बाड़मेर में पुलिस का सघन सत्यापन अभियान: 70 बाहरी लोगों की जांच, जम्मू-कश्मीर हमले के बाद सतर्कता चरम पर

भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे राजस्थान के बाड़मेर जिले में पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए एक व्यापक सत्यापन अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत, बाड़मेर शहर में सोने-चांदी के व्यवसाय से जुड़े करीब 70 बाहरी लोगों के दस्तावेजों की गहन जांच की गई और उनका पुलिस सत्यापन किया गया।

Ashok Shera
Ashok Shera Official | Verified Expert • 11 Jun, 2026 Editor
May 2, 2025 • 12:10 PM  55
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बाड़मेर में पुलिस का सघन सत्यापन अभियान: 70 बाहरी लोगों की जांच, जम्मू-कश्मीर हमले के बाद सतर्कता चरम पर
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बाड़मेर में पुलिस का सघन सत्यापन अभियान: 70 बाहरी लोगों की जांच, जम्मू-कश्मीर हमले के बाद सतर्कता चरम पर

रिपोर्ट जसवंत सिंह शिवकर - बाड़मेर, 2 मई 2025: भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे राजस्थान के बाड़मेर जिले में पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए एक व्यापक सत्यापन अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत, बाड़मेर शहर में सोने-चांदी के व्यवसाय से जुड़े करीब 70 बाहरी लोगों के दस्तावेजों की गहन जांच की गई और उनका पुलिस सत्यापन किया गया। यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हाल ही में हुए आतंकी हमले के बाद देशभर में बढ़ी सतर्कता के मद्देनजर की गई है। रणनीतिक रूप से संवेदनशील बाड़मेर में पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं, और जिला पुलिस अधीक्षक (एसपी) नरेंद्र सिंह मीणा के नेतृत्व में संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। 

सत्यापन अभियान का विस्तृत विवरण

पुलिस ने बाड़मेर शहर के विभिन्न इलाकों से सोने-चांदी के व्यवसाय में कार्यरत लोगों को चिह्नित किया, जिनमें अधिकांश पश्चिम बंगाल और अन्य राज्यों से आए कारीगर शामिल थे। इन व्यक्तियों को ग्रामीण थाने लाया गया, जहां उनके पहचान पत्र, आधार कार्ड, निवास प्रमाण और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की गहन जांच की गई। पुलिस ने इन लोगों से उनके कार्य, बाड़मेर में रहने की अवधि, निवास स्थान और यहां आने के उद्देश्य के बारे में विस्तृत पूछताछ की। सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी व्यक्तियों को वापस जाने की अनुमति दे दी गई।

पुलिस सूत्रों ने बताया कि यह अभियान नियमित जांच का हिस्सा है, लेकिन जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद इसे और तेज कर दिया गया है। बाड़मेर पुलिस ने स्पष्ट किया कि इस तरह की कार्रवाइयों का उद्देश्य किसी समुदाय विशेष को निशाना बनाना नहीं, बल्कि जिले में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करना है। पुलिस ने स्थानीय लोगों से भी अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत प्रशासन को दें।

जम्मू-कश्मीर हमले ने बढ़ाई सतर्कता

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हाल ही में हुआ आतंकी हमला, जिसमें पर्यटकों पर अंधाधुंध गोलीबारी की गई, ने पूरे देश की सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर ला दिया है। इस घटना के बाद भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। बाड़मेर, जो अपनी भौगोलिक स्थिति के कारण रणनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील है, में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए कई कदम उठाए गए हैं। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) और स्थानीय पुलिस संयुक्त रूप से सीमावर्ती क्षेत्रों में गश्त बढ़ा रही हैं और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रही हैं।

पुलिस अधीक्षक का बयान

जिला पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीणा ने कहा, "जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद देशभर में सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं। बाड़मेर में हमारी प्राथमिकता जिले में शांति और सुरक्षा बनाए रखना है। इसके लिए संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जा रही है और बाहरी लोगों का सत्यापन किया जा रहा है। हमारी कोशिश है कि आम जनता को किसी तरह की परेशानी न हो, लेकिन सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।" 

Ashok Shera Official | Verified Expert • 11 Jun, 2026 Editor

"द खटक" एडिटर-इन-चीफ

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