कांग्रेस के भ्रष्टाचार ने मनरेगा को कमजोर किया, वीबी-जी रामजी से दूर होंगी कमियां: राजस्थान सीएम भजनलाल शर्मा
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्र की नई योजना विकसित भारत गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (वीबी-जी रामजी) की सराहना की, जो मनरेगा की कमियों को दूर कर रोजगार गारंटी को 100 से बढ़ाकर 125 दिन करती है। उन्होंने कांग्रेस पर भ्रष्टाचार और भ्रामक प्रचार का आरोप लगाया, जबकि योजना में राज्य की 40% भागीदारी से जवाबदेही बढ़ेगी।
जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्र सरकार की नई ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना विकसित भारत गारंटी रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी-जी रामजी (VB-G RAM G) की जमकर तारीफ की है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाई गई एक क्रांतिकारी पहल बताया, जो पुरानी मनरेगा योजना की कमियों को दूर कर ग्रामीण भारत को मजबूत बनाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने वीबी-जी रामजी अधिनियम-2025 लाकर ग्रामीण रोजगार के क्षेत्र में बड़ा सुधार किया है। यह योजना मनरेगा की जगह ले रही है, जो कांग्रेस शासनकाल में भ्रष्टाचार और कमजोर प्रशासन के कारण अपने उद्देश्यों को पूरा नहीं कर पाई। कांग्रेस की मंशा कभी सही नहीं रही, जिसके चलते मनरेगा के कार्य भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गए। अब वीबी-जी रामजी में इन सभी कमियों को दूर कर नई विशेषताएं जोड़ी गई हैं।
योजना की प्रमुख नई खूबियां
रोजगार गारंटी बढ़ाई गई: मनरेगा में 100 दिनों की गारंटी थी, जबकि वीबी-जी रामजी में इसे बढ़ाकर 125 दिन कर दिया गया है। इससे ग्रामीण परिवारों की आय सुरक्षा और मजबूत होगी।फोकस विकास पर: योजना अब केवल मजदूरी तक सीमित नहीं रहेगी। इसमें जल सुरक्षा, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका से जुड़े कार्य और आपदा प्रतिरोधी ढांचे पर जोर दिया गया है।सहकारी संघवाद का मॉडल: फंडिंग में राज्य सरकारों की भागीदारी 40 प्रतिशत होगी, जबकि केंद्र का हिस्सा रहेगा। इससे जवाबदेही बढ़ेगी और राज्य स्तर पर बेहतर कार्यान्वयन सुनिश्चित होगा।विकसित भारत 2047 से जुड़ाव: यह योजना प्रधानमंत्री मोदी के 'विकसित भारत @2047' विजन का हिस्सा है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में टिकाऊ विकास, रोजगार और आजीविका को मजबूत बनाएगी।
कांग्रेस पर तीखा हमला
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कांग्रेस पर जोरदार निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के पास केवल भ्रामक प्रचार करने की आदत है। अतीत में भी उन्होंने कई मुद्दे उठाए, जो झूठ और भ्रम पर आधारित थे और आज उनका कोई महत्व नहीं है। कांग्रेस ने अपने शासन में कोई विकास कार्य नहीं किया, सिर्फ भ्रष्टाचार फैलाया।खास तौर पर, कांग्रेस का आरोप कि केंद्र सरकार वीबी-जी रामजी के लिए पूरा पैसा नहीं देगी, पूरी तरह झूठा है। सीएम ने स्पष्ट किया कि यह सहकारी संघवाद का बेहतरीन उदाहरण है, जिसमें राज्य की भागीदारी से योजना अधिक प्रभावी और जवाबदेह बनेगी। कांग्रेस अपने पुराने आचरण के अनुसार ही भ्रम फैला रही है।
योजना का बैकग्राउंड
वीबी-जी रामजी विधेयक को दिसंबर 2025 में संसद से पारित कर राष्ट्रपति की मंजूरी मिल चुकी है। यह मनरेगा (2005) की जगह ले रही है, जिसे सरकार अब पुराना और कम प्रभावी मान रही है। नई योजना में पारदर्शिता, बेहतर प्लानिंग और ग्रामीण बुनियादी ढांचे पर फोकस बढ़ाया गया है। कई राज्यों के मुख्यमंत्री, जैसे उत्तराखंड के पुष्कर सिंह धामी और छत्तीसगढ़ के विष्णुदेव साय, ने भी इसे ऐतिहासिक कदम बताया है।