बीकानेर में पति ने मफलर से गला घोंटकर पत्नी की की क्रूर हत्या: छोटी-सी बात पर भड़का विवाद, बेटे ने ही दर्ज कराया पिता के खिलाफ मुकदमा
बीकानेर के बादनूं गांव में किसान नानूराम नायक (45) ने छोटे विवाद में पत्नी सुशीला देवी (40) का मफलर से गला घोंटकर हत्या कर दी। सुबह चाय बनाते समय हुई कहासुनी के बाद आवेश में आकर वारदात अंजाम दी। आरोपी फरार, बेटे मनोज ने पिता के खिलाफ जसरासर थाने में मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस जांच में जुटी, शव पोस्टमॉर्टम के लिए रखवाया।
बीकानेर जिले के जसरासर थाना क्षेत्र के बादनूं गांव में रविवार की सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। यहां एक किसान ने अपनी पत्नी का मफलर से गला घोंटकर निर्मम हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी पति मौके से फरार हो गया, जबकि मृतका के बेटे ने खुद अपने पिता के खिलाफ पुलिस में हत्या का मामला दर्ज कराया है। पुलिस अब आरोपी की तलाश में जुटी हुई है और मामले की गहन जांच कर रही है।
परिवार की पृष्ठभूमि और घटनास्थल
मृतका सुशीला देवी (उम्र 40 वर्ष) और उनके पति नानूराम नायक (उम्र 45 वर्ष) मूल रूप से बादनूं गांव के निवासी थे। नानूराम पेशे से किसान हैं और परिवार के साथ खेत में रहकर खेती-बाड़ी करते थे। सर्दियों के मौसम में खेत के मालिक ने उन्हें ढाणी में बने एक कमरे में रहने की जगह दी थी, लेकिन परिवार का अधिकांश समय खेत में बने अपने झोपड़े में ही बीतता था। यहां वे चाय-खाना बनाते और रोजमर्रा के काम करते थे। परिवार में नानूराम, सुशीला देवी और उनके दो बेटे हैं।
सुबह का विवाद कैसे बना हत्या का कारण
रविवार की सुबह करीब 5 बजे नानूराम और सुशीला देवी खेत मालिक के कमरे से निकलकर लगभग 300 मीटर दूर अपनी झोपड़ी में पहुंचे। दोनों ने रोज की तरह चाय और नाश्ता बनाने की तैयारी शुरू की। इसी दौरान किसी छोटी-सी बात पर दोनों के बीच तीखी बहस छिड़ गई। कहासुनी इतनी बढ़ गई कि आवेश में आकर नानूराम ने पत्नी सुशीला देवी का मफलर (स्कार्फ) से गला जोर से घोंट दिया। इस क्रूर हमले से सुशीला देवी की मौके पर ही दम तोड़ दिया। हत्या के बाद नानूराम वहां से फरार हो गया।
बेटों को कैसे पता चला मां की मौत का
मृतका सुशीला देवी के दो बेटे हैं, जिनमें बड़ा बेटा मनोज है। महिला का पीहर सांडवा थाना क्षेत्र में बताया गया है। सुबह करीब 9 बजे तक जब बेटे मनोज और अन्य परिजन खेत में माता-पिता को नहीं देख पाए, तो वे चिंतित होकर झोपड़ी की ओर गए। वहां पहुंचकर उन्हें सबसे पहले मां सुशीला देवी का शव पड़ा मिला, जबकि पिता नानूराम कहीं नजर नहीं आए। शव देखकर परिजन सदमे में आ गए और तुरंत पुलिस को सूचना दी।
बेटे ने पिता पर दर्ज कराया हत्या का केस
घटना की सूचना मिलते ही जसरासर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। मृतका के पुत्र मनोज ने थाने में जाकर अपने पिता नानूराम नायक के खिलाफ मां की गला घोंटकर हत्या करने का स्पष्ट आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई। थाना प्रभारी आलोक सिंह ने बताया कि मामले में तत्काल कार्रवाई की गई। बीकानेर से फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की टीम बुलाई गई, जिसने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए।
पुलिस की जांच और आगे की कार्रवाई
पुलिस ने मृतका सुशीला देवी के शव को नोखा जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है, जहां सोमवार सुबह पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से हत्या के तरीके और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आएंगी। आरोपी नानूराम की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने विभिन्न टीमों का गठन किया है और संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
इलाके में फैला शोक और आक्रोश
घटना के बाद बादनूं गांव और आसपास के क्षेत्र में गहरा शोक छा गया है। स्थानीय लोग इस क्रूर हत्या से स्तब्ध हैं और न्याय की मांग कर रहे हैं। कई जगहों पर आक्रोश भी देखा गया। पुलिस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कर रही है और जल्द से जल्द आरोपी को पकड़ने का दावा कर रही है।