बाड़मेर के मौखाब गांव में सोलर-विंड कंपनी और किसानों के बीच हिंसक झड़प: अधिकारियों को थप्पड़ मारे, बिना नंबर की स्कार्पियो में भागे कर्मचारी
बाड़मेर जिले के शिव थाना क्षेत्र के मौखाब कला गांव में स्टर्लिंग एंड विल्सन कंपनी के विंड-सोलर प्रोजेक्ट को लेकर किसानों और कंपनी अधिकारियों के बीच हिंसक झड़प हुई। किसानों ने गोचर-ओरण भूमि पर बिना पूरी अनुमति के काम का विरोध किया, बहस हाथापाई में बदल गई जिसमें कंपनी कर्मचारियों को थप्पड़ मारे गए और सेफ्टी हेलमेट फेंके गए। एक किसान ने खुद पर पेट्रोल डालकर सुसाइड का प्रयास भी किया। कंपनी के चार लोग बिना नंबर वाली ब्लैक स्कार्पियो में सवार होकर मौके से भाग गए। 38 सेकंड का वीडियो वायरल हुआ है, पुलिस ने मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू की।
बाड़मेर जिले के शिव थाना क्षेत्र के मौखाब कला गांव में शनिवार को सोलर और विंड एनर्जी कंपनी के अधिकारियों तथा स्थानीय किसानों के बीच जोरदार हाथापाई हुई। इस दौरान किसानों ने कंपनी के कर्मचारियों पर थप्पड़ मारे, सेफ्टी हेलमेट फेंके और मारपीट की, जिसके बाद कंपनी के चार लोग (ड्राइवर समेत) बिना नंबर प्लेट वाली ब्लैक स्कार्पियो में सवार होकर मौके से फरार हो गए। घटना का एक 38 सेकंड का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें हाथापाई और थप्पड़ मारने की घटनाएं साफ दिखाई दे रही हैं।
विवाद की जड़ और पृष्ठभूमि
बीते कई दिनों से बाड़मेर जिले के शिव उपखंड के मौखाब कला, रामदेव नगर, भीयाड़, बलाई और बीसूकला गांवों में स्टर्लिंग एंड विल्सन कंपनी (Sterling & Wilson) सोलर और विंड प्रोजेक्ट का काम कर रही है। कंपनी ने इस काम को आगे बढ़ाने के लिए वांकल पावर एलएलपी को ठेका दिया था।
वांकल पावर ने ओरण-गोचर भूमि, आगौर, मगरा और नाडी जैसी सामुदायिक जमीनों पर अस्थाई आने-जाने की अनुमति जिला कलेक्टर से मांगी थी, लेकिन इस अनुमति में किसी भी तरह का स्थायी निर्माण या सड़क बनाने की इजाजत नहीं दी गई थी। इसके बावजूद कंपनी की ओर से जबरदस्ती काम शुरू करने के प्रयासों से ग्रामीणों में रोष बढ़ता गया। किसान आरोप लगा रहे हैं कि कंपनी उनकी खेती वाली जमीन और गोचर भूमि पर बिना पूरी अनुमति के विंड टरबाइन (पंखे) लगा रही है, जिससे उनकी आजीविका प्रभावित हो रही है।
क्या हुआ शनिवार को?
शनिवार को कंपनी ने विंड टरबाइन के बड़े पंखे ट्रेलर में लोड करके मौखाब गांव पहुंचाए। प्रोजेक्ट मैनेजर सहित कंपनी के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर मौजूद थे। स्थानीय किसानों ने इसका विरोध किया और विंड पंखे लगाने से रोकने की कोशिश की। बात बढ़ते-बढ़ते बहस में बदल गई और फिर हाथापाई शुरू हो गई।
किसानों ने कंपनी के अधिकारियों और कर्मचारियों पर थप्पड़ मारे। वीडियो में एक युवक कंपनी के अधिकारियों को थप्पड़ मारते हुए दिख रहा है, वहीं दूसरे किसान ने एक कर्मचारी को पकड़कर थप्पड़ लगाए। एक किसान ने सेफ्टी हेलमेट भी फेंका। स्थिति बेकाबू होते देख कंपनी के लोग जल्दबाजी में बिना नंबर वाली ब्लैक स्कार्पियो में बैठकर मौके से भाग निकले।
किसान का गंभीर आरोप
एक प्रभावित किसान श्रवण सिंह ने आरोप लगाया कि कंपनी वाले उनके खेत में जबरदस्ती विंड पंखा लगा रहे थे। विरोध करने पर जब कर्मचारी जिद करने लगे, तो गुस्से में आकर उन्होंने खुद पर पेट्रोल डालकर सुसाइड करने का प्रयास किया। इससे पूरे इलाके में तनाव और बढ़ गया।
पुलिस का बयान
शिव थानाधिकारी सत्यप्रकाश ने घटना की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि स्टर्लिंग एंड विल्सन कंपनी और किसानों के बीच गाड़ी लगाने व काम शुरू करने को लेकर बहसबाजी हुई, जो आगे चलकर हाथापाई में बदल गई। कंपनी के लोग पुलिस थाने पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज करवाने आए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।