बांसवाड़ा में 12वीं के छात्र का लंच टाइम में अपहरण: मारपीट कर झाड़ियों में फेंका, पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश तेज

बांसवाड़ा के सामरिया गांव में लंच टाइम के दौरान 12वीं के छात्र धनपाल का अज्ञात लोगों ने अपहरण किया, मारपीट कर झाड़ियों में फेंका; पुलिस ने मामला दर्ज कर तलाश शुरू की।

Nov 6, 2025 - 13:21
बांसवाड़ा में 12वीं के छात्र का लंच टाइम में अपहरण: मारपीट कर झाड़ियों में फेंका, पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश तेज

बांसवाड़ा (राजस्थान), 6 नवंबर 2025: सदर थाना क्षेत्र के सामरिया गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी है। यहां एक सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले 12वीं कक्षा के छात्र का लंच टाइम के दौरान कुछ अज्ञात लोगों ने अपहरण कर लिया। अपहरणकर्ताओं ने छात्र के साथ क्रूरता से मारपीट की और फिर उसे तीन-चार किलोमीटर दूर जंगल की झाड़ियों में फेंक दिया। घायल छात्र को तुरंत एमजी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज जारी है। पुलिस ने परिजनों की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी है।

घटना का पूरा विवरण;  घटना मंगलवार (4 नवंबर 2025) को दोपहर के लगभग 12 बजे सदर थाना क्षेत्र के सामरिया गांव स्थित सरकारी उच्च माध्यमिक स्कूल में घटी। पीड़ित छात्र धनपाल (उम्र करीब 17 वर्ष), पुत्र वागजी निवासी सामरिया, स्कूल की 12वीं कक्षा में पढ़ता है। धनपाल ने बताया कि वह सुबह की कक्षाओं के बाद लंच ब्रेक के दौरान स्कूल के सामने स्थित एक छोटी दुकान पर कुछ सामान लेने गया था। दुकान पर सामान लेते ही अचानक कुछ अज्ञात युवक वहां पहुंचे और उसे जबरन एक गाड़ी में खींच लिया।अपहरणकर्ताओं की संख्या के बारे में धनपाल ने बताया कि वे 3-4 युवक थे, जो मास्क पहने हुए थे और उनके चेहरे साफ नहीं दिखे। गाड़ी में बैठते ही उन्होंने धनपाल के हाथ-पैर बांध दिए और उसके मुंह पर कपड़ा ठूंस दिया ताकि वह चिल्ला न सके। अपहरणकर्ता स्कूल से करीब 3-4 किलोमीटर दूर जंगल की ओर ले गए। वहां पहुंचकर उन्होंने धनपाल को गाड़ी से उतारा और जमीन पर पटक दिया। इसके बाद उन्होंने लातें, मुक्के और लाठियों से उसकी जमकर पिटाई की। मारपीट के दौरान अपहरणकर्ताओं ने धनपाल से कुछ पैसे और मोबाइल फोन की मांग की, लेकिन छात्र के पास ज्यादा नकदी न होने पर वे और भड़क गए।पिटाई के बाद अपहरणकर्ताओं ने धनपाल को बेहोशी की हालत में जंगल की घनी झाड़ियों में फेंक दिया और खुद फरार हो गए। धनपाल ने बताया कि वह करीब आधे घंटे बाद होश में आया। दर्द से कराहते हुए वह किसी तरह झाड़ियों से बाहर निकला और रास्ते पर गुजर रहे एक किसान को देखा। किसान ने उसकी हालत देखी तो तुरंत मदद की और परिजनों को सूचना दी।

परिजनों की प्रतिक्रिया और अस्पताल में हालत;  धनपाल के पिता वागजी और अन्य परिजन जैसे ही सूचना पाकर मौके पर पहुंचे, तो छात्र की हालत देखकर उनकी सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई। वे तुरंत उसे बांसवाड़ा के महात्मा गांधी (एमजी) जिला अस्पताल ले गए। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने बताया कि छात्र के सिर, चेहरे, हाथ-पैरों पर गंभीर चोटें हैं। सिर में सूजन और कई जगहों पर जख्म हैं, लेकिन जान को कोई तत्काल खतरा नहीं है। वर्तमान में धनपाल को दर्द निवारक दवाइयां दी जा रही हैं और उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है। परिजनों ने बताया कि धनपाल अभी भी सदमे में है और पूरी घटना के बारे में विस्तार से बता पाने में असमर्थ है।परिजनों ने पुलिस को दिए बयान में कहा, "हमारा बेटा एक साधारण परिवार से है। वह पढ़ाई में अच्छा है और कभी किसी से झगड़ा नहीं करता। अचानक ऐसा क्यों हुआ, हमें समझ नहीं आ रहा। अपहरणकर्ता कौन हैं, इसका हमें कोई अंदाजा नहीं।" परिजनों ने मांग की है कि जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।

  परिजनों ने मंगलवार शाम को ही सदर थाना में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 137 (अपहरण), 115(2) (मारपीट) और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। सदर थाना प्रभारी ने बताया कि छात्र के बयान और परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर जांच शुरू हो गई है। पुलिस टीम ने अपहरण स्थल, दुकान और जंगल के इलाके का मुआयना किया है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और ग्रामीणों से पूछताछ की जा रही है।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.