15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने रचा इतिहास, टीम इंडिया में एंट्री के साथ तोड़ा सचिन तेंदुलकर का 37 साल पुराना रिकॉर्ड
आईपीएल 2026 में धमाकेदार प्रदर्शन करने वाले 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को आयरलैंड, इंग्लैंड टी20 सीरीज और एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में जगह मिली है।
भारतीय क्रिकेट को एक नया सुपरस्टार मिल गया है। आईपीएल 2026 में अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से दुनिया भर के क्रिकेट विशेषज्ञों का ध्यान खींचने वाले वैभव सूर्यवंशी ने अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखने से पहले ही इतिहास रच दिया है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की चयन समिति ने आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के साथ-साथ एशियन गेम्स 2026 के लिए वैभव को भारतीय टीम में शामिल किया है।
इस चयन के साथ ही 15 वर्षीय बाएं हाथ के बल्लेबाज ने भारतीय क्रिकेट के महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर का एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया है। क्रिकेट जगत में वैभव की एंट्री को भारतीय क्रिकेट के भविष्य के लिए एक बड़ा संकेत माना जा रहा है।
सचिन का 37 साल पुराना रिकॉर्ड टूटा
साल 1989 में जब सचिन तेंदुलकर पहली बार पाकिस्तान दौरे के लिए भारतीय टीम में चुने गए थे, तब उनकी उम्र 16 साल और 205 दिन थी। वहीं वैभव सूर्यवंशी मात्र 15 साल और 71 दिन की उम्र में भारतीय टीम का हिस्सा बन गए हैं।
इस उपलब्धि के साथ वैभव भारत की राष्ट्रीय टीम में चयनित होने वाले सबसे कम उम्र के बल्लेबाज बन गए हैं। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि यह उपलब्धि उनके असाधारण प्रदर्शन और प्रतिभा का प्रमाण है।
अब सबसे कम उम्र में डेब्यू का रिकॉर्ड भी निशाने पर
वैभव के पास सिर्फ चयन का रिकॉर्ड ही नहीं, बल्कि भारत के लिए सबसे कम उम्र में खेलने का रिकॉर्ड भी अपने नाम करने का मौका है।
सचिन तेंदुलकर ने 18 दिसंबर 1989 को पाकिस्तान के खिलाफ 16 साल और 238 दिन की उम्र में भारत के लिए पदार्पण किया था। यदि वैभव सूर्यवंशी 26 जून को आयरलैंड के खिलाफ होने वाले टी20 मुकाबले में प्लेइंग इलेवन का हिस्सा बनते हैं, तो वह 15 साल और 91 दिन की उम्र में भारत के लिए खेलने वाले सबसे युवा क्रिकेटर बन जाएंगे।
आईपीएल 2026 में मचाया था धमाल
वैभव सूर्यवंशी ने आईपीएल 2026 में अपने बल्ले से ऐसा प्रदर्शन किया जिसने चयनकर्ताओं को प्रभावित कर दिया। युवा बल्लेबाज ने पूरे सीजन में निडर अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए कई अनुभवी गेंदबाजों की जमकर धुनाई की।
उनकी आक्रामक बल्लेबाजी, बेहतरीन स्ट्राइक रेट और दबाव में खेलने की क्षमता ने उन्हें सीधे राष्ट्रीय टीम के दरवाजे तक पहुंचा दिया। यही वजह है कि उन्हें आयरलैंड, इंग्लैंड और एशियन गेम्स जैसी महत्वपूर्ण प्रतियोगिताओं के लिए चुना गया है।
क्या टूटेगा सचिन का एक और रिकॉर्ड?
क्रिकेट प्रेमियों की नजर अब वैभव सूर्यवंशी पर टिकी हुई है। सचिन तेंदुलकर ने 14 अगस्त 1990 को इंग्लैंड के खिलाफ ओल्ड ट्रैफर्ड टेस्ट में 17 साल और 112 दिन की उम्र में शतक जड़ा था, जो भारत की ओर से सबसे कम उम्र में लगाया गया अंतरराष्ट्रीय शतक माना जाता है।
अब उम्मीद की जा रही है कि वैभव अपनी मौजूदा फॉर्म को बरकरार रखते हुए भविष्य में इस रिकॉर्ड को भी चुनौती दे सकते हैं। जिस तरह उन्होंने घरेलू क्रिकेट और आईपीएल में प्रदर्शन किया है, उससे उनके प्रशंसकों की उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं।
भारतीय क्रिकेट का नया सितारा
महज 15 साल की उम्र में राष्ट्रीय टीम तक पहुंचना किसी भी खिलाड़ी के लिए बड़ी उपलब्धि होती है। वैभव सूर्यवंशी ने साबित कर दिया है कि प्रतिभा उम्र की मोहताज नहीं होती। अब सभी की निगाहें उनके अंतरराष्ट्रीय डेब्यू पर हैं, जहां वह भारतीय क्रिकेट इतिहास का एक और बड़ा अध्याय लिख सकते हैं।