सुबह 10 बजे से प्रारंभ होंगी।

घटना की जानकारी 

प्रशासन की ओर से यह निर्णय मौसम विभाग के पूर्वानुमान और लगातार गिरते तापमान को देखते हुए लिया गया है। सुबह के समय घना कोहरा, ठंडी हवाएं और कम दृश्यता के कारण बच्चों को स्कूल आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में छात्रों को राहत देने के उद्देश्य से स्कूल टाइमिंग को आगे बढ़ाया गया है।

आदेश जारी 

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था उन दिनों के लिए लागू रहेगी जब ठंड का प्रभाव अधिक रहेगा। मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर आगे भी निर्णय लिए जा सकते हैं। हालांकि, फिलहाल जोधपुर में स्कूल बंद करने का कोई आदेश नहीं है, बल्कि केवल कक्षा संचालन के समय में बदलाव किया गया है।

महत्वपूर्ण रूप से यह भी बताया गया है कि इस आदेश का परीक्षाओं के कार्यक्रम पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। जो परीक्षाएं चल रही हैं या प्रस्तावित हैं, वे पूर्व निर्धारित समय-सारणी के अनुसार ही आयोजित की जाएंगी। स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे समय पर उपस्थित रहकर शैक्षणिक गतिविधियों का संचालन सुचारू रूप से सुनिश्चित करें।

प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को पूरी तरह गर्म कपड़े पहनाकर स्कूल भेजें और उनके स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। साथ ही, सर्दी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए किसी भी नए निर्देश के लिए जिला प्रशासन की आधिकारिक सूचना और स्थानीय समाचार माध्यमों पर नजर बनाए रखें।

यह निर्णय विद्यार्थियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और सुविधा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, ताकि ठंड के मौसम में पढ़ाई बाधित हुए बिना सुरक्षित रूप से जारी रह सके।