डीग जिले में 69 हजार निष्क्रिय खातों में फंसे 11.87 करोड़ रुपये लौटाने की मुहिम तेज

डीग में 69,804 निष्क्रिय बैंक खातों में फंसे 11.87 करोड़ रुपये लौटाने के लिए ‘आपकी पूंजी-आपका अधिकार’ अभियान शुरू। 10 साल से अधिक समय से कोई लेन-देन नहीं होने पर ये राशि RBI के फंड में ट्रांसफर हो गई थी। अब 12 दिसंबर को डीग के किशन लाल जोशी स्कूल में विशेष शिविर लगेगा, जहां खाताधारक और नॉमिनी KYC करवाकर अपनी राशि तुरंत वापस ले सकेंगे।

Dec 10, 2025 - 14:40
डीग जिले में 69 हजार निष्क्रिय खातों में फंसे 11.87 करोड़ रुपये लौटाने की मुहिम तेज

भरतपुर।  राजस्थान के भरतपुर जिले की तहसील डीग में पिछले 10 साल या उससे अधिक समय से निष्क्रिय पड़े लगभग 69 हजार बैंक खातों में जमा 11.87 करोड़ रुपये की राशि अब उनके असली मालिकों को वापस मिल सकेगी। इसके लिए जिला प्रशासन, लीड बैंक (पंजाब नेशनल बैंक) और अन्य बैंकों ने मिलकर ‘आपकी पूंजी – आपका अधिकार’ नाम से विशेष अभियान शुरू किया है।

क्या हैं ये निष्क्रिय खाते? बैंकिंग नियमों के अनुसार अगर किसी बचत खाते या चालू खाते में लगातार 2 साल तक कोई लेन-देन नहीं होता तो वह खाता ‘निष्क्रिय’ (Inoperative) हो जाता है।अगर इसके बाद भी 10 साल तक कोई लेन-देन या दावा नहीं किया जाता तो खाते में जमा पूरी राशि भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के ‘डिपॉजिटर एजुकेशन एंड अवेयरनेस फंड’ (DEAF) में ट्रांसफर कर दी जाती है।डीग क्षेत्र के 9 प्रमुख बैंकों (पंजाब नेशनल बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, राजस्थान मारवाड़ ग्रामीण बैंक आदि) ने मिलकर कुल 69,804 ऐसे खाते चिह्नित किए हैं जिनमें कुल 11 करोड़ 87 लाख रुपये जमा हैं।

अब क्या हो रहा है? आरबीआई ने सभी बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे इन पुराने खाताधारकों और उनके उत्तराधिकारियों/नॉमिनी को ढूंढें और उनकी राशि सक्रिय खाते में वापस ट्रांसफर करें। इसके लिए बैंक:खाताधारकों को SMS, पत्र, फोन कॉल और ई-मेल के जरिए सूचित कर रहे हैं।जिन खाताधारकों का मोबाइल नंबर या पता बदल गया है, उन्हें ढूंढने के लिए ग्राम पंचायत, पटवारी, स्थानीय लोगों की मदद ली जा रही है।

12 दिसंबर को मेगा शिविर अभियान को जन-जन तक पहुंचाने और एक ही जगह पर समाधान देने के लिए 12 दिसंबर 2025 को डीग में जिला स्तरीय जागरूकता एवं सहायता शिविर लगाया जा रहा है।स्थान: किशन लाल जोशी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, डीग, समय: सुबह 10 बजे से शाम तक, कौन आ सकता है?पुराने खाताधारक स्वयं, खाताधारक के नॉमिनी (नामित व्यक्ति), मृत खाताधारक के कानूनी वारिस (लीगल हेयर),

शिविर में क्या सुविधा मिलेगी? सभी प्रमुख बैंक अपने स्टॉल लगाएंगे।मौके पर ही KYC अपडेट होगी। आधार, पैन, पासबुक, पुराना चेकबुक या कोई भी पुराना दस्तावेज दिखाकर दावा किया जा सकता है। नॉमिनी या वारिस को भी दावा करने का पूरा अधिकार है (आवश्यक दस्तावेज के साथ)। अधिकांश मामलों में उसी दिन खाता सक्रिय करके राशि वापस की जाएगी या नये खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी। 

आप क्या करें?अगर आपको या आपके परिवार के किसी सदस्य को लगता है कि डीग क्षेत्र में कभी कोई पुराना बैंक खाता खोला था और उसका पता नहीं है तो:अपनी पासबुक, पुराना चेकबुक या बैंक से मिला कोई पत्र ढूंढें। 12 दिसंबर को जरूरी दस्तावेज (आधार कार्ड, फोटो, मोबाइल नंबर आदि) लेकर शिविर में जरूर पहुंचें।अगर आप खुद नहीं आ सकते तो अपने नॉमिनी या किसी विश्वसनीय व्यक्ति को अधिकृत करके भेज सकते हैं। 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.