घर के टांके में डूबीं 1-1 साल की दो चचेरी बहनें: चिल्लाने की आवाज सुन परिजन दौड़े, लेकिन बच न सकीं; अस्पताल पहुंचते ही हुई मौत
बारमेर जिले के मिठड़ा गांव में 1-1 साल की दो चचेरी बहनें गायत्री और खुशबू खेलते हुए घर के पास टांके में गिर गईं। चिल्लाहट सुनकर परिजनों ने उन्हें बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मर्ग दर्ज की है। यह हादसा बच्चों की सुरक्षा की कमी को उजागर करता है।
बारमेर (राजस्थान), 17 जनवरी 2026: राजस्थान के बारमेर जिले में एक बेहद दर्दनाक हादसा हुआ है, जिसमें मात्र 1-1 साल की दो मासूम चचेरी बहनें घर के पास बने पानी के टांके में गिरकर डूब गईं। दोनों बच्चियों की चीख-पुकार सुनकर परिजन उन्हें बचाने के लिए दौड़े, लेकिन दुर्भाग्यवश दोनों को समय पर बाहर निकालने के बावजूद अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। यह घटना स्थानीय लोगों में कोहराम मचा गई है और पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।
घटना का विवरण
घटना बारमेर जिले के सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले मिठड़ा (आइदानपुरा) गांव की है। दोपहर करीब 2 बजे यह हादसा हुआ। मृतक बच्चियां गायत्री (1 वर्ष) पुत्री मालाराम और खुशबू (1 वर्ष) पुत्री गणेशराम हैं। दोनों चचेरी बहनें थीं और घर के बाहर खेल रही थीं। परिवार के अन्य सदस्य पास में ही काम कर रहे थे। अचानक खेलते-खेलते दोनों मासूम बच्चियां घर के बाहर बने खुले टांके (पानी की टंकी या तालाबनुमा गड्ढे) में गिर गईं।
बच्चियों की चिल्लाने की तेज आवाज सुनते ही परिजन भागकर आए। उन्होंने तुरंत दोनों को टांके से बाहर निकाला और प्राइवेट गाड़ी से आनन-फानन में बारमेर के अस्पताल पहुंचाया। लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद दोनों को मृत घोषित कर दिया। संभवतः डूबने से पहले ही दम घुटने या पानी में ज्यादा समय रहने के कारण उनकी मौत हो गई।
परिवार की स्थिति
गायत्री और खुशबू के पिता मजदूरी करते हैं। गायत्री के पिता मालाराम महाराष्ट्र में लकड़ी का काम करते हैं, जबकि खुशबू के पिता गणेशराम प्लास्टर के कारीगर हैं। दोनों परिवार एक ही गांव में रहते हैं और बच्चियां चचेरी बहनें होने के कारण साथ-साथ खेलती थीं। परिवार में दोनों बच्चियों के अलावा एक-एक भाई भी हैं। इस हादसे ने पूरे परिवार को सदमे में डाल दिया है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में शोक का माहौल है।
पुलिस कार्रवाई
सूचना मिलते ही सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों शवों को बारमेर अस्पताल की मोर्चरी में शिफ्ट करवाया। परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच कर रही है। सदर थाना के एसआई ओमप्रकाश ने बताया कि परिजनों की रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज कर ली गई है। डीएसपी रमेश कुमार शर्मा ने भी घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि परिवार के लोगों ने बच्चों को टांके से निकाला और अस्पताल ले गए, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
सुरक्षा की चेतावनी
ऐसे हादसे ग्रामीण इलाकों में अक्सर होते हैं, जहां घरों के पास खुले टांके या गड्ढे बिना सुरक्षा के रह जाते हैं। छोटे बच्चे खेलते समय इनमें गिर सकते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि घरों के आसपास ऐसे गड्ढों या टंकी को जाली या ढक्कन से सुरक्षित करना चाहिए ताकि ऐसी दुखद घटनाओं से बचा जा सके।