अंता उपचुनाव में नरेश मीणा के पोस्टर-वीडियो विवाद से हड़कंप.

बारां की अंता विधानसभा उपचुनाव में निर्दलीय नरेश मीणा के पोस्टर पर कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल की तस्वीर लगने से बवाल मच गया। गुंजल ने इसे भ्रामक बताकर कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन भाया के साथ अपनी निष्ठा जताई। उधर, नरेश मीणा का एक वायरल वीडियो, जिसमें वे मंदिर की चौखट पर युवक से गाली-गलौज करते दिखे, ने सियासी तूफान खड़ा कर दिया। 11 नवंबर को होने वाले इस त्रिकोणीय मुकाबले में नरेश की छवि पर सवाल उठे, जबकि कांग्रेस-भाजपा ने इसे मुद्दा बनाया।

Basanti Parmar
Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
October 26, 2025 • 6:25 PM  27
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अंता उपचुनाव में नरेश मीणा के पोस्टर-वीडियो विवाद से हड़कंप.

बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर 11 नवंबर को होने वाले उपचुनाव ने सियासी तापमान को चरम पर पहुंचा दिया है। यहां कांग्रेस के दिग्गज नेता प्रमोद जैन भाया, भाजपा के मोरपाल सुमन और निर्दलीय प्रत्याशी नरेश मीणा के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल रहा है। लेकिन चुनाव प्रचार के बीच निर्दलीय उम्मीदवार नरेश मीणा का एक पोस्टर और एक वायरल वीडियो ने पूरे इलाके में हलचल मचा दी है। एक तरफ कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल ने अपनी तस्वीर के दुरुपयोग पर सख्त नाराजगी जताई है, वहीं दूसरी ओर नरेश मीणा का एक युवक से गाली-गलौज का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। ये घटनाएं न केवल उम्मीदवारों के बीच तनाव बढ़ा रही हैं, बल्कि मतदाताओं के बीच भी बहस छेड़ रही हैं।

पोस्टर विवाद: गुंजल की तस्वीर से मचा बवाल,

'मैं सिर्फ भाया के साथ हूं'अंता विधानसभा के खैराली गांव में नरेश मीणा के समर्थकों द्वारा लगाए गए एक फ्लेक्स पोस्टर ने कांग्रेस में हड़कंप मचा दिया। इस पोस्टर में नरेश मीणा के साथ-साथ कांग्रेस के स्थानीय नेता प्रहलाद गुंजल की तस्वीर भी लगी हुई थी, जिससे ऐसा लग रहा था मानो गुंजल मीणा का समर्थन कर रहे हों। गुंजल, जो लोकसभा चुनाव में नरेश मीणा के पुराने सहयोगी रहे हैं, ने इसकी कड़ी निंदा की है।सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए गुंजल ने स्पष्ट शब्दों में कहा, "खैराली गांव में नरेश मीणा के फ्लेक्स पर मेरी तस्वीर लगाई गई है, जो पूरी तरह से गलत और भ्रामक है। मैं सभी से विनम्र अनुरोध करता हूं कि मेरी तस्वीर किसी निर्दलीय या अन्य उम्मीदवार के साथ न लगाएं। मैं कांग्रेस पार्टी का सच्चा कार्यकर्ता हूं और पूरे मनोयोग से कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जैन भाया के साथ हूं। किसी अन्य दल या प्रत्याशी से मेरा कोई संबंध नहीं है।" गुंजल ने चेतावनी भी दी कि उनकी तस्वीर का दुरुपयोग करने वाले के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।नरेश मीणा के निजी सचिव राकेश बैसला ने इस मामले में सफाई देते हुए कहा कि शनिवार को खैराली गांव में प्रचार के दौरान किसी उत्साही समर्थक ने ये पोस्टर लगा दिया था। "हमारी ओर से कोई ऐसा पोस्टर नहीं लगाया गया। जो लोग इन नेताओं को पसंद करते हैं, उन्होंने ही ये किया होगा।" बैसला का बयान आते ही सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई। कुछ यूजर्स ने इसे 'सियासी चाल' करार दिया, तो कुछ ने गुंजल की निष्ठा की तारीफ की।प्रहलाद गुंजल का ये रुख अंता उपचुनाव के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि वे हाड़ौती क्षेत्र के प्रभावशाली नेता हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव में गुंजल ने ओम बिरला के खिलाफ नरेश मीणा का साथ दिया था, लेकिन अब पार्टी लाइन पर चलते हुए वे भाया के प्रचार में जुटे हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ये विवाद कांग्रेस के वोट बैंक को मजबूत कर सकता है, खासकर मीणा समुदाय के मतदाताओं में।

वायरल वीडियो: मंदिर की चौखट पर भड़के नरेश, युवक को गाली-गलौज और माइक ठूंसने का आरोप

पोस्टर विवाद की आग बुझी भी नहीं थी कि नरेश मीणा का एक और वीडियो वायरल हो गया, जिसमें वे खान की झोपड़ी गांव में एक युवक से खुलेआम गाली-गलौज करते नजर आ रहे हैं। वीडियो शुक्रवार रात का है, जब नरेश गांव के मंदिर की चौखट पर खड़े होकर प्रचार भाषण दे रहे थे। रात करीब 9 बजे का ये वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया है।वीडियो में नरेश मीणा कहते दिख रहे हैं, "आप लोग मुझसे क्या उम्मीद रखते हो?" इस पर एक युवक ने सवाल उठाया, "25 साल हो गए वोट देते हुए, सब वोट लेने आ जाते हैं। होता कुछ नहीं। खरी कहना खुश रहना।" ये सुनते ही नरेश भड़क गए। उन्होंने युवक को पास बुलाया और जबरदस्ती माइक उसके मुंह में ठूंसने की कोशिश की। युवक ने माइक पकड़ लिया तो नरेश ने उसे छीन लिया और चिल्लाए, "इस चोर ने शराब पी रखी है!" फिर प्रमोद जैन भाया का जिक्र करते हुए कहा, "प्रमोद जैन भाया से पूछ... उसे पूछ मादरचो... उसे तुम 25 साल से वोट दे रहे हो!"वीडियो में नरेश मीणा युवक को मां-बहन की गालियां देते और धमकी देते नजर आ रहे हैं। समर्थकों ने बीच-बचाव किया, लेकिन नरेश का गुस्सा नहीं ठंडा हुआ।

ये वीडियो X (पूर्व ट्विटर) पर हजारों बार देखा जा चुका है। कांग्रेस समर्थक मनजीत घोशी ने पोस्ट किया, "मैंने हमेशा नरेश के संघर्ष का साथ दिया, लेकिन आज गलत साबित हुआ। ऐसे लोग कांग्रेसी नहीं हो सकते। FIR होनी चाहिए।" वहीं, डेमोक्रेट टाइम्स ने लिखा, "राजनीति में संयम जरूरी है, गाली-गलौज से नरेश की राजनीति खत्म हो जाएगी।"नरेश मीणा के समर्थक इसे 'भावुक प्रतिक्रिया' बता रहे हैं, लेकिन विपक्षी दलों ने इसे 'असंयमित व्यवहार' करार दिया है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ने इसे प्रचार का हथियार बनाया है। सोशल मीडिया पर #अंता_उपचुनाव और #NareshMeena ट्रेंड कर रहा है।

अंता सीट का सियासी बैकग्राउंड: 20 साल पुराने केस से उपचुनाव, त्रिकोणीय मुकाबले ने बढ़ाई टेंशन

अंता विधानसभा सीट पर ये उपचुनाव एक पुराने विवाद से उपजा है। पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के करीबी भाजपा विधायक कंवरलाल मीणा को 20 साल पुराने एक मामले में सजा हुई, जिसमें उन्होंने एक एसडीएम पर पिस्तौल तान दी थी। मई 2025 में उनकी सदस्यता रद्द हो गई, जिसके बाद नियमों के तहत 6 महीने के अंदर उपचुनाव कराना जरूरी था। 2023 के विधानसभा चुनाव में कंवरलाल ने कांग्रेस के प्रमोद जैन भाया को महज 5,861 वोटों से हराया था।अबकी बार मुकाबला और रोचक है। कांग्रेस ने भाया पर फिर भरोसा जताया है, जो हाड़ौती के दिग्गज नेता हैं। भाजपा ने मोरपाल सुमन को मैदान में उतारा है। लेकिन नरेश मीणा की निर्दलीय उम्मीदवारी ने समीकरण बिगाड़ दिए हैं। नरेश को हाल ही में कांग्रेस ने 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया था, क्योंकि उन्होंने पार्टी टिकट न मिलने पर स्वतंत्र लड़ने का ऐलान किया। अंता में मीणा समुदाय के करीब 40,000 वोटर हैं, जो निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं। कुल 2,27,563 मतदाताओं में माली समाज (40,000 वोटर) भी अहम है।राजनीतिक पंडितों का कहना है कि नरेश मीणा युवाओं और मीणा वोट बैंक को काट सकते हैं, जिससे कांग्रेस को ज्यादा नुकसान हो सकता है। भाजपा संगठन और मोदी लहर पर दांव खेल रही है। वोटिंग 11 नवंबर को होगी, जबकि 14 नवंबर को रिजल्ट आएगा।

अंता उपचुनाव न केवल स्थानीय सियासत, बल्कि 2028 विधानसभा चुनाव की दिशा भी तय कर सकता है। पोस्टर और वीडियो विवादों ने नरेश मीणा की छवि को झटका दिया है, लेकिन उनके समर्थक 'अंता मांगे नरेश मीणा' का नारा बुलंद कर रहे हैं। अब देखना ये है कि मतदाता विवादों के बीच विकास, जातिगत समीकरण या व्यक्तिगत आकर्षण पर वोट डालेंगे। ये उपचुनाव राजस्थान की राजनीति में नया अध्याय लिखने जा रहा है!

 

Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

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