पिलानी में दर्दनाक सड़क हादसा: तेज रफ्तार ट्रोले ने बाइक सवारों को 30 मीटर तक घसीटा, दो युवक गंभीर घायल
पिलानी-चिड़ावा बाईपास पर तेज रफ्तार ट्रोले ने बाइक सवार दो छात्रों को पीछे से टक्कर मारकर 30 मीटर तक घसीट लिया। हादसे में चिड़ावा के गांव कोपिया कुआं निवासी हरीश और रवि गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच कर रही है और तेज रफ्तार व लापरवाही को मुख्य कारण मान रही है।
पिलानी (झुंझुनू), 7 अप्रैल 2026: राजस्थान के पिलानी क्षेत्र में सोमवार को एक भयावह सड़क दुर्घटना ने दो युवकों की जिंदगी को खतरे में डाल दिया। पिलानी-चिड़ावा बाईपास पर कल्पवृक्ष अस्पताल के पास एक तेज रफ्तार ट्रोले ने पीछे से बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रोला बाइक सवारों को लगभग 30 मीटर तक घसीटता हुआ आगे बढ़ गया।
हादसे का विवरण
दोनों युवक बाइक पर सवार थे, जब अचानक ट्रोले ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी। टक्कर की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि बाइक सवार सड़क पर फिसलते हुए घसीटे गए। स्थानीय लोगों ने बताया कि यह दृश्य बेहद डरावना था। आसपास के लोग तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और घायलों की मदद की। उन्होंने तुरंत एंबुलेंस को सूचना दी और घायलों को निकटवर्ती अस्पताल पहुंचाया।
घायलों की पहचान
हादसे में घायल दोनों युवकों की पहचान चिड़ावा क्षेत्र के गांव कोपिया कुआं निवासी हरीश और रवि के रूप में हुई है। दोनों पिलानी के एक निजी शैक्षणिक संस्थान में छात्र हैं। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें हायर सेंटर (उच्च स्तरीय अस्पताल) रेफर कर दिया है।
पुलिस की जांच
घटना की सूचना मिलते ही पिलानी पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का जायजा लिया और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने तेज रफ्तार और ड्राइवर की लापरवाही को हादसे की मुख्य वजह माना है।पुलिस अब ट्रोले के ड्राइवर की तलाश कर रही है और फुटेज के आधार पर आगे की कार्रवाई करने वाली है। स्थानीय लोगों ने इस घटना पर चिंता जताते हुए सड़क पर तेज रफ्तार वाहनों पर अंकुश लगाने की मांग की है।
सड़क सुरक्षा पर सवाल
यह हादसा पिलानी-चिड़ावा बाईपास पर सड़क सुरक्षा को लेकर सवाल खड़ा करता है। बाईपास पर भारी वाहनों की तेज रफ्तार अक्सर छोटे वाहनों के लिए खतरा बन जाती है। स्थानीय निवासी और छात्रों ने प्रशासन से बेहतर ट्रैफिक मैनेजमेंट और स्पीड कंट्रोल उपायों की अपील की है, ताकि ऐसे हादसे भविष्य में रोके जा सकें।