जालोर में गणपत सिंह हत्याकांड: 80 वर्षीय मां की भूख हड़ताल जारी, विधायक रविंद्र भाटी ने परिवार के सामने दी चक्का जाम की चेतावनी

जालोर के मांडोली में 27 अगस्त 2024 को व्यापारी गणपत सिंह की हत्या के 18 महीने बाद भी खुलासा न होने से पीड़ित परिवार कलेक्ट्रेट के बाहर धरने पर है। 80 वर्षीय मां हवा कंवर सहित परिजन भूख हड़ताल पर डटे हैं। शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने धरना स्थल पहुंचकर परिवार को समर्थन दिया और कहा कि यदि जल्द गिरफ्तारियां नहीं हुईं तो जालोर में इतिहास का सबसे बड़ा चक्का जाम होगा। परिवार पुलिस पर रात में दबाव बनाने का आरोप लगा रहा है और बिना न्याय के पीछे नहीं हटने की ठान रखी है। आंदोलन अब महापड़ाव में बदल गया है, समाज और नेता एकजुट हो रहे हैं।

Mar 15, 2026 - 12:08
जालोर में गणपत सिंह हत्याकांड: 80 वर्षीय मां की भूख हड़ताल जारी, विधायक रविंद्र भाटी ने परिवार के सामने दी चक्का जाम की चेतावनी

जालोर जिले के मांडोली गांव में हुए बहुचर्चित गणपत सिंह हत्याकांड का खुलासा 18 महीने बीत जाने के बावजूद नहीं हो पाया है। इस मामले में न्याय की मांग को लेकर पीड़ित परिवार जिला कलेक्ट्रेट के बाहर धरना-प्रदर्शन कर रहा है। धरने के 16वें दिन शनिवार शाम को शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी धरना स्थल पहुंचे, जहां परिवार उनके सामने भावुक होकर रो पड़ा। परिवार की बुजुर्ग मां हवा कंवर (80) ने कहा कि पुलिस रात के समय धरना समाप्त करने के लिए दबाव बनाती है, लेकिन वे बेटे के हत्यारों की गिरफ्तारी तक अन्न ग्रहण नहीं करेंगी।

हत्या की घटना का विवरण

व्यापारी गणपत सिंह (42 वर्ष), मांडोली नगर निवासी, 27 अगस्त 2024 की शाम अपनी दुकान से घर के लिए निकले थे। रात तक घर नहीं लौटने पर परिवार ने रामसीन थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। अगले दिन 28 अगस्त को सिकवाड़ा रोड पर एक सुनसान जगह उनकी लाश कीचड़ में औंधे मुंह पड़ी मिली। शव के सिर पर चोट के निशान थे और पास में उनकी बाइक गिरी हुई थी। दुकान से शव मिलने की जगह महज 500 मीटर दूर थी। पुलिस ने शुरू में हत्या की आशंका जताई, लेकिन अब तक मामले का कोई खुलासा नहीं हो सका और आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई।

परिवार का दर्द और आंदोलन

धरना स्थल पर गणपत सिंह की पत्नी भारती कंवर (40), मां हवा कंवर (80), भाई अभय सिंह (54), भाभी प्रकाश कंवर (45), भाभी धीरज कंवर (42) सहित अन्य परिजन मौजूद हैं। परिवार ने हाथ जोड़कर विधायक से न्याय की गुहार लगाई और कहा कि हत्यारों की गिरफ्तारी तक आंदोलन जारी रहेगा।

मृतक के भाई अभय सिंह ने बताया कि पहले भी परिवार ने 9 दिनों तक भूख हड़ताल की थी, लेकिन बिना खुलासे के धरना समाप्त करना पड़ा, जिसके बाद गांव में ताने मिले। इस बार वे बिना न्याय के पीछे नहीं हटेंगे। परिवार का आरोप है कि पुलिस रात में दबाव बनाकर धरना खत्म करवाने की कोशिश करती है।

80 वर्षीय मां हवा कंवर ने दृढ़ता से कहा, "बेटे के हत्यारों की गिरफ्तारी तक रोटी नहीं खाऊंगी।" अन्य सदस्यों ने कहा कि वे गणपत के बच्चों को पाल-पोसकर बड़ा करेंगे, लेकिन उनकी एकमात्र मांग है कि हत्या का सच सामने आए और दोषियों को सजा मिले।

विधायक रविंद्र भाटी का दौरा और बयान

शनिवार शाम करीब 7:30 बजे विधायक रविंद्र भाटी धरना स्थल पहुंचे। उन्होंने बुजुर्ग मां से भूख हड़ताल समाप्त करने का आग्रह किया और कहा कि उनकी जगह अन्य लोग अनशन पर बैठ सकते हैं। लेकिन मां ने इनकार कर दिया।

भाटी ने कहा, "यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि 80 साल की मां, पत्नी और छोटे बच्चे 16 दिनों से कलेक्ट्रेट के सामने भूख हड़ताल पर बैठे हैं। यह जिला प्रशासन और पुलिस की जिम्मेदारी है कि पीड़ित परिवार को जल्द न्याय दिलाया जाए। इस उम्र में एक मां को न्याय के लिए सड़कों पर बैठना पड़ रहा है, तो यह पूरे सिस्टम पर बड़ा सवाल है।"उन्होंने राजस्थान दिवस के जश्न पर भी सवाल उठाया कि जब जालोर में बुजुर्ग मां न्याय के लिए भूख हड़ताल पर है, तब जश्न मनाने वालों को अपनी अंतरात्मा से पूछना चाहिए कि प्रदेश के हालात क्या हैं।

प्रशासन को चेतावनी देते हुए भाटी ने कहा कि अब तक आंदोलन शांतिपूर्ण रखा गया है ताकि कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो। लेकिन यदि जल्द आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया, तो आंदोलन तेज किया जाएगा। यदि परिवार का इशारा हुआ तो वे खुद धरने पर बैठेंगे और जालोर में इतिहास का सबसे बड़ा चक्का जाम करवाएंगे।

वर्तमान स्थिति और आगे की योजना

धरने के 16वें दिन 5 लोग क्रमिक अनशन पर बैठे हैं, जिसमें बुजुर्ग मां और पत्नी शामिल हैं। तय किया गया है कि आगामी दिनों में प्रतिदिन 5-5 लोग क्रमिक अनशन करेंगे। धरना स्थल पर भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष रविंद्र सिंह बालावत, रानीवाड़ा के पूर्व विधायक नारायण सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और समर्थक मौजूद रहे।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.