अवैध संबंधों के चलते पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या शव दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास फेंका.

राजस्थान के दौसा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास मिले युवक के शव की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया। मृतक की पत्नी श्वेता उर्फ शिल्पी ने अपने प्रेमी धर्मेंद्र उर्फ डीके के साथ मिलकर अवैध संबंधों के कारण पति आशानंद की सुपारी देकर हत्या करवाई। 20 हजार रुपये में गाजियाबाद के शूटर रामसुंदर से सुपारी ली गई। हत्या के बाद शव एक्सप्रेसवे के पास फेंका गया। पुलिस ने सभी मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

Dec 24, 2025 - 16:21
अवैध संबंधों के चलते पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या शव दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास फेंका.

दौसा/जयपुर. राजस्थान के दौसा जिले में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के किनारे मिली एक अज्ञात लाश के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। यह हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि मृतक की पत्नी और उसके प्रेमी ने मिलकर साजिश रचकर करवाई थी। अवैध संबंधों की वजह से पति बाधा बन रहा था, इसलिए दोनों ने सुपारी देकर उसकी हत्या करवा दी और शव को एक्सप्रेसवे के पास फेंक दिया। पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता प्रेमी, सुपारी किलर और अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

पूरा घटनाक्रम. 

मामला फरवरी 2025 का है, जब 10 फरवरी को दौसा के कोलवा थाना क्षेत्र में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के पास बांदीकुई-जयपुर लिंक रोड पर एक युवक का शव मिला था। शव की पहचान नहीं हो पा रही थी, क्योंकि कोई पहचान पत्र या दस्तावेज नहीं मिले। पुलिस ने इसे ब्लाइंड मर्डर मानकर जांच शुरू की। लंबी जांच और तकनीकी सबूतों के आधार पर मामला सुलझा।मृतक की पहचान बिहार निवासी आशानंद उर्फ पांडे शर्मा के रूप में हुई, जो जयपुर के विश्वकर्मा इंडस्ट्रियल एरिया में एक फैक्ट्री में काम करता था।

पुलिस कार्रवाई में उजागर हुई सच्चाई.

पुलिस जांच में पता चला कि आशानंद की पत्नी श्वेता उर्फ शिल्पी शर्मा (35 वर्षीय) का जयपुर में रहने वाले धर्मेंद्र उर्फ डीके के साथ लंबे समय से अवैध संबंध थे। दोनों साथ रहना चाहते थे, लेकिन पति आशानंद उनके रास्ते की सबसे बड़ी रुकावट था।साजिश के तहत धर्मेंद्र ने गाजियाबाद से एक सुपारी किलर रामसुंदर उर्फ बिट्टू को बुलाया। आरोपियों ने आशानंद को बिहार जाने के बहाने अपनी कार में बैठाया। जयपुर से दौसा होते हुए दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर पहुंचते ही कार में ही सुपारी किलर ने आशानंद को गोली मार दी। इसके बाद शव को एक्सप्रेसवे के पास लिंक रोड पर फेंक दिया गया, ताकि पहचान मुश्किल हो जाए और मामला दूसरे राज्य का लगे।

दौसा पुलिस की कोलवा थाना टीम ने मामले की गहन जांच की। सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और अन्य सबूतों से आरोपियों तक पहुंची। पुलिस ने श्वेता उर्फ शिल्पी शर्मा, मुख्य साजिशकर्ता धर्मेंद्र उर्फ डीके और सुपारी किलर रामसुंदर सहित सभी मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह हत्या अवैध संबंधों और साथ जीने की चाहत में रची गई साजिश का नतीजा थी। मामले में आगे की जांच जारी है और आरोपियों से हथियार बरामदगी की कोशिश की जा रही है। इस खुलासे से इलाके में सनसनी फैल गई है, जो रिश्तों में विश्वास की कमी और अपराध की बढ़ती प्रवृत्ति को उजागर करता है।