जेईई मेन 2026 सेशन-1 के लिए रिकॉर्ड 14 लाख+ स्टूडेंट्स ने किया रजिस्ट्रेशन

जेईई मेन 2026 के पहले सेशन में रिकॉर्ड 14 लाख से ज्यादा स्टूडेंट्स ने रजिस्ट्रेशन किया। पिछले 6 साल में आवेदन दोगुने हो गए हैं। इंजीनियरिंग सीटों में बढ़ोतरी और टेक्नोलॉजी सेक्टर में जॉब्स के बूम की वजह से इंजीनियरिंग की डिमांड तेजी से बढ़ रही है।

Nov 27, 2025 - 16:58
जेईई मेन 2026 सेशन-1 के लिए रिकॉर्ड 14 लाख+ स्टूडेंट्स ने किया रजिस्ट्रेशन

कोटा।   देश में इंजीनियरिंग की पढ़ाई और टेक्निकल जॉब्स के प्रति क्रेज़ लगातार बढ़ता जा रहा है। इसका ताज़ा सबूत नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा जारी आंकड़े हैं। जेईई मेन 2026 के पहले सेशन के लिए 14 लाख से ज़्यादा छात्र-छात्राओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है, जो पिछले कई सालों का सबसे बड़ा आंकड़ा है।

6 साल में दोगुने से ज़्यादा हुए आवेदन 2019 में जेईई मेन के लिए कुल आवेदन: करीब 9.29 लाख ,2025 तक यह संख्या: 13-14 लाख के पार ,2026 सेशन-1 के लिए अभी तक: 14 लाख+ (और करेक्शन विंडो खुलने के बाद भी कुछ और बढ़ सकता है), यानी महज़ 6-7 साल में आवेदकों की संख्या लगभग दोगुनी हो चुकी है।

बढ़ते रजिस्ट्रेशन के प्रमुख कारण इंजीनियरिंग सीटों में भारी इज़ाफ़ा 2014 में देश में कुल इंजीनियरिंग सीटें: करीब 16-17 लाख ,2025 में: 25 लाख से ज़्यादा ,हर साल IIT, NIT, IIIT और GFTI में भी सीटें बढ़ रही हैं, टेक्नोलॉजी सेक्टर में जॉब्स का बूम IT, AI, Data Science, Cybersecurity, EV, Semiconductor, Drone Technology जैसे क्षेत्रों में जॉब्स तेज़ी से बढ़ रहे हैं।,Google, Microsoft, Tesla, ISRO, DRDO जैसी कंपनियां कैंपस से ही लाखों का पैकेज दे रही हैं। ,स्टार्टअप इकोसिस्टम भी इंजीनियर्स की भारी डिमांड पैदा कर रहा है।NIT और IIIT की बढ़ती लोकप्रियता पहले सिर्फ़ IIT का क्रेज़ था, अब NIT वारंगल, सुरथकल, त्रिची, IIIT हैदराबाद, IIIT दिल्ली जैसी संस्थाएं भी टॉप पैकेज 50-80 लाख तक दे रही हैं।इससे मध्यम रैंक वाले छात्र भी अच्छे कॉलेज की उम्मीद रखते हैं।प्राइवेट इंजीनियरिंग कॉलेजों की संख्या में वृद्धि VIT, BITS, SRM, Manipal, Thapar जैसे संस्थान भी लाखों छात्रों को आकर्षित कर रहे हैं।

 सेशन-1 की मुख्य तारीखें रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख: 27 नवंबर 2025 (रात 11:50 बजे तक) ,परीक्षा तारीख: जनवरी 2026 (22 जनवरी से शुरू होने की संभावना) ,सेशन-2 रजिस्ट्रेशन: फरवरी 2026 में खुलेगा ,फाइनल रिजल्ट: दोनों सेशन में से बेस्ट स्कोर माना जाएगा। 

क्या कहते हैं एक्सपर्ट्स? कोचिंग एक्सपर्ट्स के अनुसार, “जब तक टेक्नोलॉजी और इनोवेशन देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ बने रहेंगे, तब तक इंजीनियरिंग की डिमांड और जेईई का क्रेज़ कम नहीं होने वाला। अब प्रतियोगिता सिर्फ़ टॉप-100 रैंक की नहीं, टॉप-50,000 रैंक की भी हो गई है।”

स्टूडेंट्स के लिए मैसेज 14 लाख में से सिर्फ़ टॉप 2.5 लाख छात्र ही NIT, IIIT और GFTI में एडमिशन पा सकेंगे। इसलिए अब रैंक सुधारने का समय है, न कि सिर्फ़ परीक्षा देने का। जनवरी में होने वाली परीक्षा को “मॉक टेस्ट” की तरह लें और अप्रैल सेशन में पीक परफॉर्मेंस दें।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.