जैसलमेर से दिल्ली जा रही बस में अचानक लगी आग, 500 मीटर तक धुएं के साथ दौड़ी – समय रहते रोकी गई, कोई हताहत नहीं
जैसलमेर से दिल्ली जा रही गजराज ट्रेवल्स की बस में साइलेंसर में अचानक आग लग गई। बस 500 मीटर तक धुएं के साथ सड़क पर दौड़ती रही। राहगीरों की चेतावनी पर ड्राइवर ने बस रोकी। फायर ब्रिगेड ने 10 मिनट में आग पर काबू पा लिया। सभी 30 यात्री सुरक्षित, कोई हताहत नहीं। बस के आगे के हिस्से को नुकसान पहुंचा।
जैसलमेर, राजस्थान – गुरुवार दोपहर को जैसलमेर से दिल्ली जा रही एक निजी बस में अचानक आग लगने की घटना ने यात्रियों और राहगीरों में हड़कंप मचा दिया। बस के साइलेंसर के पास से शुरू हुई आग ने तेजी से धुआं फैलाया और बस लगभग 500 मीटर तक धुएं के गुबार के साथ सड़क पर दौड़ती रही। समय रहते ड्राइवर ने बस रोक दी, जिससे बड़ा हादसा टल गया। सभी 30 से अधिक यात्री सुरक्षित बाहर निकल गए और किसी को कोई चोट नहीं आई।
घटना का क्रम
गुरुवार दोपहर गजराज ट्रेवल्स की बस जैसलमेर से दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। बस में करीब 30 यात्री सवार थे। जोधपुर रोड पर डेजर्ट टुलिप होटल के सामने पहुंचते ही बस के आगे के हिस्से और साइलेंसर से अचानक तेज धुआं निकलने लगा। देखते ही देखते धुआं बढ़ता गया और बस को अपनी चपेट में लेने लगा।यात्रियों को शुरू में धुएं की भनक नहीं लगी। बस लगभग 500 मीटर तक धुएं के साथ आगे बढ़ती रही। जब यात्रियों ने स्थिति को समझा तो उन्होंने तुरंत ड्राइवर को सूचना दी।
इसी दौरान सड़क किनारे खड़े राहगीरों ने बस से निकलती आग की लपटें और धुआं देखा। उन्होंने तुरंत शोर मचाया, हाथ हिलाकर ड्राइवर को चेतावनी दी और बस रोकने का संकेत किया। ड्राइवर ने रियर मिरर में स्थिति देखी और तुरंत सूझबूझ दिखाते हुए बस को सड़क किनारे सुरक्षित जगह पर रोक दिया।बस रुकते ही यात्रियों में चीख-पुकार मच गई। डर के मारे सभी यात्री तुरंत बस से नीचे उतर गए। बस के आगे के हिस्से में आग फैलने लगी थी, लेकिन यात्रियों की तेजी और राहगीरों की चेतावनी से बड़ा अनर्थ टल गया।
फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई। दमकलकर्मी भैरूदान ने बताया कि दोपहर करीब 3:30 बजे सूचना मिली थी। टीम ने तुरंत कार्रवाई की और महज 10 मिनट में यानी 3:40 बजे तक आग पर पूरी तरह काबू पा लिया।
प्रारंभिक जांच में पता चला कि आग लगने की मुख्य वजह बस के साइलेंसर में आई खराबी और उसकी वजह से हुई ज्यादा गर्मी थी। साइलेंसर से निकली गर्मी ने आसपास के पार्ट्स को प्रभावित किया और आग भड़क उठी।
नुकसान और आगे की व्यवस्था
इस हादसे में बस के आगे के हिस्से को काफी नुकसान पहुंचा, लेकिन किसी यात्री को चोट नहीं आई। घटना के तुरंत बाद यात्रियों में कुछ देर तक दहशत का माहौल रहा। ट्रेवल एजेंसी ने तुरंत दूसरी बस की व्यवस्था की और सभी यात्रियों को उनके गंतव्य दिल्ली के लिए रवाना कर दिया।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ और सुरक्षा की जरूरत
ऐसी घटनाएं बसों की नियमित मेंटेनेंस की अहमियत याद दिलाती हैं। साइलेंसर, इंजन और इलेक्ट्रिकल सिस्टम की समय-समय पर जांच जरूरी है, खासकर लंबी दूरी की बसों में। इस मामले में ड्राइवर की सूझबूझ, राहगीरों की त्वरित चेतावनी और फायर ब्रिगेड की तेज प्रतिक्रिया ने बड़ा हादसा होने से बचाया।
यात्रियों ने बाद में राहत महसूस की और ट्रेवल एजेंसी की त्वरित मदद की सराहना की।