सीकर में बेबी स्टोर मैनेजर द्वारा लाखों की ठगी: तीन महीने से फरार आरोपी उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार

राजस्थान के सीकर में बेबी फर्स्ट हग स्टोर के मैनेजर मनीष कुमार यादव ने 24 लाख से अधिक के स्टॉक और कैश का गबन किया। वह तीन महीने फरार रहने के बाद उत्तर प्रदेश के फतेहपुर से गिरफ्तार किया गया, जहां वह फिर से मैनेजर की नौकरी कर रहा था। पुलिस ने इंटरनल ऑडिट में सामने आई गड़बड़ी पर कार्रवाई की।

Dec 15, 2025 - 16:12
सीकर में बेबी स्टोर मैनेजर द्वारा लाखों की ठगी: तीन महीने से फरार आरोपी उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार

राजस्थान के सीकर जिले में एक बड़े फ्रॉड मामले में पुलिस ने सफलता हासिल की है। पिपराली रोड स्थित 'बेबी फर्स्ट हग स्टोर' में मैनेजर के पद पर कार्यरत व्यक्ति ने स्टोर से 24 लाख रुपये से अधिक का गबन किया था। आरोपी तीन महीने से फरार चल रहा था, लेकिन पुलिस ने उसे उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया।

मामला दर्ज होने की शुरुआत उद्योग नगर थाना पुलिस को 26 सितंबर 2025 को फर्म मालकिन श्वेता द्वारा शिकायत दर्ज कराई गई। श्वेता की फर्म का नाम 'ओम शिव गोरक्ष बेबी सेंटर' है, जिसकी एक ब्रांच सीकर के पिपराली रोड पर 'बेबी फर्स्ट हग स्टोर' के नाम से संचालित हो रही है। इस स्टोर में मनीष कुमार यादव (उम्र 34 वर्ष), पुत्र राम अजोर यादव, 1 अगस्त 2022 से मैनेजर के पद पर कार्यरत था। वह 19 अगस्त 2025 तक नौकरी करता रहा। नौकरी के दौरान उसने स्टोर के स्टॉक और कैश में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की।

ठगी की राशि और तरीका फर्म द्वारा कराई गई इंटरनल ऑडिट में खुलासा हुआ कि:स्टॉक में करीब 24 लाख 62 हजार रुपये की गड़बड़ी हुई। कैश ट्रांजैक्शन में अतिरिक्त 70 हजार रुपये की हेराफेरी। स्टोर के अन्य कर्मचारियों से मनीष ने 56 हजार रुपये उधार लिए थे, जो वापस नहीं किए। कुल मिलाकर ठगी की राशि 25 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है।आरोपी का तरीका यह था कि वह स्टोर के प्रोडक्ट्स (बेबी आइटम्स) बेचकर ग्राहकों से नकद रुपये ले लेता था, लेकिन यह राशि फर्म के खाते में जमा नहीं करता था। इससे स्टॉक में कमी दिखाई देती थी, जबकि कैश रजिस्टर में भी गड़बड़ी हो जाती थी।20 अगस्त 2025 को मनीष अचानक स्टोर से गायब हो गया और फरार हो गया।

पुलिस की जांच और गिरफ्तारी शिकायत मिलने के बाद उद्योग नगर थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। SHO राजेश कुमार बुडानिया के नेतृत्व में टीम ने आरोपी की तलाश में उसके संभावित ठिकानों पर कई बार दबिश दी, लेकिन शुरुआत में सफलता नहीं मिली।आखिरकार ह्यूमन इंटेलिजेंस के जरिए पुलिस को सूचना मिली कि मनीष उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में एक अन्य स्टोर में मैनेजर की नौकरी कर रहा है। वह वहां फिर से इसी पद पर काम शुरू कर चुका था।पुलिस टीम ने फतेहपुर में दबिश देकर मनीष कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया और सीकर लेकर आई। गिरफ्तारी में सब इंस्पेक्टर बीरबल सिंह, हेड कॉन्स्टेबल संत कुमार, कॉन्स्टेबल मामराज और अन्य पुलिसकर्मियों की टीम शामिल रही।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.