कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा तक निकाला पैदल मार्च: अमेरिका-भारत ट्रेड डील में देशहित से समझौते के खिलाफ जोरदार नारेबाजी
राजस्थान विधानसभा में कांग्रेस विधायकों ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील के खिलाफ विधायक आवास से विधानसभा तक पैदल मार्च निकाला। "पीएम कॉम्प्रोमाइज्ड" टी-शर्ट पहनकर उन्होंने नारेबाजी की और आरोप लगाया कि यह डील अमेरिकी दबाव में हुई है, जिससे कृषि, डेयरी और किसानों को भारी नुकसान होगा। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा कि भारतीय हितों से समझौता किया गया है। यह विरोध बजट सत्र के दौरान हुआ, जबकि विपक्ष पंचायत चुनाव देरी जैसे अन्य मुद्दों पर भी सरकार को घेरने की तैयारी में है।
जयपुर, 26 फरवरी 2026: राजस्थान विधानसभा के बजट सत्र के बीच कांग्रेस विधायकों ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। गुरुवार सुबह कांग्रेस के विधायकों ने अपने आवास से विधानसभा भवन तक पैदल मार्च निकाला। इस मार्च के दौरान उन्होंने भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर केंद्र की मोदी सरकार पर देश के हितों से समझौता करने का गंभीर आरोप लगाया। विधायकों ने "पीएम कॉम्प्रोमाइज्ड" जैसी टी-शर्ट्स पहनकर और हाथों में पोस्टर-तख्तियां लेकर विरोध जताया, जिससे राजनीतिक माहौल गरमा गया।
विधानसभा की सीढ़ियों पर पहुंचकर कांग्रेस विधायकों ने जोरदार नारेबाजी की। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने स्पष्ट रूप से कहा कि अमेरिका से हुई ट्रेड डील में भारत के हितों का बिल्कुल ध्यान नहीं रखा गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका के दबाव में कृषि क्षेत्र और डेयरी उत्पादों का सामान भारत में सस्ते दामों पर आएगा, जिससे देश के किसानों और डेयरी उद्योग को भारी नुकसान होगा। जूली ने इसे किसानों के साथ अन्याय करार देते हुए कहा कि यह डील भारतीय किसानों की आय और बाजार को खतरे में डाल रही है।
यह प्रदर्शन कांग्रेस की देशव्यापी रणनीति का हिस्सा लगता है, जहां पार्टी विभिन्न राज्यों में इस ट्रेड डील के खिलाफ किसानों और व्यापारियों के हितों की रक्षा के लिए आंदोलन चला रही है। राजस्थान में यह विरोध बजट सत्र के दौरान और तीखा हो गया है, क्योंकि राज्य कृषि प्रधान है और किसान समुदाय यहां राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
विधानसभा में आज अनुदान मांगों पर आखिरी दिन की बहस
विधानसभा में गुरुवार को अनुदान मांगों पर बहस का अंतिम दिन था। प्रश्नकाल और शून्यकाल के बाद मुख्य रूप से ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग से जुड़ी अनुदान मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई। विपक्षी कांग्रेस ने इस दौरान सरकार को घेरने की पूरी तैयारी की। पार्टी पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव समय पर न करवाने, परिसीमन में राजनीतिक आधार पर वार्डों की संख्या बढ़ाने-घटाने जैसे मुद्दों पर जोरदार हमला बोलेगी। कांग्रेस का आरोप है कि सरकार पंचायत चुनावों में देरी कर अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश कर रही है, जबकि यह संवैधानिक प्रक्रिया को प्रभावित कर रहा है।
कल बजट पास होगा, सीएम बड़ी घोषणाएं कर सकते हैं
शुक्रवार (27 फरवरी) को राज्य का बजट पास किया जाएगा। इसके साथ ही एप्रोप्रिएशन बिल और फाइनेंस बिल भी पारित होंगे। शाम 5 बजे से मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा अप्रोप्रिएशन बिल पर बहस का जवाब देंगे। सूत्रों के अनुसार, इस दौरान वे नई भर्तियों, जिलों की लंबित मांगों और विधायकों से प्राप्त सुझावों के आधार पर कई बड़ी घोषणाएं कर सकते हैं। इससे पहले नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली अपना भाषण देंगे, जिसमें वे सरकार की नीतियों पर तीखी टिप्पणी कर सकते हैं।
दोपहर बाद विधानसभा स्पीकर की अध्यक्षता में कार्य सलाहकार समिति (BAC) की बैठक भी हुई, जिसमें पंचायती राज संशोधन बिल, नगरपालिका संशोधन बिल और डिस्टर्ब एरिया बिल जैसे महत्वपूर्ण विधेयकों को होली के बाद पारित करने की तारीख तय की गई।